Toxic Foam in the Yamuna: दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मंगलवार को यमुना में जहरीले झाग की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि बहाना बनाने और मीडिया पर आरोप मढ़ने के बजाय अधिकारियों को शहरवासियों को राहत पहुंचाने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। सक्सेना ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में जवाबदेही तय किये जाने की मांग करते हुए कहा कि सच्चाई को दबाया नहीं जा सकता है। उन्होंने आप के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार पर स्पष्ट रूप से हमला करते हुए कहा, “कौन जिम्मेदार है?
सच्चाई की एक बहुत बुरी आदत है, इसे दबाया नहीं जा सकता है।’’ उन्होंने नदी में झाग और कूड़े की तस्वीरें साझा करते हुए कहा, “मीडिया या सोशल मीडिया मंच पर आरोप-प्रत्यारोप और बहानेबाजी करने से बेहतर होगा कि दिल्ली के लोगों, खासकर छठ पूजा करने वालों और व्रत करने वालों को इस बिगड़ती स्थिति से राहत दिलाई जाए।” उन्होंने कहा, “मैं समाधान के लिए ठोस कदम उठाये जाने की उम्मीद करता हूं।” सक्सेना की टिप्पणियां सोमवार को उनकी पिछली पोस्ट के बाद आई हैं, जिसमें उन्होंने नदी की स्थिति पर चिंता व्यक्त की थी।
उपराज्यपाल ने नदी में झाग दिखाती तस्वीरों का एक सेट साझा करते हुए पूछा था, ‘‘ये है यमुना की हालत, दिल्ली के लोगों का दर्द, मैं इसे नहीं देख सकता। ऐसी दुर्दशा के लिए कौन जिम्मेदार है? यमुना की सफाई का दावा और इसमें डुबकी लगाने की घोषणा किसने की थी?” आम आदमी पार्टी (आप) ने हालांकि सोमवार को एक बयान में दावा किया कि यमुना पर झाग की तस्वीरें 2015 की हैं और आरोप लगाया कि भाजपा पुरानी तस्वीरें साझा करके “हताशापूर्ण रणनीति पर उतर रही है”। आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने 2020 में विधानसभा चुनाव से पहले वादा किया था कि वह 2025 तक यमुना को भारी प्रदूषण से मुक्त करके इसे लोगों के नहाने और डूबकी लगाने लायक बना देंगे।