पाकिस्तान में सिख धर्म के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में से एक करतारपुर साहिब करतारपुर, जिला नारोवल, पाकिस्तान में स्थित है। यह वही स्थान हैं जहां 22 सितंबर 1539 को सिख धर्म के संस्थापक श्री गुरु नानक देव जी ज्योति ज्योत (उनका निधन हुआ था) समाए थे। सिखों की इस धार्मिक स्थल से बेहद आस्था जुड़ी है।सिखों द्वारा गुरु नानक देव जी से जुड़े धार्मिक स्थल करतारपुर साहिब को भारतीय सिखों के लिए खोल देने की मांग की जा रही थी। पाकिस्तान ने इस कॉरिडोर को मंजूरी दे दी है। Read More
16 अप्रैल को भारत और पाकिस्तान ने प्रस्तावित गलियारे के तकनीकी पहलुओं पर बैठक का आयोजन किया था। करीब चार घंटे चली बैठक में दोनों देशों के विशेषज्ञों और तकनीशियनों ने पुल के पूरा होने के समय, सड़कों की रूपरेखा एवं प्रस्तावित चौराहों के इंजीनियरिंग पहल ...
भारत ने पाकिस्तान से करतारपुर परियोजना को लेकर कई मुद्दों पर सफाई भी मांगी। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा, ‘‘हमने कई मुद्दों पर पाकिस्तान से स्पष्टीकरण मांगे हैं।’’ ...
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए एक वरिष्ठ प्रतिनिधि ने कहा कि यह पाक प्रधानमंत्री इमरान खान के नए पाक, नया वादा के दावे की पोल खोलने के साथ ही यह साबित करता है कि वहां पर सेना का ही हुक्म चलता है। ...
बैठक में भारत ने पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल के सामने यह मांग उठाई । पंजाब के गुरदासपुर जिले एवं सीमा पार स्थित करतारपुर साहिब के बीच नियोजित गलियारे को खोलने पर चर्चा करने के लिए यह बैठक हुई। ...
पिछले साल 2018 नवंबर में भारत और पाकिस्तान ऐतिहासिक गुरद्वारा दरबार साहिब को गुरदासपुर स्थित डेरा बाबा नानक से जोड़ने के लिए करतारपुर गलियारे का निर्माण करने पर सहमत हुए थे। ...
तनाव के इस माहौल में वार्ता, आतंक या सीमा पर तनाव कम करने के लिए नहीं, बल्कि सिख श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े करतारपुर साहिब गलियारे के तौर तरीके संबंधी मसौदे पर चर्चा के लिए होगी। बैठक अटारी-वाघा बॉर्डर (भारत की ओर का सीमा क्षेत्न) में होगी। ...
गौरतलब है कि बृहस्पतिवार को कुरैशी ने कहा था कि प्रधानमंत्री खान ने ऐतिहासिक करतापुर कॉरिडोर के शिलान्यास समारोह में भारत सरकार की उपस्थिति को सुनिश्चित करने के लिए एक ‘‘गुगली’’ फेंकी। ...