लाइव न्यूज़ :

लक्जरी कार कंपनियों की सरकार से बजट में करों में कटौती की मांग

By भाषा | Updated: January 17, 2021 13:51 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 17 जनवरी लक्जरी कार कंपनियों मर्सिडीज-बेंज, ऑडी और लैम्बोर्गिनी को उम्मीद है कि सरकार आगामी आम बजट में वाहनों पर करों में कटौती करेगी। इन कंपनियों का कहना है कि ऊंचे कराधान की वजह से प्रीमियम कारों का बाजार आगे नहीं बढ़ पा रहा है। कोरोना वायरस महामारी से भी वाहनों का यह खंड बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

इन कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि लक्जरी कारों पर यदि करों में बढ़ोतरी होती है, तो इससे मांग प्रभावित होगी और यह क्षेत्र पिछले साल शुरू हुई अड़चनों से उबर नहीं पाएगा।

मर्सिडीज बेंज इंडिया के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) मार्टिन श्वेंक ने पीटीआई-भाषा से कहा, ‘‘कोई भी ऐसी चीज जिससे क्षेत्र की मांग प्रभावित होती हो, उससे हमें बचना चाहिए, क्योंकि अंत में इससे समस्या पैदा होगी।’’

उनसे पूछा गया था कि कंपनी आगामी बजट में करों के मोर्चे पर सरकार से क्या उम्मीद कर रही है।

वाहनों पर कर कटौती की मांग करते हुए श्वेंक ने कहा, ‘‘इस क्षेत्र पर कर की दर पहले ही काफी ऊंची है। आयात शुल्क से लेकर माल एवं सेवा कर (जीएसटी) तक, लक्जरी कारों पर उपकर 22 प्रतिशत तक है। मेरा मानना है कि हमारा लक्ष्य क्षेत्र की वृद्धि को समर्थन देना और कर घटाने का होना चाहिए। हमें इसका रास्ता ढूंढना चाहिए।’’

इसी तरह की राय जताते हुए ऑडी इंडिया के प्रमुख बलबीर सिंह ढिल्लों ने कहा कि लक्जरी कार बाजार अभी कोविड-19 की वजह से पैदा हुई अड़चनों से उबर रहा है। आगे क्षेत्र के लिए काफी चुनौतियां हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘एक चुनौती निश्चित रूप से लक्जरी कारों पर ऊंचे कराधान की है। यह एक चुनौती है कि क्योंकि इसकी वजह से देश का लक्जरी कार बाजार कुल वाहन बाजार के एक प्रतिशत पर बना हुआ है। पिछले साल यानी 2020 में यह संभवत: घटकर से 0.7 से 0.8 प्रतिशत रह गया है। ऊंचा कर सबसे बड़ी चुनौती है।’’

लैम्बोर्गिनी इंडिया के प्रमुख शरद अग्रवाल ने कहा कि सुपर लक्जरी खंड को सरकार से निरंतरता कायम रखने की उम्मीद है। इस खंड को 2020 में काफी नुकसान हुआ है।

अग्रवाल ने कहा, ‘‘हम चाहते हैं कि 2021 में यह क्षेत्र कम से कम 2019 के स्तर पर पहुंच जाए। हम अभी वृद्धि की उम्मीद नहीं कर रहे हैं। हम चाहते हैं कि यह क्षेत्र 2019 का स्तर हासिल कर ले। यदि लक्जरी कारों पर कर बढ़ता है, तो इस क्षेत्र पर काफी अधिक नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

विश्वहैती में पर्यटकों के बीच लोकप्रिय किले में भगदड़, 30 लोगों की मौत हो गई और कई घायल, वीडियो

क्राइम अलर्टTCS Nashik: आईटी कंपनी कार्यालय में यौन उत्पीड़न और "जबरन धर्मांतरण"?, केंद्रीय मंत्री संजय कुमार ने तेलंगाना डीजीपी से कहा- बैठक बुलाए और...

क्रिकेटइंडियन प्रीमियर लीगः पिछले 8 मैच आंकड़े, RCB 6 और MI 2 मैच जीते?, आईपीएल में 200 से अधिक रनों का बचाव करते हुए सबसे अधिक जीत

पूजा पाठPanchang 13 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 13 April 2026: आज मिथुन राशिवालों को मिल सकती है बड़ी कामयाबी, जानें सभी राशियों भविष्य

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारगर्मी आते ही देश के कई हिस्सों में जलसंकट की आहट, निपटने की बढ़ती चुनौती?

कारोबारनारी शक्ति वंदन: सिवनी की बेटी रंजीता के स्टार्ट-अप ने किया कमाल, अगरबत्ती उद्योग में 10 महिलाओं को दिया रोजगार और 25 लाख का टर्नओवर

कारोबार4,13,003.23 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी, एचडीएफसी और आईसीआईसीआई बैंक को सबसे अधिक लाभ?, अस्थायी युद्धविराम को लेकर बाजार में हलचल

कारोबारAsha Bhosle net worth: संगीत ही नहीं, बिजनेस से भी कमाई?, जानिए आशा भोसले कितनी अमीर थीं?

कारोबारTDS TRACES 2.0: अब टैक्स रिटर्न और रिफंड होगा और भी आसान, TRACES 2.0 के साथ बदल जाएगा टैक्स भरने का अनुभव