लाइव न्यूज़ :

अवधेश कुमार का ब्लॉगः विकास का व्यापक विजन

By अवधेश कुमार | Updated: February 2, 2019 21:02 IST

पिछले साल के कुल खर्च 24 लाख 57 हजार 235 करोड़ से बढ़ाकर 27 लाख 84 लाख 200 करोड़ का बजट पेश किया गया है.

Open in App

चुनाव पूर्व अंतरिम बजट के बारे में आम धारणा यही रहती है कि इसमें खजाने से मतदाताओं के हर वर्ग को लुभाने की कोशिश होगी. वित्त मंत्नी अरुण जेटली की अनुपस्थिति में पीयूष गोयल द्वारा प्रस्तुत बजट की एक कसौटी यकीनन यही होगी. बजट में कोई सख्त कदम नहीं उठाना तथा सभी वर्गो के लिए कुछ न कुछ रियायत या प्रत्यक्ष लाभ देने की कोशिशों को अर्थशास्त्न से ज्यादा राजनीतिक शास्त्न माना जाएगा. किंतु इस बजट को यहीं तक सीमित करने से इसका पूर्ण और निष्पक्ष आकलन नहीं हो पाएगा. चुनाव को ध्यान में रखते हुए भी यह विकास के व्यापक विजन और कार्ययोजनाओं वाला बजट है.

गोयल ने अपने भाषण के अंत में कहा कि यह सिर्फ अंतरिम बजट नहीं, देश की विकास यात्ना का माध्यम है. आगे उन्होंने कहा कि हम देशवासियों के बलबूते पर भारत को दुनिया का एक अग्रणी देश बनाएंगे. हमने एक साथ मिलकर केवल नींव रखी है, अब भारत की जनता के साथ मिलकर देश की भव्य इमारत बनाने जा रहे हैं. इसका अगर सीधे शब्दों में अर्थ लगाएं तो बजट के माध्यम से नरेंद्र मोदी सरकार ने मतदाताओं से कहा है कि अभी तक हमने देश को दुनिया का प्रमुख देश बनाने के लक्ष्य की दृष्टि से नींव तो डाल दी है लेकिन इमारत बनना शेष है यानी इस इमारत को बनाने के लिए हमें आगे भी काम करने का मौका दें. 

पिछले साल के कुल खर्च 24 लाख 57 हजार 235 करोड़ से बढ़ाकर 27 लाख 84 लाख 200 करोड़ का बजट पेश किया गया है. यह वृद्धि 13.3 प्रतिशत है. इसमें सभी वर्ग के मतदाताओं को खुश करने के साथ देश के विकास तथा समाज के सभी तबकों को उसकी मुख्यधारा में रखने का एक व्यापक दर्शन है. 2030 तक का भारत का लक्ष्य निर्धारित कर देना और उसको पूरा करने के लिए 10 आयामों की घोषणा इस बजट को देश निर्माण का एक रोडमैप बना देती है. अगले 10 वर्षो में भारत को 10 खरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य अत्यंत कठिन है लेकिन बजट की खासियत यही है कि पीयूष गोयल का भाषण इस तरह से तैयार किया गया था और हर क्षेत्न के आंकड़े इस तरह से दिए गए कि पहली नजर में लगता है कि वाकई ऐसा हो सकेगा. 

तो यदि भारत की सामाजिक और भौतिक आधारभूत संरचना सुदृढ़ हुई यानी सबको छत, स्वास्थ्य, स्वच्छ वातावरण, समुचित शिक्षा मिले, सुदूर गांव तक का डिजिटलीकरण हो जाए, इलेक्ट्रिक वाहनों में दुनिया में आगे निकल जाए तो कितना बदलाव आ जाएगा इसकी कल्पना करिए. अन्य आयामों में समाज के निचले स्तर को फोकस कर गांवों की अर्थव्यवस्था को सशक्त करते हुए भारत को वैश्विक विनिर्माण का हब बनाने, गंगा सहित सभी नदियों को स्वच्छ कर देने, सबको स्वच्छ पेयजल, सूक्ष्म सिंचाई, समुद्र का पूरा उपयोग, तटीय क्षेत्न का पूरा विकास, अंतरिक्ष में ऊंची छलांग, ऑर्गेनिक कृषि उत्पादन, कृषि का आधुनिकीकरण  आदि ऐसे पहलू हैं जिनकी कल्पना तो हम करते रहे हैं पर एक साथ समग्र रूप में देश के नवनिर्माण के लिए इसे बजट में प्रस्तुत किए जाने का अतीत हमारे पास नहीं था.

टॅग्स :बजट 2018बजट
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारयूपी में 10 वर्ष में ऐसे बढ़ा बजट का आकार?, 8.65 लाख करोड़ रुपए में से 2.85 लाख करोड़ रुपए नहीं हुए खर्च?

भारतDelhi Budget 2026: दिल्ली का 'ग्रीन बजट' 2026, 21% पैसा सिर्फ पर्यावरण पर!

भारतDelhi Budget 2026: क्या है ANMOL स्कीम? सीएम रेखा गुप्ता ने बजट से दिया नवजात शिशुओं को तोहफा

कारोबारहोली-दिवाली पर प्रत्येक व्यक्ति को 1-1 एलपीजी सिलेंडर मुफ्त देने के लिए 260 करोड़ रुपये और बसों में महिलाओं के मुफ्त सफर के लिए 406 करोड़ रुपये, वीडियो

भारतDelhi Budget 2026: रेखा गुप्ता का बड़ा ऐलान, 9,092 करोड़ का सरप्लस!

कारोबार अधिक खबरें

कारोबारपश्चिम एशिया संघर्षः भारत मजबूती से उभरा और हालात का डटकर मुकाबला किया?, विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा- युद्ध से करोड़ों लोग परेशान, वीडियो

कारोबारITR Filing 2026: ITR दाखिल करने से पहले ये बातें जान लेना है बेहद जरूरी, जानें कब से शुरू हो रही है प्रक्रिया और कैसे बचाएं पेनाल्टी

कारोबारGold Rate Today: 4 अप्रैल 2026 को सोना हुआ सस्ता, 24 कैरेट सोने की कीमत ₹ 1,52,650 प्रति 10 ग्राम

कारोबारiPhone जैसा Selfie? Realme 16 5G आया मार्केट में 7000mAh बैटरी, जानें फीचर्स

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?