लाइव न्यूज़ :

दिल्ली की इस सीट पर वापसी के लिए संघर्ष कर रही है कांग्रेस, पार्टी के पुराने महारथी एक बार फिर मैदान में!

By स्वाति सिंह | Updated: May 1, 2019 10:31 IST

पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट साल  2008 परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई थी। इसके बाद यहां पहला लोकसभा चुनाव 2009 में हुआ था। अब तक इस सीट पर केवल दो बार ही चुनाव हुए हैं, जिसमें 2009 में कांग्रेस के महाबल मिश्रा, जबकि 2014 में बीजेपी के प्रवेश वर्मा ने जीत दर्ज की थी।

Open in App
ठळक मुद्दे2014 लोकसभा चुनाव में पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट पर बीजेपी का परचम लहराया था।इस सीट पर बीजेपी के प्रवेश साहिब सिंह वर्मा, आप के जनरैल सिंह, कांग्रेस के दिग्गज महाबल मिश्रा ने चुनाव लड़ा था।

दिल्ली की सात लोकसभा सीटों में से एक पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट पर बीजेपी के प्रवेश साहिब का कब्ज़ा है। लोकसभा चुनाव 2019 के लिए इस सीट पर सभी पार्टियों के महारथी मैदान में उतरे हैं। बीजेपी ने जहां एक बार फिर अपने पुराने सांसद प्रवेश शर्मा पर भरोसा जताया है तो वही कांग्रेस ने इस बार अपने पुराने उम्‍मीदवार महाबल मिश्रा को यहां से प्रत्‍याशी घोषित किया है। जबकि आम आदमी पार्टी ने इस सीट पर नए उम्‍मीदवार बलबीर सिंह जाखड़ को उतारा है। यहां तीनों पार्टियों के बीच तगड़ा मुकाबला है। ऐसे में यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि यह सीट किसके खाते में जाएगी। 

कांग्रेस के महाबल मिश्रा की चुनौती  

कांग्रेस के नेता को साल 2009 में पूर्वांचल वोटरों ने अपना नेता माना था और इनकी जीत हुई थी। लेकिन बीते चुनाव में वोटर की बेरुखी के कारण यह तीसरे स्थान रहे। महाबल मिश्रा ने इस इलाके से पहले पार्षद का चुनाव लड़ा था, इसके बाद वह यहां से एमएलए बने और फिर सांसद। इस बार उनके सामने बड़ा चैलेंज बीजेपी के प्रवेश वर्मा जैसे मजबूत प्रतिद्वंदी का होना है। यह इलाका पूर्वांचल के अलावा जाट, पंजाबी, सिख, वोटरों के की संख्या वाला है। हालांकि यहां जातीय समीकरण को तोड़ना और उन्हें अपने पक्ष में करना तीनों ही पार्टियों के लिए बड़ी चुनौती मानी जा रही है।

पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट का परिचय 

पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट साल  2008 परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई थी। इसके बाद यहां पहला लोकसभा चुनाव 2009 में हुआ था। अब तक इस सीट पर केवल दो बार ही चुनाव हुए हैं, जिसमें 2009 में कांग्रेस के महाबल मिश्रा, जबकि 2014 में बीजेपी के प्रवेश वर्मा ने जीत दर्ज की थी। साल 2008 से पहले इसे आंशिक रूप से बाहरी दिल्ली संसदीय क्षेत्र में और आंशिक रूप से दक्षिण दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र में शामिल किया गया था।  

साल 2009 में हुए लोकसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी महाबल मिश्रा ने लगभग 55% वोट हासिल किए थे। उन्होंने बीजेपी के जगदीश मुखी को करीब एक लाख बीस हज़ार से ज्यादा वोटों से हाराया था। हालांकि 2014 के चुनावों में मोदी लहर के कारण आम आदमी पार्टी के उदय दूसरे तो कांग्रेस कैंडिडेट महाबल तीसरे नंबर पर खिसक गए थे। 

इस लोकसभा सीट में 10 विधानसभा क्षेत्र हैं, जिसमें मादीपुर, जनकपुरी, द्वारका, राजौरी गार्डन, विकासपुरी, हरिनगर, उत्तम नगर, नज़फगढ़, मटिआला और तिलक नगर शामिल हैं। इस क्षेत्र में दिल्ली के जनकपुरी, तिलक नगर, पंजाबी बाग और पटेल नगर जैसे विशाल आवासीय और वाणिज्यिक क्षेत्र आते हैं। 

2014 का जनादेश

2014 लोकसभा चुनाव में पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट पर बीजेपी का परचम लहराया था। इस सीट पर बीजेपी के प्रवेश साहिब सिंह वर्मा, आम आदमी पार्टी के जनरैल सिंह और कांग्रेस के दिग्गज महाबल मिश्रा चुनाव लड़ा था।

प्रवेश साहिब सिंह वर्मा को 437938 वोट मिले थे। जबकि जनरैल सिंह 268586 वोटों से चुनाव हार गए थे।वहीं कांग्रेस के महाबल मिश्रा 193266 वोटों के साथ तीसरे पायदान पर रहे।

टॅग्स :लोकसभा चुनावदिल्ली लोकसभा चुनाव 2019भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)आम आदमी पार्टीकांग्रेस
Open in App

संबंधित खबरें

भारतराघव चड्ढा पर आतिशी का बड़ा आरोप, 'BJP से डरते हैं, अगला कदम क्या होगा?'

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

भारतश्रीपेरंबुदूर से उम्मीदवार तमिलनाडु कांग्रेस अध्यक्ष सेल्वापेरुन्थगई, 27 उम्मीदवार घोषित, देखिए

भारतRaghav Chadha vs AAP: 'चुप कराया गया, हारा नहीं हूं, राघव चड्ढा ने AAP से किए तीखे सवाल; VIDEO

भारतबिहार चुनावः 2026 में 17 सीट खाली, राज्यसभा के बाद MLC इलेक्शन में भी तेजस्वी यादव को लगेगा झटका, 1 सीट के लिए 25 विधायक?

भारत अधिक खबरें

भारतदिल्ली और उत्तरी भारत के कुछ हिस्सों में महसूस हुए भूकंप के झटके, अफगानिस्तान में आया भूकंप

भारतकेंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने ग्रीनविच मीन टाईम को महाकाल स्टेंडर्ड टाईम में बदलने पर दिया जोर

भारतदलित समुदाय के 22 फीसदी वोट पर जमीन अखिलेश की निगाह , 14 अप्रैल पर अंबेडकर जयंती पर गांव-गांव में करेगी कार्यक्रम

भारतउत्तर प्रदेश उपचुनाव 2026ः घोसी, फरीदपुर और दुद्धी विधानसभा सीट पर पड़ेंगे वोट?, 2027 विस चुनाव से पहले सेमीफाइनल, सीएम योगी-अखिलेश यादव में टक्कर?

भारतTamil Nadu Polls: बीजेपी कैंडिडेट्स की लिस्ट में अन्नामलाई का नाम नहीं, 'सिंघम' किए गए साइडलाइन या नई जिम्मेदारी की तैयारी