प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मिले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, आखिर क्या है वजह
By सतीश कुमार सिंह | Updated: January 5, 2026 14:23 IST2026-01-05T14:16:34+5:302026-01-05T14:23:17+5:30
30 दिसंबर को लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास पर हुई भाजपा की कोर कमेटी की बैठक में राज्य मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने वाले संभावित नामों पर चर्चा हुई।

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नई दिल्लीः उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को यहां प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की।’’ लद्दाख के उपराज्यपाल कविन्दर गुप्ता ने भी प्रधानमंत्री से मुलाकात की। पीएमओ ने एक अन्य पोस्ट में कहा, ‘‘लद्दाख के उपराज्यपाल, कविन्दर गुप्ता ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात की।’’ उत्तर प्रदेश में हाल ही में नए प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी की नियुक्ति हुई है और कैबिनेट विस्तार की बात चल रही है।
आज नई दिल्ली में आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी से शिष्टाचार भेंट कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया।
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) January 5, 2026
आपका पाथेय 'नए उत्तर प्रदेश' की विकास यात्रा को और अधिक गति प्रदान करने हेतु सदैव नवीन ऊर्जा का संचार करता है।
अपना बहुमूल्य समय प्रदान करने हेतु हार्दिक आभार… pic.twitter.com/bQmGojpojB
सीएम योगी ने एक्स पर लिखा है कि आज नई दिल्ली में आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी से शिष्टाचार भेंट कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया। आपका पाथेय 'नए उत्तर प्रदेश' की विकास यात्रा को और अधिक गति प्रदान करने हेतु सदैव नवीन ऊर्जा का संचार करता है। अपना बहुमूल्य समय प्रदान करने हेतु हार्दिक आभार प्रधानमंत्री जी।
बिहार और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा तेज़ हो रही है, वहीं उत्तर प्रदेश में भी मंत्रिमंडल फेरबदल की तैयारियां चल रही हैं। सूत्रों ने बताया कि 30 दिसंबर को लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास पर हुई भाजपा की कोर कमेटी की बैठक में राज्य मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने वाले संभावित नामों पर चर्चा हुई।
भाजपा के नवनियुक्त अध्यक्ष पंकज चौधरी भी बैठक में मौजूद थे और बाद में उन्होंने दिल्ली में पार्टी नेतृत्व के साथ इस पर विचार-विमर्श किया। उत्तर प्रदेश सरकार में वर्तमान में मुख्यमंत्री समेत 54 मंत्री हैं, जबकि अधिकतम अनुमत संख्या 60 है। 2027 के चुनाव से पहले यह अंतिम मंत्रिमंडल विस्तार होने की संभावना है। इसलिए, यह प्रक्रिया क्षेत्रीय संतुलन और विभागों के युक्तिकरण पर केंद्रित है।
Chief Minister of Uttar Pradesh, Shri @myogiadityanath, met Prime Minister @narendramodi.@CMOfficeUPpic.twitter.com/N0CuzsTSXo
— PMO India (@PMOIndia) January 5, 2026
मुख्यमंत्री और राज्य पार्टी अध्यक्ष दोनों पूर्वी उत्तर प्रदेश से होने के कारण पश्चिमी उत्तर प्रदेश और बुंदेलखंड के नेताओं को अधिक प्रतिनिधित्व मिलने की उम्मीद है। भाजपा के निवर्तमान राज्य अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अन्य नेता भी संभावित उम्मीदवारों में शामिल हैं। पार्टी अनुसूचित जाति के प्रतिनिधित्व को बढ़ाने पर भी विचार कर रही है।
क्योंकि वर्तमान नेतृत्व में उच्च जातियों और अन्य पिछड़ा वर्ग के नेताओं का दबदबा अधिक है। नोएडा के विधायक पंकज सिंह के नाम पर भी संभावित उम्मीदवार के रूप में चर्चा चल रही है। वहीं, एनडीए के सहयोगी दलों ने मंत्रिमंडल में अतिरिक्त पदों की मांग की है, हालांकि भाजपा ने संकेत दिया है कि यह फेरबदल मुख्य रूप से आंतरिक प्रक्रिया है।
Lieutenant Governor of Ladakh, Shri @KavinderGupta met Prime Minister @narendramodi.@lg_ladakhpic.twitter.com/4xchwqT9HP
— PMO India (@PMOIndia) January 5, 2026