लाइव न्यूज़ :

लोकसभा चुनाव 2019: हरियाणा में चौटाला परिवार में फूट का फायदा उठाएगी कांग्रेस, मुश्किल में BJP

By निखिल वर्मा | Updated: May 11, 2019 11:09 IST

कांग्रेस ने सोनीपत से पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा, अंबाला से पूर्व केंद्रीय मंत्री कुमारी शैलजा, सिरसा से प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर, रोहतक से वर्तमान सांसद दीपेंद्र हुड्डा और कुरुक्षेत्र से पूर्व मंत्री निर्मल सिंह को उतारा है।

Open in App
ठळक मुद्देलोकसभा चुनाव 2014 में बीजेपी ने सात सीटों पर जीत हासिल की थीलोकसभा चुनाव 2014 में कांग्रेस ने नौ सीटों पर जीत हासिल की थी।

लोकसभा चुनाव 2019 में हरियाणा में कांग्रेस 2004-2009 के प्रदर्शन को दोहराने की पुरजोर कोशिश कर रही है, जब उसे 10 में नौ सीटें मिली थी। लोकसभा चुनाव 2014 में पार्टी को मोदी लहर में सिर्फ एक सीट पर संतोष करना पड़ा था और कुछ महीने बाद हुए विधानसभा चुनाव में करारी हार का सामना करना पड़ा। 

कांग्रेस ने दिग्गजों को उतारा

दिल्ली की तरह ही हरियाणा की 10 सीटों पर कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने सभी पुराने नेताओं को चुनावी मैदान में उतारा है। सोनीपत से पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा, अंबाला से पूर्व केंद्रीय मंत्री कुमारी शैलजा, सिरसा से प्रदेश अध्यक्ष अशोक तंवर, रोहतक से वर्तमान सांसद दीपेंद्र हुड्डा और कुरुक्षेत्र से पूर्व मंत्री निर्मल सिंह मुख्य लड़ाई में हैं। कांग्रेस इन सीटों पर जीत की उम्मीद लगाई बैठी है।

चौटाला परिवार में फूट का दिखेगा असर

इंडियन नेशनल लोकदल में हुए पारिवारिक झगड़े के बाद ओमप्रकाश चौटाला के दूसरे बेटे अजय चौटाला ने जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) के नाम से अलग पार्टी बना ली है। पहले कांग्रेस-जेजेपी-आप के मिलकर चुनाव लड़ने की बात चल रही थी। लेकिन गठबंधन नहीं हुआ, अब जेजेपी और आम आदमी पार्टी साथ मिलकर लड़ रही है। अजय चौटाला के बेटे दुष्यंत चौटाला हिसार से जबकि दूसरे बेटे दिग्विजय सिंह चौटाला सोनीपत से लड़ रहे हैं। 

वहीं देवीलाल परिवार की चौथी पीढ़ी से एक और नेता अर्जुन सिंह चौटाला इनेलो की टिकट पर कुरुक्षेत्र से चुनावी मैदान में है। लोकसभा चुनाव 2014 में इनेलो ने सिरसा और हिसार में जीत हासिल की थी। विधानसभा में इनेलो 19 सीटें लेकर दूसरे नंबर रही थी। इनेलो का मुख्य वोटबैंक जाट समुदाय है, परिवार में फूट के चलते जाट वोटों का बिखराव संभव है। इसी का फायदा कांग्रेस और हुड्डा परिवार उठाने की जुगत में है।

प्रदेश कांग्रेस महासचिव सुरेश यूनिसपुर कहते हैं, मोदी सरकार की नीतियों से किसान त्रस्त हैं। हरियाणा में इस बार बीजेपी के खिलाफ किसानों में गुस्सा है। वहीं जाट वोटर्स एक बार फिर कांग्रेस की ओर लौट रहे हैं। हमारी पार्टी 2009 की सफलता दोहराने के लिए तैयार है।

शहरी सीटों पर बीजेपी का असर

गुड़गांव और फरीदाबाद जैसी सीटों पर बीजेपी मजबूत दिख रही है। गुड़गांव में राव इंद्रजीत सिंह और फरीदाबाद में कृष्ण पाल गुर्जर दोबारा बीजेपी की टिकट पर लड़ रहे हैं। दोनों वर्तमान सांसद हैं। इसके अलावा हिसार-करनाल में बीजेपी जीत की संभावनाएं देख रही है। इन सीटों पर बीजेपी ने पिछली बार जीत हासिल की थी।

टॅग्स :लोकसभा चुनावहरियाणारोहतकसोनीपतकुरुक्षेत्र
Open in App

संबंधित खबरें

भारतएक शांत दिखने वाली विदाई से हुई भारी क्षति!

क्राइम अलर्टइस्लाम धर्म अपनाओ?, मना करने पर जहीर ने कई दिन तक बंधक बनाकर नर्स से किया रेप, आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी

भारत63 अधिकारी यहां से वहां?, हरियाणा में बड़ा फेरबदल, रवि प्रकाश गुप्ता की जगह गीता भारती होंगी हिसार मंडल आयुक्त, देखिए पूरी लिस्ट

क्राइम अलर्टगुरुग्राम में 3 साल की बच्ची से बलात्कार?, उच्चतम न्यायालय ने कहा- आयुक्त से लेकर सब-इंस्पेक्टर तक नाकाम?, कानून का जरा भी सम्मान तो तबादला करो

क्राइम अलर्ट120 दिन पहले शादी, जहरीला इंजेक्शन देकर रेडियोलॉजिस्ट पति अरुण शर्मा ने नर्स पत्नी काजल को मार डाला, शारीरिक उत्पीड़न और दहेज उत्पीड़न ने ली जान?

भारत अधिक खबरें

भारतTamil Nadu Election 2026: क्या CBSE का नया सिलेबस भाषा विवाद की जड़? सीएम स्टालिन ने कहा- "भाषा थोपने का सुनियोजित प्रयास"

भारतFire Accident: ONGC मुंबई हाई प्लेटफॉर्म पर भीषण आग, 10 लोग घायल; राहत और बचाव कार्य जारी

भारतElection 2026: केरल में चुनावी हिंसा! शशि थरूर के काफिले पर हमला, गनमैन को भी पीटा, 5 धरे गए

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

भारतवाराणसी का रोम-रोम हुआ रोमांचित, दर्शकों ने देखा कैसा था सम्राट विक्रमादित्य का सुशासन, देखें Photos