नई दिल्लीः राजधानी के इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (IGNCA) के एम्फीथिएटर में आज 'दिल्ली लिटरेचर फेस्टिवल 2026' के 14वें संस्करण का शानदार शुभारंभ हुआ। 'साहित्य, संस्कृति और समृद्धि' के विचारोत्तेजक विषय (थीम) पर आधारित इस तीन दिवसीय महोत्सव के उद्घाटन सत्र में दिग्गज नीति-निर्माताओं, राजनयिकों, लेखकों और प्रबुद्ध विचारकों ने हिस्सा लिया।
साहित्य लोकतंत्र और वैचारिक विकास का आधार: विजेंद्र गुप्ता
समारोह की अध्यक्षता करते हुए दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष, श्री विजेंद्र गुप्ता ने साहित्य की महत्ता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि साहित्य न केवल लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करता है और आलोचनात्मक सोच को बढ़ावा देता है, बल्कि यह भारत की सभ्यता की निरंतरता को बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
सांस्कृतिक जुड़ाव और वैश्विक सहभागिता
इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में भारत में स्पेन के राजदूत, महामहिम श्री जुआन एंटोनियो मार्च पुजोल उपस्थित रहे. उनकी उपस्थिति ने इस महोत्सव के वैश्विक सांस्कृतिक जुड़ाव को और प्रगाढ़ किया। फेस्टिवल की चेयरपर्सन भारती भार्गव ने अपने संबोधन में कहा कि यह आयोजन प्रधानमंत्री के 'विकास भी, विरासत भी' के दृष्टिकोण से प्रेरित है।
प्रमुख आकर्षण और सम्मान
विनोद कुमार शुक्ल को श्रद्धांजलि: महोत्सव में हिंदी साहित्य के शिखर पुरुष, स्वर्गीय श्री विनोद कुमार शुक्ल को विशेष श्रद्धांजलि अर्पित की गई। उद्घाटन शाम को 'दिल्ली लिटरेचर फेस्टिवल और ऑथर अवार्ड्स 2026' का भी आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न भाषाओं और शैलियों के लेखकों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
पुरस्कार श्रेणियाँ: साल 2025 के विजेताओं को 13 विभिन्न साहित्यिक श्रेणियों में पुरस्कृत किया गया। साथ ही 'राइटर्स ऑफ द न्यू सेंचुरी' प्रतियोगिता के माध्यम से उभरते लेखकों को भी मंच प्रदान किया गया।
विशेष सत्र: पहले दिन का समापन आचार्य प्रशांत के सत्र 'ट्रुथ विदाउट अपोलॉजी' (Truth Without Apology) के साथ हुआ, जिसमें पाठकों और श्रोताओं की भारी भागीदारी देखी गई।
आगामी कार्यक्रम
8 फरवरी तक चलने वाले इस फेस्टिवल में सीमा आनंद, स्तुति चांगल, केविन मिसल, लक्ष्मी मुर्देश्वर पुरी, नीलोत्पल मृणाल, डॉ. सच्चिदानंद जोशी, नेहा सिन्हा और शंभू शिखर जैसे कई प्रसिद्ध लेखक और कवि अपनी बात रखेंगे। महोत्सव के दौरान पुस्तक चर्चा, कविता पाठ और विभिन्न समसामयिक विषयों पर सत्र आयोजित किए जाएंगे। अधिक जानकारी के लिए उत्सव की आधिकारिक वेबसाइट (www.delhiliteraturefestival.org) पर संपर्क किया जा सकता है।