पाकिस्तान में सिख धर्म के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में से एक करतारपुर साहिब करतारपुर, जिला नारोवल, पाकिस्तान में स्थित है। यह वही स्थान हैं जहां 22 सितंबर 1539 को सिख धर्म के संस्थापक श्री गुरु नानक देव जी ज्योति ज्योत (उनका निधन हुआ था) समाए थे। सिखों की इस धार्मिक स्थल से बेहद आस्था जुड़ी है।सिखों द्वारा गुरु नानक देव जी से जुड़े धार्मिक स्थल करतारपुर साहिब को भारतीय सिखों के लिए खोल देने की मांग की जा रही थी। पाकिस्तान ने इस कॉरिडोर को मंजूरी दे दी है। Read More
भारतीय सिख श्रद्धालु इससे वीजा मुक्त आवाजाही कर पाएंगे. 'दि न्यूज' के मुताबिक, पंजाब के गवर्नर चौधरी मोहम्मद सरवर ने मंगलवार को करतारपुर में गुरुद्वारा दरबार साहिब के लिए जमीन आवंटन 3 एकड़ से बढाकर 42 एकड़ करने की घोषणा की. ...
प्रधानमंत्री इमरान खान के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए करतारपुर गलियारे का 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और उम्मीद है कि इस साल गुरु नानक की 550वीं जयंती के पहले इसे पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जतायी कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी क ...
करतारपुर गलियारे को संचालित करने पर भाजपा और पाकिस्तान के बीच सैद्धांतिक सहमति हो गई है. इस्लामाबाद ने विश्वास दिलाया है कि वह करतारपुर गुरुद्वारे के नाम पर चलने वाली हर भारत-विरोधी गतिविधि पर प्रतिबंध लगाएगा. ...
भारत की चिंताओं से जुड़ा एक दस्तावेज पाकिस्तान को सौंपा गया है, जिस पर पड़ोसी देश ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि भारत विरोधी किसी भी गतिविधि की इजाजत नहीं दी जाएगी। ...
हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले में रविवार को एक बहुमंजिला इमारत के ढह जाने पर सेना के कुछ जवानों सहित 35 से अधिक लोगों के मलबे में फंसे होने की आशंका है। जिले के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि नाहन-कुमारहट्टी मार्ग पर स्थित यह इमारत भार ...
करतारपुर साहिब को सिख धर्म के संस्थापक गुरू नानक देव ने 1522 में स्थापित किया था। करतारपुर साहिब सिखों के प्रथम गुरु, गुरुनानक देव जी का अंतिम निवास स्थान भी रहा है। ...
भारत ने पाकिस्तान से मांग की है कि 5,000 तीर्थयात्रियों को हर रोज गलियारे का उपयोग कर गुरुद्वारा करतारपुर साहिब जाने की अनुमति दी जाए। जिसके लिए पाकिस्तान राजी हो गया है। ...