लखनऊः शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के गौ माता प्रतिष्ठा संकल्प महासभा के खत्म होने के बाद गुरुवार को समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने लखनऊ में प्रवास कर रहे शंकराचार्य से मुलाकात की. यहां के कृष्णा नगर स्थित शंकराचार्य के प्रवास स्थल पर करीब एक घंटे तक अखिलेश यादव ने शंकराचार्य के सामने जमीन पर बैठकर शंकराचार्य का संबोधन को सुना. शंकराचार्य से मिलकर बाहर आने पर अखिलेश यादव ने मीडियाकर्मियों से वह शंकराचार्य का आशीर्वाद लेने आए थे और अब उनके आशीर्वाद से नकली संतों का अंत होगा.
अब वे भी बेनकाब होंगे जो धर्म के नाम पर लोगों को गुमराह करते है. सबका सच सामने का जाएगा. वही शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने अखिलेश यादव से हुई मुलाकात पर प्रसन्नता व्यक्त की और सब लोग मिलने आ रहे हैं लेकिन अभी तक सरकार का कोई प्रतिनिधि मिलने नहीं आया है. उन्होंने यह भी कहा जब हम हिंदू की बात करते हैं तो वही (भाजपा नेता) नहीं आते, बाकी सब आते हैं.
सपा हमेशा से गो संरक्षण के पक्ष में
शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने बुधवार को लखनऊ में अपनी 40 दिन की गो प्रतिष्ठार्थ धर्मयुद्ध यात्रा का समापन किया था. इस दौरान उन्होंने गो-रक्षा के लिए धर्मयुद्ध का ऐलान करते हुए एक नई ‘चतुरंगिणी’ व्यवस्था बनाने की घोषणा की है. यह भी कहा था कि संत समाज साधु-संतों और अनुयायियों के साथ गांव-गांव जाकर लोगों को जागरूक करेगा.
लोगों को बताया जाएगा कि जो गाय की रक्षा के साथ खड़ा हो, जनता उसी का समर्थन करे. यह अभियान में किसी राजनीतिक दल के समर्थन में नहीं होगा, बल्कि लोगों को तथ्यों के आधार पर जागरूक किया जाएगा. शंकराचार्य के इस ऐलान के बाद गुरुवार को अखिलेश यादव पूर्व सांसद अनु टंडन के साथ उनसे मिलने के लिए उनके प्रवास स्थल पर पहुंच गए.
अखिलेश यादव का कहना है कि मैं शंकराचार्य से मिलकर उनका आशीर्वाद लेने आया था. हमारे यहां परंपरा रही है कि जब की कोई नया काम शुरू किया जाता है तो सबसे पहले संत महात्माओं का आशीर्वाद लिया जाता है. मैं भी इसी भावना के साथ उनके पास आया. संतों का आशीर्वाद हमेशा समाज और देश के लिए शुभ होता है, इससे सकारात्मक ऊर्जा मिलती है.
हमारी इस मुलाक़ात के राजनीतिक निहतार्थ न निकाले जाए. अखिलेश ने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार के समय गायों की सेवा और संरक्षण को लेकर उन्होंने कई फैसले लिए गए थे और भविष्य में भी पार्टी इस दिशा में काम करती रहेगी. गाय के दूध का पहला प्लांट समाजवादी पार्टी सरकार के समय कन्नौज में स्थापित किया गया था. भविष्य में भी गाय की सेवा के लिए जो कुछ कर सकते हैं वह करेंगे.
एलपीजी की उपलब्धता सुनिश्चित करे सरकार
यह दावा करते हुए अखिलेश यादव ने केंद्र और प्रदेश सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए. इसी क्रम में उन्होंने प्रदेश की मौजूदा सरकार और मुख्यमंत्री योगी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पिछले कुछ दिनों से राज्य में सरकार ठीक तरह से नहीं चल रही है. अखिलेश ने यह दावा किया कि हाल ही में हुई एक बैठक में दोनों डिप्टी सीएम को बाहर जाने की सलाह देने की बात सामने आई है,
ताकि वे जनता के बीच जाकर स्थिति समझ सकें. हो सकता है जनता के बीच में जाएं तो जीते ही ना. अखिलेश ने एलपीजी की उपलब्धता के मुद्दे पर केंद्र और राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि गलत नीतियों की वजह से लोगों को फिर से लकड़ी के चूल्हे पर खाना बनाने की नौबत आ सकती है.
जनता परेशान है केंद्र और राज्य सरकार को बयान देने के बजाय लोगों को रसोई गैस उपलब्ध कराने की ठोस व्यवस्था करनी चाहिए. उन्होने जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला पर हुए हमले की कोशिश पर प्रतिक्रिया देते हुए यह कहा कि इस तरह की घटनाएं नहीं होनी चाहिए और उन्हें पर्याप्त सुरक्षा मिलनी चाहिए.