लाइव न्यूज़ :

आज का पंचांग 11 जनवरी 2025: जानें आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय

By रुस्तम राणा | Updated: January 11, 2025 06:01 IST

Aaj Ka Panchang 11 January 2025: आज का पंचांग, आज की तिथि, वार, नक्षत्र, करण, योग के साथ-साथ अभिजीत मुहुर्त, राहुकाल, सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, चंद्रास्त, चंद्र राशि, सूर्य राशि के बारे में जानकारी देता है।

Open in App

Today Panchang | आज का पंचांग, 11 जनवरी, 2025

सूर्योदय

07:14 ए एम

 
सूर्यास्त05:42 पी एम 
चंद्रोदय02:59 पी एम 
चंद्रास्त05:52 ए एम, जनवरी 12 
तिथि

द्वादशी, 08:21 ए एम तक

त्रयोदशी, 06:33 ए एम, जनवरी 12 तक

चतुर्दशी

 
वारशनिवार 
चंद्र मास (अमांत)पौष 
चंद्र मास (पूर्णिमांत)पौष 
पक्षशुक्ल 
चंद्र राशि

वृषभ, 11:55 पी एम तक

मिथुन

 
सूर्य राशिधनु 
ऋतुशिशिर 
नक्षत्र

रोहिणी, 12:29 पी एम तक

मृगशिरा

 
योग

शुक्ल, 11:49 ए एम तक

ब्रह्म

 
करण

बालव, 08:21 ए एम तक

कौलव, 07:25 पी एम तक

तैतिल, 06:33 ए एम, जनवरी 12 तक

गर

 
ब्रह्म मुहूर्त05:26 ए एम से 06:20 ए एम 
अभिजीत मुहूर्त12:07 पी एम से 12:49 पी एम 
गोधूलि मुहूर्त05:40 पी एम से 06:07 पी एम 
अमृत काल09:27 ए एम से 10:58 ए एम 
सर्वार्थ सिद्धि योग07:14 ए एम से 12:29 पी एम 
विजय मुहूर्त02:13 पी एम से 02:55 पी एम 
निशिता मुहूर्त12:01 ए एम, जनवरी 12 से 12:55 ए एम, जनवरी 12 
अमृत सिद्धि योग07:14 ए एम से 12:29 पी एम 
राहुकाल09:51 ए एम से 11:10 ए एम 
विक्रमी संवत्2081 
शक संवत्1945  शोभकृत 

हिन्दू धर्म में किसी भी शुभ कार्य के लिए मुहूर्त का विचार अवश्य किया जाता है। शादी-ब्याह, ग्रह प्रवेश, नवीन कार्य आदि अनुष्ठान पंडितों, ज्योतिषियों से पूछकर किए जाते हैं। ऐसे ही दैनिक जीवन में शुभ कार्य के लिए भी पंचांग देखा जाता है। दैनिक जीवन में कौनसा समय आपके लिए शुभ होगा और कौनसा समय आपके लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगा। ये जानकारी आपको आज का पंचांग के माध्यम से प्राप्त होती है। आज का पंचांग, आज की तिथि, वार, नक्षत्र, करण, योग के साथ-साथ मुहुर्त, राहुकाल, सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, चंद्रास्त, चंद्र राशि, सूर्य राशि के बारे में जानकारी देता है। 

क्या होता है पंचांग? 

हिन्दू शास्त्र के अनुसार, पंचांग पांच अंगों से मिलकर बना होता है। ये पांच अंग तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार हैं। हिन्दू धार्मिक परंपरा में किसी भी शुभ मुहूर्त को निकालने के लिए पंचांग का प्रयोग किया जाता है। पंचांग के परामर्श के बिना शुभ कार्य जैसे शादी, नागरिक सम्बन्ध, महत्वपूर्ण कार्यक्रम, उद्घाटन समारोह, परीक्षा, साक्षात्कार, नया व्यवसाय या अन्य किसी तरह के शुभ कार्य नहीं किये जाते हैं।

शुभ मुहूर्त निकालने में पंचांग की भूमिका

जैसा कि प्राचीन समय से बताया गया है कि हर क्रिया के विपरीत प्रतिक्रिया होती है। इसी तरह जब कोई व्यक्ति पर्यावरण के अनुरूप कार्य करता है तो पर्यावरण प्रत्येक व्यक्ति के साथ समान तरीके से कार्य करता है। एक शुभ कार्य प्रारम्भ करने से पहले महत्वपूर्ण तिथि का चयन करने में हिन्दू पंचांग मुख्य भूमिका निभाता है।

ग्रह और नक्षत्र की चाल पर आधारित होती है गणना

भारतीय पंचांग ग्रह और नक्षत्र की चाल पर आधारित है, जिसकी गणना सटीक होती है। यही कारण है कि हिन्दू संस्कृति में शादी-मुंडन, गृह प्रवेश सहित सोलह संस्कार एवं महत्वपूर्ण कार्यक्रम, उद्घाटन समारोह, नया व्यवसाय या अन्य किसी तरह के शुभ कार्य के लिए पंचांग से शुभ मुहुर्त निकाला जाता है। 

टॅग्स :आज का पंचांगज्योतिषीय संकेतज्योतिष शास्त्र
Open in App

संबंधित खबरें

पूजा पाठGrah Gochar April 2026: अप्रैल में 4 राशिवालों के लिए बनेंगे कई राजयोग, ये ग्रह गोचर दे रहे हैं शुभ संकेत

पूजा पाठPanchang 03 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 03 April 2026: आज अवसर का लाभ उठाएंगे कर्क राशि के लोग, जानें अन्य सभी राशियों का भविष्य

पूजा पाठPanchang 02 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 02 April 2026: आज पूर्णिमा पर इन 6 राशियों की कटेगी चांदी, शुभ समाचार मिलने की संभावना

पूजा पाठ अधिक खबरें

पूजा पाठगुड फ्राइडे : क्रूस पर इंसानियत का देवता

पूजा पाठBaisakhi 2026: सिर्फ पंजाब ही क्यों? भारत के इन 5 शहरों में भी दिखती है बैसाखी की रौनक, चेक करें बेस्ट स्पॉट्स

पूजा पाठHanuman Jayanti Puja Muhurat 2026: नोट कर लें बजरंगबली की पूजा के ये 2 सबसे शुभ मुहूर्त, बरसेगी पवनपुत्र की कृपा

पूजा पाठHanuman Jayanti 2026: बिना तामझाम ऐसे करें बजरंगबली की पूजा, चमक जाएगी आपकी किस्मत

पूजा पाठभगवान हनुमान के अवतार माने जाते हैं बाबा नीम करोली?, कैंची में बनाया अपना धाम, हर साल जाते हैं करोड़ों लोग?