भारतीय संसद का उच्च सदन राज्यसभा को कहते हैं। भारतीय संविधान के मुताबिक राज्यसभा में अधिकतम 250 सदस्य हो सकते हैं। मौजूदा समय में 245 सदस्यों का प्रावधान है। इसमें अधिकांश सदस्यों को जनता अप्रत्यक्ष रूप से चुनती है वहीं 12 सदस्यों को राष्ट्रपति नामित करते हैं। ये सदस्य कला, साहित्य, विज्ञान और समाज सेवा के क्षेत्र में हो सकते हैं। राज्यसभा सांसद का कार्यकाल 6 साल का होता है। वहीं प्रत्येक दो साल में एक तिहाई सदस्य रिटायर हो जाते हैं। लोकसभा की तरह राज्यसभा कभी भंग नहीं होती। उपराष्ट्रपति राज्यसभा का पदेन सभापति होता है। राज्यसभा के वर्तमान सभापति वेंकैया नायडू और उपसभापति नवनिर्वाचित हरिवंश हैं। Read More
असम में एनआरसी का बहुप्रतीक्षित दूसरा और अंतिम मसौदा आज जारी होने के बाद विपक्षी दलों के सदस्य इसे अधूरा बताते हुये इस पर सदन में चर्चा कराने की मांग कर रहे थे। ...
यह सुविधा संसद के दोनों सदनों को एक समान मिलनी चाहिए. लोकसभा को तो और भी पहले, क्योंकि उसके सदस्य अपनी-अपनी भाषाओं में वोट मांगकर ही चुने जाते हैं. वे वोट मांगते वक्त जिस भाषा में बात करते हैं। ...
यह सुविधा संसद के दोनों सदनों को एक समान मिलनी चाहिए. लोकसभा को तो और भी पहले, क्योंकि उसके सदस्य अपनी-अपनी भाषाओं में वोट मांगकर ही चुने जाते हैं. वे वोट मांगते वक्त जिस भाषा में बात करते हैं। ...
सदन में केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पोन राधाकृष्णन ने अविनियमित निक्षेप स्कीम पाबंदी विधेयक 2018 पेश किया जिसमें अविनियमित निक्षेप स्कीमों पर पाबंदी के लिये एक व्यापक तंत्र बनाने एवं निक्षेपकर्ताओं के हितों की रक्षा तथा उससे जुड़े विषयों का प्रावधान क ...