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नेपाल-भारत तनावः चीन के शह पर ओली सरकार ने की नापाक हरकत, सड़क निर्माण कार्य को रोका, तनावपूर्ण

By एस पी सिन्हा | Updated: July 8, 2020 16:42 IST

नेपाल पुलिस भारतीय क्षेत्र की 20 मीटर जमीन पर अपना दावा ठोक रही थी. सड़क का निर्माण भिठ्ठामोड चौक से नो मेंस लैंड तक हो रहा है. प्राप्त जानकारी के अनुसार नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (नेपाल पुलिस) ने भारतीय सीमा क्षेत्र की 20 मीटर जमीन पर अपना दावा ठोका है.

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ठळक मुद्देसड़क निर्माण रुकने के बाद वहां तनाव बढ़़ने लगा है. निर्माण एजेंसी के कर्मियों के साथ-साथ काम कर रहे मजदूर और स्थानीय व्यवसायी भी उग्र हो गए. दोनों तरफ के जवान बॉर्डर पर जमने लगे. एसएसबी जवानों ने स्थिति संभालते हुए लोगों को यह कहकर शांत किया कि वरीय अधिकारी बात कर मामले को निपटा लेंगे. बॉर्डर पर तैनात एसएसबी के द्वितीय सेनानायक नवीन कुमार ने बताया कि नेपाल पुलिस ने सड़क निर्माण पर आपत्ति जताई है.

पटनाः नेपाल की नापाक हरकतें जारी है. एक बार फिर नेपाल ने भारत की जमीन पर अपना दावा ठोका है. बिहार में सीतामढ़ी के भिट्ठामोड के पास हो रहे सड़क निर्माण कार्य को नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (नेपाल पुलिस) ने रोक दिया है.

नेपाल पुलिस भारतीय क्षेत्र की 20 मीटर जमीन पर अपना दावा ठोक रही थी. सड़क का निर्माण भिठ्ठामोड चौक से नो मेंस लैंड तक हो रहा है. प्राप्त जानकारी के अनुसार नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (नेपाल पुलिस) ने भारतीय सीमा क्षेत्र की 20 मीटर जमीन पर अपना दावा ठोका है.

सड़क निर्माण रुकने के बाद वहां तनाव बढ़़ने लगा है. निर्माण एजेंसी के कर्मियों के साथ-साथ काम कर रहे मजदूर और स्थानीय व्यवसायी भी उग्र हो गए. स्थिति बिगड़ते देख दोनों तरफ के जवान बॉर्डर पर जमने लगे. एसएसबी जवानों ने स्थिति संभालते हुए लोगों को यह कहकर शांत किया कि वरीय अधिकारी बात कर मामले को निपटा लेंगे.

बॉर्डर पर तैनात एसएसबी के द्वितीय सेनानायक नवीन कुमार ने बताया कि नेपाल पुलिस ने सड़क निर्माण पर आपत्ति जताई है. बातचीत के बाद भी कोई हल नहीं निकला है. पूरे घटनाक्रम की जानकारी वरीय अधिकारी को दे दी गई है. दोनों देश के अधिकारी बात कर इसका हल निकालेंगे.

वहीं, रक्सौल में-भारत-नेपाल मैत्री पुल के बीच में आकर नेपाली प्रशासन द्वारा सीमा पर बोर्ड लगा दिया गया. इसके बाद सीमा पर तैनात जवान हरकत में आए. इससे पहले भी यहां पर नेपाल की ओर से बोर्ड लगाया गया था. भारत के विरोध के बाद उससे हटा लिया गया था. लेकिन फिर से नेपाल की ओर से बोर्ड लगा दिया गया.

हालांकि विवाद बहुत बड़ा नहीं है, लेकिन यह जरूर है कि इस जगह पर नेपाल ने कभी आपत्ति नहीं जताई थी. अब जब विवाद सामने आया है तो एक बार फिर इस जगह की नापी करवाई जाएगी और विवाद का हल निकाल लिया जाएगा.

भिठ्ठा ओपी प्रभारी राजेश कुमार ने बताया कि पहल करने के बावजूद निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया. एसएसबी के अधिकारियों ने बॉर्डर पर वार्ता की है. वहीं, इस संबंध में सीतामढ़ी के एसपी अनिल कुमार ने कहा कि प्रोटोकॉल के अनुसार मामले का समाधान निकाला जा रहा है.

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