लाइव न्यूज़ :

PM मोदी की अपील पर देश भर के लोग जलाएंगे दीप, जानें दीप जलाने से जुड़ी इन 11 महत्वपूर्ण सवालों के जवाब

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: April 5, 2020 20:34 IST

पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा अपील की गई है कि घरों में केवल घरेलू रोशनी को अपनी स्वेच्छा से बंद कर दीप जलाएं।

Open in App
ठळक मुद्देकिसी भी स्ट्रीट लाइट, कॉमन एरिया प्लेस, हॉस्पिटल और अन्य जरूरी सेवाओं को अपनी लाइट बंद नहीं करनी है।घरेलू लाइटों को बंद करना आपके उपर निर्भर करेगा अर्थात स्वैच्छिक है।

नई दिल्ली: देश में तेजी से कोरोना संक्रमण फैल रहा है। ऐसे में संक्रमण को रोकने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल तक देशभर में लॉकडाउन की घोषणा की है। आज लॉकडाउन का 12वां दिन है। ऐसे समय में जब देश भर के लोग लगातार 12 दिनों से घरों में बंद हैं, देश के पीएम नरेंद्र मोदी ने लोगों से इस महामारी में एकजुटता दिखाने के लिए रविवार रात को दीप जलाने की अपील की है। उन्होंने कहा है कि 9 बजे से अगले 9 मिनट के लिए लोग घरों के लाइटों को बंद कर दीप जलाएं। ऐसे में इस 9 मिनट के लाइट आउट को लेकर आपके अंदर उठ रहे सवालों का जवाब सरकार की तरफ से दी गई है।  

जानें इन सवालों के जवाब-

प्रश्न 1: क्या केवल घरेलू लाइटों को बंद करना है या स्ट्रीट लाइट्स, कॉमन एरिया लाइटिंग व आवश्यक सेवाओं आदि की लाइटों को भी 9 बजे से - 9:09 बजे के बीच बंद किया जाना है?

उत्तर: पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा अपील की गई है कि घरों में केवल घरेलू रोशनी को अपनी स्वेच्छा से बंद कर दीप जलाएं। यह फिर से दोहराया जा रहा है कि किसी भी स्ट्रीट लाइट, कॉमन एरिया प्लेस, हॉस्पिटल और अन्य जरूरी सेवाओं को अपनी लाइट बंद नहीं करनी है।

प्रश्न 2: क्या मेरे घरेलू उपकरण घर की लाइट बंद करने के दौरान सुरक्षित हैं?

उत्तर: आपके सभी घरेलू उपकरण सुरक्षित रहेंगे। भारतीय बिजली ग्रिड को इस तरह के भार भिन्नता को संभालने के लिए अच्छी तरह से तैयार किया गया है, इस तरह के लोड परिवर्तन को नियंत्रित करने और सुरक्षा तंत्र के कई स्तरों को नियंत्रित करने में देश के इंजीनियर सक्षम हैं। इस दौरान आपके घरों के सभी घरेलू उपकरण पूरी तरह से सुरक्षित होंगे और इसलिए उन्हें आवश्यकताओं के अनुसार सामान्य कामकाज मोड में रखा जाना चाहिए।

प्रश्न 3: क्या 5 अप्रैल को शाम 9:00 बजे से 9.09 बजे तक लाइट आउट इवेंट के दौरान ग्रिड स्थिरता को संभालने के लिए पर्याप्त व्यवस्था और प्रोटोकॉल हैं?उत्तर: हाँ, सभी पर्याप्त व्यवस्थाएँ और मानक परिचालन प्रोटोकॉल ग्रिड स्थिरता बनाए रखने के लिए हैं।

प्रश्न 4: क्या लाइट बंद करना अनिवार्य या स्वैच्छिक है?उत्तर: स्वैच्छिक, जैसा कि पहले ही कहा जा चुका है कि घरेलू लाइटों को बंद करना आपके उपर निर्भर करेगा।

