Air India to be disinvested, but Indian company owns: RSS leader Mohan Bhagwat | एयर इंडिया विनिवेश हो, पर भारतीय कंपनी ही बने मालिक: मोहन भगवत

मुंबई , 16 अप्रैल: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने सोमवार को कहा कि एयर इंडिया का विनिवेश हो लेकिन इसका स्वामित्व उसी भारतीय कंपनी को दिया जाए , जो दक्ष तरीके से इसे चलाने में सक्षम है। उल्लेखनीय है कि सरकार ने कर्ज के बोझ से दबी राष्ट्रीय एयरलाइन की बिक्री की प्रक्रिया शुरू की है। 

भागवत ने सरकार को चेताया कि उसे अपने आकाश का नियंत्रण और स्वामित्व नहीं गंवाना चाहिए। उन्होंने कहा कि एयर इंडिया के परिचालन का ठीक से प्रबंधन नहीं किया गया। संघ प्रमुख ने यहां 'भारतीय अर्थव्यवस्था और आर्थिक नीतियों' विषय पर आयोजित व्याख्यान में कहा , 'एयर इंडिया का स्वामित्व उसी को दिया जाना चाहिए जो इसे दक्ष तरीके से चलाने में सक्षम है। नया आपरेटर भारतीय खिलाड़ी ही होना चाहिए।' 

भागवत ने कहा कि दुनिया में कहीं भी राष्ट्रीय एयरलाइन में 49 प्रतिशत से अधिक विदेशी निवेश की अनुमति नहीं है। उन्होंने विशेष रूप से जर्मनी का जिक्र किया जहां विदेशी हिस्सेदारी की सीमा सिर्फ 29 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि यदि विदेशी हिस्सेदारी की सीमा 49 प्रतिशत को पार कर जाती है तो शेयरों को जब्त कर उन्हें घरेलू निवेशकों को बेचा जाना चाहिए , जैसा अन्य देशों में किया जाता है।