केवल व्हॉट्सएप चैट्स के आधार पर हुई रिया और आर्यन की गिरफ्तारी, दोनों के पास से ड्रग्स बरामद नहीं हुए

By विशाल कुमार | Published: October 18, 2021 08:03 AM2021-10-18T08:03:09+5:302021-10-18T08:21:29+5:30

दोनों ही मामलों में एनसीबी ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया, उनके मोबाइल फोन तक पहुंच हासिल की और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए डिलीट किए गए व्हाट्सएप चैट सहित इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसों में मौजूद सामग्री का इस्तेमाल किया.

mumbai ncb-aryan-khan-rhea-chakraborty-drug-case-whatsapp-chats | केवल व्हॉट्सएप चैट्स के आधार पर हुई रिया और आर्यन की गिरफ्तारी, दोनों के पास से ड्रग्स बरामद नहीं हुए

आर्यन खान और रिया चक्रवर्ती. (फोटो: पीटीआई)

Next
Highlightsरिया चक्रवर्ती और आर्यन खान के मामलों में कई समानताएं.दोनों मामलों में हिरासत में लिया, फोन तक पहुंच हासिल की और गिरफ्तार किया.एनसीबी न तो ड्रग्स की बरामदगी दिखा पाई और न ही ब्लड टेस्ट किया.

मुंबई: पिछले एक साल में सामने आने वाले दो बड़े मामलों अभिनेत्री रिया चक्रवर्ती और शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान के कथित ड्रग संलिप्तता को लेकर नॉरकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) पूरी तरह से उनके व्हॉट्सएप चैट्स पर निर्भर रही है.

इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों ही मामलों में एनसीबी ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया, उनके मोबाइल फोन तक पहुंच हासिल की और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए डिलीट किए गए व्हाट्सएप चैट सहित इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसों में मौजूद सामग्री का इस्तेमाल किया.

दोनों ही मामलों में केंद्रीय एजेंसी न तो आर्यन या रिया के पास से नशीली दवाओं की बरामदगी दिखाने में सक्षम रही, न ही दोनों में से किसी का ब्लड टेस्ट किया ताकि उनके ड्रग्स सेवन की पुष्टि हो सके.

अक्टूबर 2020 में चक्रवर्ती को जमानत देते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि वह ड्रग डीलरों के सिंडिकेट का हिस्सा नहीं थीं और उन्होंने कथित तौर पर उनके द्वारा खरीदी गई दवाओं को लाभ कमाने के लिए किसी और को नहीं भेजा था.

वहीं, इस महीने की शुरुआत में मुंबई में एक क्रूज जहाज पर छापेमारी के बाद हिरासत में लिए गए आर्यन खान के मामले में एनसीबी ने अरबाज मर्चेंट पर 6 ग्राम चरस पाए जाने का दावा किया, जो क्रूज पर खान के साथ था.

इसने खान के मोबाइल फोन को अपने कब्जे में ले लिया और कहा कि व्हाट्सएप चैट में ऐसे सबूत हैं जो उनके दो स्वैच्छिक बयानों के साथ नशीले पदार्थों के सेवन का संकेत देते हैं.

कुछ साबित नहीं करते हैं व्हॉट्सएप चैट

इससे पहले के कई मामलों में यह दलील दी जा चुकी है कि पुख्ता सबूतों की गैरमौजूदगी में व्हॉट्सएप चैट कुछ भी साबित नहीं करते हैं.

इस साल की शुरुआत में अभिनेता ध्रुव ताहिल को मुंबई पुलिस के एंटी-नॉरकोटिक सेल ने उनके व्हॉट्सएप चैट में कथित नॉरकोटिक सप्लायर के होने और दोनों के बीच लेन-देने के आधार पर गिरफ्तार किया था.

दोनों को जून में जमानत मिल गई और अदालत ने कहा कि कोई साजिश या मादक पदार्थों की तस्करी साबित नहीं हुई.

कैसे काम करती हैं एनसीबी जैसी एजेंसियां

एनसीबी जैसी एजेंसियां आमतौर पर प्रमुख ड्रग विक्रेताओं और आपूर्तिकर्ताओं पर ध्यान केंद्रित करती हैं और केवल प्रतिबंधित पदार्थों के सेवन के मामलों में शामिल होती हैं.

ऐसे मामलों में आम तौर पर ब्लड टेस्ट किया जाता है और पॉजिटिव पाए जाने वाले लोगों पर इस्तेमाल करने का आरोप लगाया जाता है.

कानून के सामने सभी बराबर

अतीत में ड्रग्स का सेवन करते पाए जाने वालों को अदालतें पीड़ित मानने की बात कह चुकी हैं. एनडीपीएस अधिनियम के तहत, उपभोग के आरोप में नशामुक्ति करने के इच्छुक लोगों को दंडित नहीं किया जाता है.

एनसीबी का तर्क रहता है कि मशहूर हस्तियां रोल मॉडल हैं और इसलिए उनकी अधिक जिम्मेदारी होती है. हालांकि, पिछले साल चक्रवर्ती को जमानत देते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने इस तर्क से असहमति जताई थी. अदालत ने कहा था कि मैं इससे सहमत नहीं हूं. कानून के सामने सब समान हैं.

Web Title: mumbai ncb-aryan-khan-rhea-chakraborty-drug-case-whatsapp-chats

भारत से जुड़ी हिंदी खबरों और देश दुनिया खबरों के लिए यहाँ क्लिक करे. यूट्यूब चैनल यहाँ इब करें और देखें हमारा एक्सक्लूसिव वीडियो कंटेंट. सोशल से जुड़ने के लिए हमारा लाइक करे