लाइव न्यूज़ :

अयोध्या: भूमि भ्रष्टाचार के कथित मामले को लेकर कांग्रेस ने भाजपा पर साधा निशाना, कही ये बात

By मनाली रस्तोगी | Updated: August 8, 2022 16:56 IST

कांग्रेस ने मांग की कि सुप्रीम कोर्ट को इस मामले का संज्ञान लेना चाहिए, जिसमें कथित तौर पर उत्तर प्रदेश के कुछ भारतीय जनता पार्टी के नेता शामिल हैं।

Open in App
ठळक मुद्देकांग्रेस का दावा है कि भाजपा राम जन्मभूमि ट्रस्ट को दिए गए चंदे से 'चोरी' कर रही है।कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि हम इस मामले को जून 2021 से उठा रहे हैं कि अयोध्या की जमीन पर भारी भ्रष्टाचार हुआ है।उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार के अधीन आने वाले अयोध्या विकास प्राधिकरण को अंत में यह बात माननी पड़ी।

नई दिल्ली: कांग्रेस ने सोमवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर राम मंदिर के संबंध में अयोध्या में भूमि भ्रष्टाचार के एक कथित मामले में शामिल होने का आरोप लगाया। कांग्रेस का दावा है कि भाजपा राम जन्मभूमि ट्रस्ट को दिए गए चंदे से 'चोरी' कर रही है। कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा, "हम इस मामले को जून 2021 से उठा रहे हैं कि अयोध्या की जमीन पर भारी भ्रष्टाचार हुआ है।"

उन्होंने आगे कहा, "राम जन्मभूमि ट्रस्ट में आए चंदे में चोरी [रिपोर्ट] हुई है...यह किसी भू-माफिया ने नहीं, बल्कि अयोध्या में माफिया बने भाजपा नेताओं ने किया है। उत्तर प्रदेश सरकार के अधीन आने वाले अयोध्या विकास प्राधिकरण को अंत में यह बात माननी पड़ी।" वह उन 40 लोगों की सूची का जिक्र कर रही थीं जिनके नाम कथित भूमि भ्रष्टाचार मामले में जारी किए गए थे और कांग्रेस प्रवक्ता ने दावा किया कि सूची में अयोध्या से भाजपा विधायक वेद प्रकाश गुप्ता, मेयर ऋषिकेश उपाध्याय और पूर्व विधायक गोरखनाथ का नाम है।

श्रीनेत ने मामले से जुड़े तीन प्रमुख बिंदुओं को भी बताया- पहला: भाजपा ने सस्ते दरों पर जमीन खरीदी और उन्हें ट्रस्ट को ऊंचे दाम पर बेच दिया; दूसरा: ट्रस्ट को बेची गई 70 एकड़ जमीन के अलावा आसपास की जमीन भाजपा नेताओं को सस्ते दर पर बेची गई, जो ब्लूप्रिंट के बारे में जानते थे; तीसरा: दलितों से जमीन के कई भूखंड छीन लिए गए, जिनकी न्यायिक सुनवाई चल रही है।

उन्होंने ये भी कहा कि यह आस्था के साथ खिलवाड़ नहीं है, यह धन की चोरी नहीं है, यह मुनाफाखोरी नहीं है, यह भगवान राम के नाम पर लूट नहीं है, तो लूट क्या है? उत्तर प्रदेश भाजपा प्रवक्ता अवनीश त्यागी ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "एक जांच जारी है। प्रचलन में सूची की प्रामाणिकता अभी भी ज्ञात नहीं है। जांच के निष्कर्ष सबके सामने होंगे। तो किसी निष्कर्ष पर पहुंचने की जल्दबाजी क्यों करें।" कांग्रेस ने यह भी मांग की कि सुप्रीम कोर्ट को मामले का संज्ञान लेना चाहिए।

टॅग्स :कांग्रेसभारतीय जनता पार्टीअयोध्या
Open in App

संबंधित खबरें

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

कारोबारकेरलम विधानसभा चुनावः वृद्ध आबादी 16.5 प्रतिशत?, पेंशन, स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा सबसे बड़े चुनावी मुद्दे?, देखिए किस दल ने क्या दिया तोहफा?

ज़रा हटकेVIDEO: असम में योगी का बड़ा बयान, 'घुसपैठियों को बाहर करना ही होगा'

भारतश्रीपेरंबुदूर से उम्मीदवार तमिलनाडु कांग्रेस अध्यक्ष सेल्वापेरुन्थगई, 27 उम्मीदवार घोषित, देखिए

भारतबिहार चुनावः 2026 में 17 सीट खाली, राज्यसभा के बाद MLC इलेक्शन में भी तेजस्वी यादव को लगेगा झटका, 1 सीट के लिए 25 विधायक?

भारत अधिक खबरें

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल