मुंबईः ठाकरे परिवार के गढ़ में सेंध लगाते हुए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के गठबंधन ने बृहन्मुंबई महानगर पालिका (बीएमसी) चुनावों में 227 में से 118 सीट जीतकर शुक्रवार को बहुमत हासिल कर लिया। भाजपा के 89 सीट जीतने और शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना को 29 सीट मिलने के साथ ही गठबंधन ने देश के सबसे धनी नगर निकाय पर नियंत्रण पाने के लिए आवश्यक 114 सीट का आंकड़ा पार कर लिया। शिवसेना (उबाठा)-महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे)-राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शप) गठबंधन 72 सीट जीतने में कामयाब रहा। अविभाजित शिवसेना ने 1997 से 25 वर्षों तक नगर निकाय पर शासन किया था। उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (उबाठा) ने 65 सीट जीतीं जबकि राज ठाकरे की महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने छह सीट जीतीं।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) को केवल एक सीट मिली। अन्य दलों में, कांग्रेस ने 24 सीटें, एआईएमआईएम ने आठ, अजित पवार के नेतृत्व वाली राकांपा ने तीन और समाजवादी पार्टी ने दो सीटें जीतीं। नौ साल के अंतराल के बाद हुए इन बहुचर्चित चुनावों में दो निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी जीत हासिल की।
महाराष्ट्र में 29 नगर निकायों के चुनावों के परिणामों की घोषणा के बीच शुक्रवार को कई हिस्सों में झड़पों और अवैध रूप से भीड़ जमा होने की घटनाओं की सूचना मिली। पुलिस ने यह जानकारी दी। यहां एक अधिकारी ने बताया कि मुंबई के वार्ड नंबर 146 में वंचित बहुजन आघाडी के उम्मीदवार सतीश राजगुरु की शिवसेना समर्थकों ने पिटाई की।
अधिकारी ने बताया कि वहीं ठाणे में मतगणना प्रक्रिया के दौरान शिवसेना उम्मीदवार मीनाक्षी शिंदे के समर्थकों और एक निर्दलीय उम्मीदवार के समर्थकों के बीच झड़प हुई, जबकि समर्थकों के एक समूह ने मनपाड़ा मतगणना केंद्र के पास ‘इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन’ (ईवीएम) ले जा रही बसों को रोकने का प्रयास किया।
उन्होंने कहा, ‘‘अमरावती में सूत गिरनी मतगणना केंद्र के बाहर दो गुटों के बीच झड़प हुई। अमरावती में ही एक अन्य घटना में, लालखाड़ी चौक के नागपुरी गेट स्थित एआईएमआईएम (ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन) उम्मीदवार के आवास के बाहर राकांपा (राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी) समर्थकों का एक समूह इकट्ठा हो गया और उन्होंने अपशब्दों का प्रयोग करते हुए अराजकता फैलाई,
जिससे इलाके में दहशत फैल गई।’’ छत्रपति संभाजीनगर शहर की पुलिस ने शुक्रवार को एक मतगणना केंद्र स्थल पर लाठीचार्ज किया, जिसके परिणामस्वरूप पूर्व महापौर और शिवसेना नेता विकास जैन और कुछ अन्य लोग घायल हो गए।
इस घटना के बाद, शिवसेना नेता और महाराष्ट्र के सामाजिक न्याय मंत्री संजय शिरसाट मतगणना केंद्र पहुंचे तथा इसमें शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार को बताया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने नेरुल में एक शिवसेना नेता के कार्यालय में कथित तौर पर तोड़फोड़ की, जिसके बाद कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।