Highlightsरुतुराज का विकेट गिरने के तुरंत बाद उन्होंने वह नोट निकाला और फैंस को सामने पेश कर दिया।खास वजह नहीं थी और वह चिट सिर्फ उनके लिए प्रेरणा का काम करती थी।स्टेन की सलाह मानेंगे और मैचों के दौरान जश्न मनाने का कोई नया तरीका खोजेंगे।
लखनऊ: क्या आईपीएल में नोट के साथ जश्न मनाने का चलन पुराना हो रहा है? डेल स्टेन तो यही सोचते हैं, और उन्होंने 15 मई को एकाना स्टेडियम में एलएसजी बनाम सीएसके मैच के दौरान आकाश सिंह द्वारा संदेश लिखा हुआ कागज निकालने के तुरंत बाद अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। आकाश ने सीजन का अपना पहला मैच खेला और रुतुराज गायकवाड़, संजू सैमसन और उर्विल पटेल के विकेट लेकर सीएसके के शीर्ष क्रम को ध्वस्त कर दिया। रुतुराज का विकेट गिरने के तुरंत बाद उन्होंने वह नोट निकाला और फैंस को सामने पेश कर दिया।
आकाश ने नोट से जश्न क्यों मनाया?
मैच के दौरान, कमेंटेटर्स ने जस्टिन लैंगर से आकाश के इस जश्न के बारे में पूछा, जिस पर लैंगर ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं थी और यह एक ऐसा मामला है जिस पर उन्हें गौर करना होगा। लेकिन, पहली पारी खत्म होने के बाद आकाश ने खुलासा किया कि इसके पीछे कोई खास वजह नहीं थी और वह चिट सिर्फ उनके लिए प्रेरणा का काम करती थी।
आकाश ने कहा, "यह मुझे सिर्फ प्रेरणा देती है। इसके पीछे कोई खास वजह नहीं है। खेल के दौरान जो भी मुझे प्रेरित करता है, मैं उसे अपनाता रहूंगा।" यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या खिलाड़ी अब स्टेन की सलाह मानेंगे और मैचों के दौरान जश्न मनाने का कोई नया तरीका खोजेंगे।
लखनऊ सुपर जायंट्स (एलएसजी) की आईपीएल मैच में चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) के खिलाफ जीत में तीन विकेट लेकर अहम भूमिका निभाने वाले तेज गेंदबाज आकाश सिंह ने जश्न के अपने अनोखे तरीके से लोगों का ध्यान अपनी तरफ खींचा और उन्होंने कहा कि वह खुद को प्रेरित करने और बल्लेबाजों पर दबदबा कायम रखने के उद्देश्य से इस तरह का जश्न मनाते हैं।
विकेट लेने के बाद बाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने कागज का टुकड़ा निकाला, जिस पर लिखा था, ‘‘अक्की आग लगा रहा है। आकाश जानता है कि टी20 क्रिकेट में विकेट कैसे लिए जाते हैं।’’ चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) के बल्लेबाजी कोच माइकल हसी ने कहा कि लखनऊ सुपर जायंट्स (एलएसजी) से मिली हार के बाद इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में उनके बाकी बचे दोनों मैच अब फाइनल जैसे हो गए हैं।
टूर्नामेंट का यह दौर पसंद आता है। प्लेऑफ की दौड़ से पहले ही बाहर हो चुकी एलएसजी की टीम ने सीएसके को करारी शिकस्त दी जिससे उसके 12 मैच में अब 12 अंक ही रह गए हैं और उसके लिए बाकी बचे दोनों मैच नॉकआउट जैसे बन गए हैं। चेन्नई ने लखनऊ के सामने 188 रन का लक्ष्य रखा था जिसे उसने मिचेल मार्श की 38 गेंदों में खेली गई 90 रन की पारी की बदौलत आसानी से हासिल कर लिया।
लखनऊ सुपर जायंट्स से सात विकेट से मिली करारी शिकस्त के बाद चेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान रुतुराज गायकवाड़ पिच से तेज गेंदबाजों के लिए मदद को स्वीकार करते हुए कहा कि प्रतिद्वंद्वी टीम के बल्लेबाजों ने कमाल का प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि टीम 160 से 170 रन के स्कोर की उम्मीद कर रही थी, लेकिन 180 तक पहुंचना संतोषजनक रहा।