लाइव न्यूज़ :

Asian Games: बचपन में सिविल सर्विस में जाना चाहती थीं राही सरनोबत, एक हफ्ते की ट्रेनिंग के बाद बनीं शूटर

By सुमित राय | Updated: August 22, 2018 16:26 IST

Asian Games: 18वें एशियन गेम्स में भारत की राही जीवन सरनोबत ने महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल निशानेबाजी स्पर्धा में गोल्ड मेडल अपने नाम किया।

Open in App

जकार्ता, 22 अगस्त। इंडोनेशिया के जकार्ता और पालेमबांग में चल रहे 18वें एशियन गेम्स में भारत की राही जीवन सरनोबत ने महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल निशानेबाजी स्पर्धा में गोल्ड मेडल अपने नाम किया। राही एशियाई खेलों में निशानेबाजी में स्वर्ण पदक जीतने वाली पहली महिला खिलाड़ी हैं।

रोमांचक मुकाबले में दर्ज की जीत

फाइनल मुकाबले में राही ने रोमांचक मुकाबले में थाईलैंड की निशानेबाज नापस्वान यांगपाईबून को शूटऑफ में 3-2 से हराया। मुकाबला इतना रोचक हुआ कि गोल्ड और सिल्वर मेडल का फैसला दो शूटऑफ में निकला। फाइनल राउंड में राही और नापस्वान का स्कोर 34-34 था, जिसके बाद मुकाबला शूटऑफ में गया।

भारत को मिला चौथा गोल्ड

यह भारत का मौजूदा टूर्नामेंट में चौथा गोल्ड है और इसके साथ भारत के मेडलों की संख्या 11 हो गई है। इससे पहले बजरंग पूनिया और विनेश फोगाट ने फ्री-स्टाइल कुश्ती में, जबकि सौरभ चौधरी ने 10 मीटर एयर पिस्टल शूटिंग में गोल्ड मेडल अपने नाम किया था।

2010 कॉमनवेल्थ में जीता था 2 गोल्ड

27 साल की सरनोबत ने पिछली बार इंचियोन में खेले गए एशियन गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था, लेकिन इस बार उन्होंने सीधा गोल्ड पर निशाना लगाया। सरनोबत ने अपना पहला गोल्ड मेडल साल 2008 में पुणे में आयोजित कॉमनवेल्थ यूथ गेम्स में जीता था। इसके बाद उन्होंने साल 2010 में दिल्ली में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में दो गोल्ड जीते थे।

ISSF वर्ल्ड कप में जीता था गोल्ड

साल 2014 कॉमनवेल्थ गेम्स में राही ने महिला 25 मीटर पिस्टल कैटेगिरी में गोल्ड जीता था। इसके अलावा उन्होंने चैंगवोन में आयोजित किए गए ISSF वर्ल्ड कप में 25 मीटर पिस्टल इवेंट में गोल्ड जीता था।

कंधे की चोट के कारण एक साल का ब्रेक

राही सरनोबत ने 2010 और 2014 कॉमनवेल्थ के बाद शानदार फॉर्म में थीं और 2014 एशियन गेम्स में भी गोल्ड अपने नाम किया, लेकिन इसके बाद उनको कंधे की चोट के कारण एक साल तक खेल से बाहर रहना पड़ा और उनके फॉर्म में गिरावट आ गई। दिसंबर 2016 में राही ने वापसी की और प्रतिस्पर्धाओं में भाग लेना शुरू किया।

सिविल सर्विस में जाना चाहती थीं राही

राही बचपन से ही सिविल सर्विसेज में जाना चाहती थीं और इसमें ही करियर बनाना चाहती थीं। एक इंटरव्यू में राही ने बताया था कि सिविल सर्विस मुझे पसंद है और हो सकता है मैं बाद में सिविल सर्विसेज में ट्राय करूं, लेकिन शूटिंग हमेशा मेरी प्राथमिकता रहेगी।

शूटिंग में कैसे आया इंट्रेस्ट

1990 में पैदा हुई राही जीवन सरनोबत महाराष्ट्र के कोल्हापुर की रहनेवाली हैं और उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई कोल्हापुर से ही की है। 10वीं पास करने के बाद राही क्रैश कोर्स करना चाह रही थी और इसलिए उन्होंने शूटिंग में एक हफ्ते का कोर्स किया और इसके बाद उनको शूटिंग में इंट्रेस्ट आने लगा। इसके बाद उन्होंने ट्रेनिंग शुरू की।

टॅग्स :एशियन गेम्सनिशानेबाजी
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टHaryana: अस्पताल के बाहर फायरिंग से मचा कोहराम, शख्स की मौत; रोहतक में बदमाशों का कहर

विश्वकनाडा में स्कूल में गोलीबारी से दहशत, 9 लोगों की मौत; दर्जनों घायल

बॉलीवुड चुस्कीगैरेज मैकेनिक बनकर बिश्नोई गैंग को हथियार सप्लाई करता था आसाराम फासले, रोहित शेट्टी फायरिंग केस में पुलिस का खुलासा

विश्वGaddafi Son Dead: लीबिया के पूर्व तानाशाह मुअम्मर गद्दाफी के बेटे सैफ अल-इस्लाम की हत्या, घर में घुसकर मारी गोली

बॉलीवुड चुस्कीरोहित शेट्टी के घर फायरिंग मामले में बिश्नोई गैंग का नाम आया सामने, पुलिस ने किए चौंकाने वाले खुलासे

अन्य खेल अधिक खबरें

अन्य खेलपुरुष हॉकी वर्ल्ड कप में एक ही ग्रुप में भारत-पाकिस्तान, मैदान में फिर भिड़ेंगी दोनों टीमें; जानें कब और कहाँ होगा महामुकाबला

अन्य खेलकश्मीर में टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए गुलमर्ग छठे खेलो इंडिया विंटर गेम्स 2026 के लिए तैयार

अन्य खेलएथलीट पीटी उषा के पति का निधन, 67 की उम्र में वी श्रीनिवासन ने ली अंतिम सांस

अन्य खेलतेजी से बदलती दुनिया में निजता का गंभीर सवाल...!

अन्य खेलविंटर ओलंपिक: बर्फ-गर्मी के बीच मुकाबला!