प्रश्न 5: कुछ आशंकाएं व्यक्त की गई हैं कि इससे ग्रिड में अस्थिरता हो सकती है और वोल्टेज में उतार-चढ़ाव हो सकता है जो विद्युत उपकरणों को नुकसान पहुंचा सकता है।उत्तर: ये आशंकाएँ पूरी तरह से गलत हैं। ये सामान्य घटना हैं और भारतीय विद्युत ग्रिड मानक ऑपरेटिंग प्रोटोकॉल के अनुसार इस तरह के लोड भिन्नता और आवृत्ति परिवर्तनों को संभालने के लिए अच्छी तरह से डिज़ाइन किया गया है।

प्रश्न 6: क्या हमारे ग्रिड प्रबंधन और प्रौद्योगिकी तैनात किए जाने वाले उतार-चढ़ाव का सामना कर सकते हैं जो प्रकाश का कारण बन सकता है?उत्तर: भारतीय बिजली ग्रिड मजबूत और स्थिर है और राज्य की तकनीकी प्रौद्योगिकी को रोजगार देता है। इसमें आवश्यक नियंत्रण और सुरक्षात्मक तत्व होते हैं जो किसी भी समय मांग में इस तरह के उतार-चढ़ाव से निपटने में सक्षम होते हैं।

प्रश्न 7: क्या पंखे, रेफ्रीजरेटर, एसी इत्यादि जैसे उपकरणों को बंद किया जाना चाहिए या ऑन मोड में रखा जाना चाहिए?उत्तर: आपके सभी घरेलू उपकरण सुरक्षित होंगे। इन उपकरणों को उपभोक्ताओं द्वारा आवश्यकताओं के अनुसार सामान्य रूप से संचालित किया जाना चाहिए। विशेष रूप से रात 9 बजे बंद करने की कोई आवश्यकता नहीं है।

प्रश्न 8: क्या स्ट्रीट लाइट बंद हो जाएगी।उत्तर: नहीं, सभी राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों / स्थानीय निकायों को सार्वजनिक सुरक्षा के लिए स्ट्रीट लाइट को चालू रखने की सलाह दी गई है।

प्रश्न 9: क्या अस्पताल या अन्य आपातकालीन और महत्वपूर्ण जगहों पर कुछ समय के लिए प्रकाश नहीं होगी।उत्तर: नहीं, अस्पतालों और अन्य सभी आवश्यक सेवाओं जैसे सार्वजनिक उपयोगिताओं, नगरपालिका सेवाओं, कार्यालयों, पुलिस स्टेशनों, विनिर्माण सुविधाओं, आदि में रोशनी चालू रहेगी। माननीय पीएम द्वारा दी गई कॉल सिर्फ आवासों में रोशनी बंद करने के लिए है।

प्रश्न 10. अकेले होम-लाइटिंग का भार कुल भार का लगभग 20% है। क्या 20% भार का अचानक डिस्कनेक्ट ग्रिड को अस्थिर नहीं करेगा? मंत्रालय क्या उपाय करेगा?

उत्तर: घरेलू प्रकाश भार 20 प्रतिशत से बहुत कम है। मांग में इस तरह की कमी को आसानी से प्रबंधित किया जा सकता है जिसके लिए मानक तकनीकी परिचालन प्रोटोकॉल लागू हैं।

प्रश्न 11. क्या लोड शेडिंग होगी? यदि हाँ तो क्या प्रभाव पड़ेगा?उत्तर: कोई लोड शेडिंग नहीं होगी, आप कोरोना को हराने की इस लड़ाई में लाइट जलाकर एकजुटता दिखाएं। 

टॅग्स :नरेंद्र मोदीकोरोना वायरस
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारअमेरिका-इजराइल और ईरान जंगः मरघट के चौकीदारों की नकेल कसिए!

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

भारत अधिक खबरें

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं