पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वामी चिन्मयानंद प्रकरण में कथित रूप से लापता लड़की शुक्रवार को राजस्थान में बरामद हुई है। यह जानकारी उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक ओ पी सिंह ने दी। सिंह ने बताया ‘‘हमारी टीमें पिछले चार पांच दिनों से कई जगहों पर फैली हुई थीं। अंतत: लड़की को राजस्थान से बरामद किया गया है। लड़की को शाहजहांपुर लाया जा रहा है।'' प्रकरण से जुडे और सवालों पर डीजीपी ने ब्यौरा बाद में साझा करने की बात कही।
छात्रा के बरामद होने की जानकारी होने पर सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने उससे मिलने की इच्छा जाहिर की। यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि छात्रा को फतेहपुर सीकर तक लाया जा चुका है। अधिकारियों को ईमेल से मार्ग परिवर्तन की जानकारी भेज दी गई है। छात्रा को अगले दो घंटे में दिल्ली पहुंचाया जा सकता है।
शाहजहांपुर में चिन्मयानंद के एक महाविद्यालय से एलएलएम कर रही एक छात्रा ने सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल करके चिन्मयानंद पर जान से मारने की धमकी देने और खुद के बदहाली में जीने की बात बताते हुए सरकार से मदद मांगी थी।
24 अगस्त को फेसबुक पर अपलोड किए गए एक वीडियो में छात्रा ने चिन्मयानंद की तरफ इशारा करते हुए कहा था कि उनसे उसे और उसके परिवार को जान का खतरा है। इस मामले में छात्रा के पिता की तहरीर पर चिन्मयानंद के विरुद्ध अपहरण और जान से मारने की धमकी देने का मुकदमा दर्ज किया गया है। हालांकि, भाजपा नेता के वकील ने इस आरोप का खंडन करते हुए दावा किया कि यह उन्हें ब्लैकमेल करने की एक साजिश है।
महिला के पिता ने आरोप लगाया कि वह (छात्रा) मुमुक्षु आश्रम के प्रमुख एवं 72 वर्षीय भाजपा नेता के इशारे पर लापता की गई। वह आश्रम द्वारा संचालित एक कॉलेज में स्नातकोत्तर (पीजी) की छात्रा है। वकीलों के समूह ने प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) रंजन गोगोई को संबोधित एक पत्र में उनसे मीडिया में आई उन खबरों के आधार पर स्वत: संज्ञान लेने का अनुरोध किया था,जिनमें दावा किया गया था कि छात्रा पिछले तीन दिनों से लापता है।
पत्र में लिखा गया, ‘‘इस न्यायालय में प्रैक्टिस करने वाले वकील संबद्ध लड़की की कुशलता को लेकर अत्यधिक परेशान और चिंतित हैं। हम बतौर समाज एक और ‘उन्नाव मामला’ नहीं होने दे सकते।’’
न्यायालय से इस विषय में संज्ञान लेने और उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव एवं पुलिस महानिदेशक तथा कॉलेज के प्राचार्य को नोटिस जारी करने का अनुरोध किया गया ताकि छात्रा का पता लगाने के लिए फौरन कार्रवाई की जा सके और उसे और उसके परिवार को सुरक्षा दी जा सके।
पत्र में वीडियो क्लिप के बारे में खबरों का भी जिक्र किया गया है, जिसमें महिला खुद को और अपने परिवार को खतरे के बारे में बोल रही है।
समाचार एजेंसी पीटीआई भाषा से इनपुट्स लेकर