foundation stone laid by sonia gandhi at atal tunnel goes missing fir registered congress threatens stir | अटल टनल पर भाजपा-कांग्रेस में छिड़ी घमासान, गायब हुई सोनिया गांधी के नाम की तख्ती
अटल टनल के शिलान्यास पट्टिका से गायब हुआ सोनिया गांधी का नाम।

Highlightsअटल टनल के शिलान्यास पट्टिका से गायब हुआ सोनिया गांधी का नाम।कांग्रेस ने दर्ज कराई एफआईआर, दी आंदोलन की धमकी।

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हिमाचल प्रदेश के रोहतांग में विश्‍व की सबसे लंबी अटल सुरंग के उद्घाटन पर विवाद खड़ा हो गया है। दस हजार फीट की ऊंचाई पर बनी दुनिया की इस लंबी सुरंग से कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के नाम की शिलान्यास पट्टिका को हटाने का आरोप लग रहा है। हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने यह आरोप लगाते हुए एफआईआर भी दर्ज कराई है। आक्रोशित कांग्रेस नेताओं ने संबंधित प्रशासनिक कार्यालय में जाकल आंदोलन की धमकी भी दी है।

कांग्रेस के दो नेताओं जिला लाहौल-स्पीति कांग्रेस के अध्यक्ष ज्ञालछन ठाकुर और मनाली में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष हरि चंद शर्मा ने 28 जून 2010 को यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी की ओर से रोहतांग टनल के नाम से किए शिलान्यास की पट्टिका गायब करने का आरोप लगाया है। दोनों नेताओं की ओर से केलांग और मनाली थाने में इस बाबत शिकायत भी दर्ज करवाई गई है। दोनों नेताओं ने पुलिस को बताया कि 3 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा अटल टनल रोहतांग का उद्घाटन किए जाने के बाद से ही 28 जून 2010 में तत्कालीन यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी द्वारा धुंधी में शिलान्यास की गई पट्टिका गायब है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सुरंग के बारे में सबूतों को मिटाने का एक जानबूझकर और नियोजित प्रयास किया गया है। जिसे अब पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर रखा गया है। मामले में दो एफआईआर दर्ज होने के बाद, राज्य कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप राठौर ने मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर को एक पत्र भी लिखा, जिसमें शिलान्यास के अवैध कार्य के लिए कुल्लू में सरकार और जिला अधिकारियों के खिलाफ एक बड़े आंदोलन की धमकी दी गई है। उन्होंने बताया कि सुरंग के शिलान्यास की पट्टिका सोनिया गांधी द्वारा तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल और केंद्रीय इस्पात मंत्री वीरभद्र सिंह की उपस्थिति में रखी गई।

पीएम मोदी ने 3 अक्‍टूबर को इस बड़ी सुरंग का उद्घाटन किया था। इस दौरान उन्‍होंने कांग्रेस का नाम लिए बिना उस पर कई हमले किए थे। हिमाचल प्रदेश में रोहतांग दर्रे के नीचे यह रणनीतिक सुरंग बनाने का निर्णय 3 जून 2000 को लिया गया था, तब अटल बिहारी वाजपेयी प्रधानमंत्री थे। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 2019 में पूर्व प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए योगदान का सम्मान करने के लिए रोहतांग सुरंग का नाम अटल सुरंग के रूप में तय किया।

जानें अटल टनल के बारे में ये खास बातें

हिमाचल प्रदेश के रोहतांग में 10 हजार फुट की ऊंचाई पर निर्मित ‘‘अटल सुरंग’’ वर्ष के सभी मौसम में खुली रहेगी और इससे मनाली और लेह के बीच की दूरी 46 किमी घट जाएगी तथा यात्रा में लगने वाले समय में भी चार से पांच घंटे की कमी आएगी। मनाली को लाहौल-स्पीति घाटी से जोड़ने वाली 9.02 किलोमीटर लंबी अटल सुरंग दुनिया की सबसे लंबी हाईवे (राजमार्ग) सुरंग है। सामरिक रूप से महत्वपूर्ण यह सुरंग हिमालय पर्वतमाला की पीर पंजाल श्रृंखला में औसत समुद्र तल से 10,000 फुट की ऊंचाई पर स्थित है। यह अत्याधुनिक विशिष्टताओं के साथ बनाई गई है। अटल सुरंग का दक्षिणी पोर्टल (मुख्यद्वार) मनाली से 25 किलोमीटर की दूरी पर 3,060 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। वहीं सुरंग का उत्तरी पोर्टल लाहौल घाटी के सिस्सू के तेलिंग गांव में 3,071 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है।

घोड़े की नाल जैसा है आकार

इसका आकार घोड़े की नाल जैसा है और यह ‘सिंगल-ट्यूब’ एवं ‘डबल लेन’ वाली सुरंग है। इसके निर्माण में 3,300 करोड़ रुपये का खर्च आया है और यह देश की रक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने भूगर्भीय, मार्ग संबंधी और मौसम संबंधी चुनौतियों से निपटते हुए लगातार काम किया। सुरंग के बारे में बताते हुए बीआरओ के एक अधिकारी ने कहा कि इसमें प्रत्येक 150 मीटर की दूरी पर टेलीफोन की सुविधा उपलब्ध है। प्रत्येक 60 मीटर की दूरी पर फायर हाइड्रेंट तकनीक है, ताकि आग संबंधी किसी भी घटना से निपटा जा सके। वहीं प्रत्येक 500 मीटर की दूरी पर आपात दरवाजे हैं। प्रत्येक 2.2 किलोमीटर पर मुड़ने के लिये जगह बनाई गई है, वायु गुणवत्ता की निगरानी प्रणाली भी प्रत्येक एक किलोमीटर पर है, प्रसारण प्रणाली और स्वचालित दुर्घटना पहचान प्रणाली और सीसीटीवी कैमरे 250 मीटर पर लगे हैं। अटल बिहारी वाजपेयी सरकार ने रोहतांग दर्रे के नीचे सामरिक रूप से महत्वपूर्ण इस सुरंग का निर्माण कराने का निर्णय तीन जून, 2000 को लिया था और सुरंग के दक्षिणी पोर्टल की आधारशिला 26 मई 2002 को रखी गई थी।

Web Title: foundation stone laid by sonia gandhi at atal tunnel goes missing fir registered congress threatens stir
भारत से जुड़ी हिंदी खबरों और देश दुनिया की ताज़ा खबरों के लिए यहाँ क्लिक करे. यूट्यूब चैनल यहाँ सब्सक्राइब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा Facebook Page लाइक करे