लाइव न्यूज़ :

5जी हैकाथॉन: 100 विचार परीक्षण के लिए तैयार

By भाषा | Updated: February 24, 2021 22:26 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 24 फरवरी देश में कुल 100 5जी प्रौद्योगिकी अवधारणाएं परीक्षण के लिए तैयार हैं। दूरसंचार विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।

दूरसंचार विभाग के उप महानिदेशक आर के पाठक ने नोकिया, एनआईआईटी तथा उद्योग संगठन सीओएआई द्वारा आयोजित एक वर्चुअल कार्यक्रम में कहा कि विभाग ने एक साल पहले 5जी हैकाथॉन का आयोजन किया था, जिसमें प्रौद्योगिकियों के 1,000 से अधिक आवेदन मिले थे। इन प्रौद्योगिकियों का कार्यान्वयन 5जी नेटवर्क में हो सकता है।

पाठक ने कहा कि हमने 10 उद्योग खंडों में 100 सर्वश्रेष्ठ विचार छांटे हैं। हम कह सकते हैं कि ये न केवल भारत बल्कि दुनिया में परीक्षण के लिए तैयार हैं। हमारे छात्र, स्टार्ट-अप और उद्योग सब 5 जी प्रौद्योगिकी को लेकर उत्साहित हैं।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

बॉलीवुड चुस्कीBetting App Case: सट्टेबाजी ऐप मामले में उरावशी रौतेला, युवराज सिंह, सोनू सूद पर ईडी की कार्रवाई

क्रिकेट4,4,4,4,4,4,4,4,4,4,6 तिलक वर्मा की 73 रनों की शानदार पारी, पांचवा टी20 मैच

भारतGujarat: एसआईआर के बाद गुजरात की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी, 73.7 लाख वोटर्स के नाम हटाए गए

क्रिकेट16 गेंद… और तूफान! हार्दिक पांड्या ने SA के खिलाफ मचा दिया कोहराम

भारतबृहन्मुंबई महानगरपालिका 2026ः सभी 227 सीट पर चुनाव, 21 उम्मीदवारों की पहली सूची, देखिए पूरी सूची

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारविपक्ष फ्रस्ट्रेशन में हैं, कुछ भी बयान देते हैं, सीएम नायब सिंह सैनी ने कहा-जनता ने कांग्रेस की नीतियों को पूरी तरह से नकार दिया

कारोबारगृह मंत्री की डेड लाइन से पहले हमने खत्म कर दिया नक्सलवाद, नक्सलियों के पास थे पाकिस्तानी सेना जैसे हथियार?, सीएम मोहन यादव ने विधानसभा में रखे विचार

कारोबारस्वास्थ्य क्षेत्र में 42000 नई नौकरी, मुख्यमंत्री यादव ने विधान सभा पटल पर रखा पक्ष

कारोबार5 साल में हवाई अड्डों कारोबार में 01 लाख करोड़ रुपये का निवेश करने की योजना, अदाणी एयरपोर्ट्स के निदेशक जीत अदाणी ने कहा-लाखों नौकरी की संभावना

कारोबारविधानसभा चुनाव में महिला को 10000 रुपये?,  मुफ़्त बिजली, महिलाओं को 2-2 लाख की मदद और लोकलुभावन वादों ने नीतीश सरकार की तोड़ी कमर?