लखनऊः मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में गुरुवार हुई बैठक में बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों के साथ अन्य कर्मियों के कैशलेस इलाज के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गई. सरकार के इस फैसले से अब प्रदेश के माध्यमिक व बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मी और उनके आश्रित परिवार सरकारी के साथ-साथ निजी अस्पतालों में भी कैशलेस इलाज करा सकेंगे. इसके साथ ही कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश के बजट सत्र की तारीख पर भी अपनी सहमति जता दी. विधानमंडल बजट सत्र नौ फरवरी से प्रारंभ होगा और 11 फरवरी को वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया जाएगा.
इन्हें मिलेगा कैशलेस इलाज का लाभ
यहां लोकभवन में दो घंटे तक चली कैबिनेट में 29 प्रस्तावों पर चर्चा की गई. कैबिनेट बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए सूबे के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कैबिनेट ने दो-चार प्रस्तावों को छोड़ कर अधिकांश पर अपनी सहमति जताई है. सुरेश खन्ना के मुताबिक, बीते साल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिक्षक दिवस पर शिक्षा जगत से जुड़े लाखों कि अब माध्यमिक व बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मी और उनके आश्रित परिवार सरकारी के साथ-साथ निजी अस्पतालों में भी कैशलेस इलाज कराने की सुविधा देने का ऐलान किया था.
सीएम योगी की इस घोषणा पर गुरुवार को कैबिनेट ने मुहर लगा दी है. इस फैसले से अब बेसिक व माध्यमिक शिक्षा से जुड़े लगभग 15 लाख शिक्षक व शिक्षणेत्तर कर्मी लाभान्वित होंगे. इस पर समग्र रूप से लगभग 448 करोड़ रुपये का व्यय होगा.सिक- माध्यमिक शिक्षा कर्मियों और आश्रितों के इलाज पर होने वाला यह खर्च सरकार वहन करेगी.
इस फैसले के तहत माध्यमिक शिक्षा विभाग के अन्तर्गत अनुदानित विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों (व्यावसायिक शिक्षा के विषय विशेषज्ञों एवं मानदेय शिक्षकों सहित), संस्कृत शिक्षा परिषद द्वारा मान्यता प्राप्त अनुदानित विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों (मानदेय शिक्षकों सहित), माध्यमिक शिक्षा परिषद व संस्कृत शिक्षा परिषद के मान्यता प्राप्त स्ववित्तपोषित विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों और माध्यमिक शिक्षा विभाग के राजकीय एवं सहायता प्राप्त विद्यालयों में मानदेय पर कार्यरत व्यावसायिक शिक्षा के विषय विशेषज्ञों को आईपीडी (अंत:रोगी विभाग) इलाज की कैशलेस सुविधा मिलेगी.
कैशलेस इलाज की सुविधा सरकारी अस्पतालों के साथ-साथ साचीज से जुड़े निजी अस्पतालों में भी उपलब्ध होगी. इलाज की दरें प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत जन आरोग्य योजना और राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण द्वारा तय मानकों के अनुसार होंगी.
11 फरवरी को बजट पेश करेगी योगी सरकार
उत्तर प्रदेश का बजट सत्र 9 फरवरी को प्रारंभ होगा और 11 फरवरी को योगी सरकार बजट पेश करेगी। बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल आनंदी बेन पटेल विधानसभा व विधान परिषद दोनों सदनों को संयुक्त रूप से संबोधित करेंगी. इस वर्ष पंचायत चुनाव और वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए सरकार बजट में कई लोकलुभावन योजनाओं की घोषणा कर सकती है.
बजट का आकार इस बार भी बढ़ेगा.बीते साल प्रदेश सरकार ने 21 फरवरी को सदन में करीब 8,08,736 करोड़ रुपए से अधिक का बजट पेश किया था. इसके बाद सरकार ने अनुपूरक बजट भी पेश किया था. इस आधार पर इस बार पहले सा अधिक धनराशि का बजट पेश किए जाने का अनुमान लगाया जा रहा ही.
कैबिनेट ने दी स्व. अजित पवार को श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए शोक प्रस्ताव पारित किया गया. कैबिनेट ने विगत 28 जनवरी को बारामती, महाराष्ट्र में हुई विमान दुर्घटना में अजित पवार व अन्य लोगों के निधन को अत्यंत दुःखद बताया और कैबिनेट ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत पुण्यात्माओं की शांति की कामना की. कैबिनेट ने कहा कि अजित पवार का असामयिक निधन अपूरणीय क्षति है.
स्वर्गीय अजित पवार को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कैबिनेट ने कहा कि अपने दीर्घ सार्वजनिक जीवन में उन्होंने महाराष्ट्र की जनता से गहरा जुड़ाव रखते हुए समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण के लिए कार्य किया. गरीबों एवं वंचितों को सशक्त बनाने तथा महाराष्ट्र के विकास के लिए उनकी प्रतिबद्धता सदैव स्मरणीय रहेगी.
कैबिनेट में इन महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर भी लगी मोहर:
- यूपी की शहरी पुनर्विकास नीति 2026 को मंजूरी दी गई - नक्शा पास करने की प्रक्रिया सरल को सरकार करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली ताकि लोग नक्शा जरूर पास कराएं. - यूपी में विकास शुल्क के संशोधित प्राइस लागू करने को भी मिली मंजूरी. - बरेली में विज्ञान पार्क और नक्षत्रशाला की स्थापना होगी. - मुरादाबाद में भी नक्षत्रशाला और विज्ञान पार्क की स्थापना होगी. - आपदा प्रभावित परिवारों का होगा पुनर्वास होगा. - सहायक मोटर यान निरीक्षक के 351 नए पदों के सृजन और भर्ती के लिए नियमावली को स्वीकृति मिली - सीएम फैलो को राज्य लोकसेवा आयोग और अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के तहत होने वाली भर्तियों में आयु सीमा में तीन वर्ष की छूट और अनुभव के आधार पर भारांक मिलेंगे.