'पेपर लीक, सरकारी नौकरी नहीं...',भाजपा सांसद वरुण गांधी ने अपनी ही पार्टी पर फिर साधा निशाना

By विनीत कुमार | Published: December 2, 2021 12:43 PM2021-12-02T12:43:59+5:302021-12-02T12:46:07+5:30

वरुण गांधी ने ट्वीट कर नौकरी और पेपर लीक जैसे मुद्दों को लेकर अपनी ही पार्टी के सरकार पर एक बार फिर निशाना साधा है। पिछले कुछ समय से वरुण गांधी लगातार पार्टी से अलग स्टैंड अपना रहे हैं।

Varun Gandhi targets his own party and UP Yogi Adityanath govt on jobs and paper leak | 'पेपर लीक, सरकारी नौकरी नहीं...',भाजपा सांसद वरुण गांधी ने अपनी ही पार्टी पर फिर साधा निशाना

वरुण गांधी ने साधा योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना (फाइल फोटो)

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Highlightsवरुण गांधी ने ट्वीट कर बेरोजगारी और पेपर लीक जैसे मुद्दे उठाकर अपनी ही पार्टी के सरकार पर साधा निशाना।पिछले कुछ महीनों से वरुण गांधी लगातार अपनी पार्टी से अलग स्टैंड रख रहे हैं।किसानों के आंदोलन और तीन कृषि कानून सहित लखीमपुर हिंसा मामले पर भी उन्होंने पार्टी से अलग स्टैंड रखा था।

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश में अगले साल की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले सूबे की योगी आदित्यनाथ सरकार और केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार जहां प्रचार और छवि बेहतर करने के प्रयास में जुटी है, वहीं पार्टी के नेता और सांसद वरुण गांधी ने एक बार फिर निशाना साधा है। 

वरुण गांधी ने गुरुवार सुबह ट्वीट कर नौकरी और पेपर लीक होने जैसे मुद्दे उठाए। यूपी में हाल में टीईटी की परीक्षा पेपर लीक होने की वजह से रद्द करनी पड़ी थी। वरुण गांधी ने हालांकि, ट्वीट में टीईटी का जिक्र तो नहीं किया है लेकिन समझा जाता है पेपर लीक की बात कर उन्होंने हाल के घटनाक्रम की ओर ही इशारा किया है। विपक्ष भी टीईटी पेपर लीक को लेकर योगी सरकार पर निशाना साध रहा है।

बहरहाल, वरुण गांधी ने ट्वीट किया, 'पहले तो सरकारी नौकरी ही नहीं है, फिर भी कुछ मौका आए तो पेपर लीक हो, परीक्षा दे दी तो सालों साल रिजल्ट नहीं, फिर किसी घोटाले में रद्द हो। रेलवे ग्रुप डी के सवा करोड़ नौजवान दो साल से परिणामों के इंतज़ार में हैं। सेना में भर्ती का भी वही हाल है। आखिर कब तक सब्र करे भारत का नौजवान??'

वरुण गांधी का इरादा क्या है?

वरुण गांधी जिस तरह अपनी ही सरकार पर हमलावर हैं, उसे देखते हुए कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। ऐसी भी चर्चा राजनीतिक गलियारों में है कि वे यूपी चुनाव से पहले भाजपा को अलविदा कह सकते हैं।

दरअसल, भाजपा ने जिस तरीके से उनको राष्ट्रीय समिति से अलग किया उसके बाद से ही वरुण गांधी के तेवर बदले हुए हैं। बीच में सूत्रों के हवाले से ये भी खबरें आई थी कि वरुण के अपनी चचेरी बहन प्रियंका गांधी से मधुर संबंध हैं। ऐसे में वरुण इन दिनों प्रियंका के लगातार संपर्क में हैं। हालांकि कांग्रेस कोई औपचारिक टिप्पणी न कर मौन है।

वरुण गांधी कई बार ले चुके हैं पार्टी से अलग स्टैंड

वरुण गांधी पिछले कुछ महीनों से लगातार अपनी पार्टी की सरकार के फैसलों पर ही सवाल उठाते रहे हैं। तीन कृषि कानूनों के मामले पर उनका स्टैंड अलग नजर आया। साथ ही लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में भी उन्होंने किसानों को कुचले जाने का वीडियो शेयर कर प्रशासन पर सवाल उठाए थे।

पिछले महीने वरुण गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर कहा था कि सरकार को राष्ट्र हित में न्यूनतम समर्थन मूल्य की वैधानिक गारंटी देने की किसानों की मांग स्वीकार करनी चाहिए।

यही नहीं, पत्र में उन्होंने लिखा कि लखीमपुर खीरी घटना लोकतंत्र पर धब्बा है, इस मामले से जुड़े केंद्रीय मंत्री के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। साथ ही गांधी ने आंदोलनरत किसानों के खिलाफ मामले रद्द करने की भी मांग रखी थी।

वरुण गांधी ने अपने संसदीय निर्वाचन क्षेत्र पीलीभीत में भारी बारिश के कारण आई जबरदस्त बाढ़ को लेकर भी उत्तर प्रदेश सरकार पर अक्टूबर में निशाना साधा था।

Web Title: Varun Gandhi targets his own party and UP Yogi Adityanath govt on jobs and paper leak

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