लाइव न्यूज़ :

एक दर्जन कांग्रेसी विधायक पर भाजपा की निगाह, ज्योतिरादित्य सिंधिया पर निर्भरता कम करने की कोशिश

By शिवअनुराग पटैरया | Updated: July 20, 2020 17:56 IST

बुंदेलखंड और निमाड़ के एक-एक कांग्रेस विधायक को इस्तीफा दिलाकर भाजपा में लाया गया. दूसरे क्षेत्रों के लगभग एक दर्जन कांग्रेसी विधायक पर भाजपा की निगाह है. भाजपा के इरादे भांपकर कांग्रेस भी सक्रिय हो गई है. बीते रविवार को मध्य प्रदेश कांग्रेस के विधायक दल की बैठक राजधानी भोपाल में आयोजित की गई.

Open in App
ठळक मुद्देप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि कांग्रेस विधायक दल की अगली बैठक सरकार बनाने के लिए होगी.बैठक में कुछ विधायकों ने इस बात को लेकर नेतृत्व से सवाल किए कि प्रदुद्यम सिंह लोधी  (बड़ा मलहरा) और सुमित्रा कासड़ेकर (नेपानगर) को, किसने टिकट दिलाया था. कांग्रेस के दर्जन भर और विधायकों के भाजपा में जाने की खबरों के बीच बैठक में पूर्व मंत्री ओमकार सिंह मरकाम के प्रस्ताव पर विधायकों को इस बात की शपथ दिलाई गई कि वे पार्टी छोड़कर नहीं जाएंगे.

भोपालः मध्य प्रदेश में भाजपा ज्योतिरादित्य सिंधिया पर निर्भरता कम करने के लिए भाजपा, चंबल और ग्वालियर क्षेत्र के बाहर के कांग्रेस के कुछ और विधायकों को अपने पाले में लाना चाह रही है.

इसी के चलते बुंदेलखंड और निमाड़ के एक-एक कांग्रेस विधायक को इस्तीफा दिलाकर भाजपा में लाया गया. दूसरे क्षेत्रों के लगभग एक दर्जन कांग्रेसी विधायक पर भाजपा की निगाह है. भाजपा के इरादे भांपकर कांग्रेस भी सक्रिय हो गई है. बीते रविवार को मध्य प्रदेश कांग्रेस के विधायक दल की बैठक राजधानी भोपाल में आयोजित की गई.

बैठक में कांग्रेस के 90 में से 80 विधायक मौजूद थे. बैठक में पार्टी के विधायकों को हौसलाअफजाई करते हुए, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि कांग्रेस विधायक दल की अगली बैठक सरकार बनाने के लिए होगी.

बैठक में कुछ विधायकों ने इस बात को लेकर नेतृत्व से सवाल किए कि प्रदुद्यम सिंह लोधी  (बड़ा मलहरा) और सुमित्रा कासड़ेकर (नेपानगर) को, किसने टिकट दिलाया था. क्योंकि यह लोग विधानसभा चुनाव पूर्व भाजपा से कांग्रेस में आए थे और मौका लगते ही फिर भाजपा में चले गए. कांग्रेस के दर्जन भर और विधायकों के भाजपा में जाने की खबरों के बीच बैठक में पूर्व मंत्री ओमकार सिंह मरकाम के प्रस्ताव पर विधायकों को इस बात की शपथ दिलाई गई कि वे पार्टी छोड़कर नहीं जाएंगे.

इसी बीच बताया जा रहा है कि भाजपा कि रणनीति है कि ग्वालियर और चंबल क्षेत्र के बारह से आने वालों दर्जन भर कांग्रेस विधायकों को भाजपा में लाया जाए, ताकि ज्योतिरादित्य सिंधिया पर निर्भरता कम की जा सके. इसी रणनीति के तहत बुंदेलखंड के बड़ा मलहारा के कांग्रेस विधायक प्रदुद्यम सिंह लोधी और निमाड़ क्षेत्र के नेपानगर की कांग्रेस विधायक सुमित्रा कासड़ेकर को भाजपा में लाया गया है.

टॅग्स :मध्य प्रदेशउपचुनावज्योतिरादित्य सिंधियाभारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)कांग्रेसशिवराज सिंह चौहानकमलनाथदिग्विजय सिंह
Open in App

संबंधित खबरें

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

भारतउत्तर प्रदेश उपचुनाव 2026ः घोसी, फरीदपुर और दुद्धी विधानसभा सीट पर पड़ेंगे वोट?, 2027 विस चुनाव से पहले सेमीफाइनल, सीएम योगी-अखिलेश यादव में टक्कर?

राजनीति अधिक खबरें

राजनीतिDUSU Election 2025: आर्यन मान को हरियाणा-दिल्ली की खाप पंचायतों ने दिया समर्थन

राजनीतिबिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलीं पाखी हेगड़े, भाजपा में शामिल होने की अटकलें

राजनीतिBihar voter revision: वोटरों की सही स्थिति का पता चलेगा, SIR को लेकर रूपेश पाण्डेय ने कहा

राजनीतिबिहार विधानसभा चुनावः बगहा सीट पर बीजेपी की हैट्रिक लगाएंगे रुपेश पाण्डेय?

राजनीतिगोवा विधानसभा बजट सत्रः 304 करोड़ की 'बिना टेंडर' परियोजनाओं पर बवाल, विपक्ष का हंगामा