बिहार: तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और एनडीए सरकार पर बोला तीखा हमला, कहा- युवाओं पर लाठियां बरसाई जा रही हैं
By एस पी सिन्हा | Updated: May 8, 2026 18:42 IST2026-05-08T18:42:30+5:302026-05-08T18:42:42+5:30
तेजस्वी यादव ने कहा कि चुनाव से पहले एनडीए नेताओं ने युवाओं से वादा किया था कि सरकार बनने के तुरंत बाद टीआरई- 4 भर्ती का विज्ञापन जारी किया जाएगा। लेकिन सरकार गठन के कई महीने बाद भी बहाली प्रक्रिया शुरू नहीं हुई।

बिहार: तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और एनडीए सरकार पर बोला तीखा हमला, कहा- युवाओं पर लाठियां बरसाई जा रही हैं
पटना: बिहार में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार के हालिया मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और एनडीए सरकार पर तीखा हमला बोला। वहीं, पटना में शिक्षक अभ्यर्थियों पर हुए लाठीचार्ज पर उन्होंने कहा कि एनडीए नेताओं ने अपने-अपने बच्चों को मंत्री बना दिया, लेकिन नौकरी मांग रहे युवाओं पर लाठियां बरसाई जा रही हैं। तेजस्वी यादव ने कहा कि चुनाव से पहले एनडीए नेताओं ने युवाओं से वादा किया था कि सरकार बनने के तुरंत बाद टीआरई- 4 भर्ती का विज्ञापन जारी किया जाएगा। लेकिन सरकार गठन के कई महीने बाद भी बहाली प्रक्रिया शुरू नहीं हुई।
शुक्रवार को राजद के प्रदेश कार्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अब जब बेरोजगार युवा सड़क पर उतरकर सिर्फ विज्ञापन जारी करने की मांग कर रहे हैं, तो उन्हें लाठी से जवाब दिया जा रहा है। तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा और जदयू परिवारवाद के खिलाफ सिर्फ बयानबाजी करते हैं, जबकि उनकी कथनी और करनी में बड़ा अंतर है। तेजस्वी ने कहा कि जिन नेताओं ने कभी परिवारवाद के मुद्दे पर राजनीति की, आज वही लोग अपने परिवार के सदस्यों को बिना चुनाव लड़े मंत्री बना रहे हैं।
उन्होंने निशांत कुमार और दीपक प्रकाश को मंत्री बनाए जाने पर सवाल उठाते हुए कहा कि दोनों बिना चुनाव लड़े और बिना किसी सदन के सदस्य बने मंत्री पद तक पहुंच गए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री पहले ‘शहजादे’ कहकर हमला करते थे, लेकिन अब बताना चाहिए कि "असली शहजादे कौन" हैं। आज एनडीए के लगभग हर दल में परिवारवाद दिखाई दे रहा है। तेजस्वी यादव ने दावा किया कि बिहार कैबिनेट में कई ऐसे मंत्री हैं जो राजनीतिक परिवारों से आते हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा अब परिवारवाद पर बोलने का नैतिक अधिकार खो चुकी है। वहीं, सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि नई सरकार बनने के बाद पहले छह महीने सिर्फ सरकार गठन और नेतृत्व परिवर्तन में निकल गए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ मंत्री पांच महीने भी अपने पद पर नहीं टिक पाए और सरकार के पास कोई स्पष्ट विजन नहीं है। तेजस्वी यादव ने यह भी आरोप लगाया कि बिहार का खजाना खाली है और सरकार के पास विकास योजनाओं को लागू करने के लिए संसाधनों की कमी है।
उन्होंने कहा कि ठेकेदारों, पेंशनधारियों और कर्मचारियों के भुगतान तक में दिक्कत हो रही है। उन्होंने सरकार की नई घोषणाओं पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि जो सरकार इंदिरा आवास जैसी योजनाओं को पूरी तरह लागू नहीं कर पाई, वह नए शहर बसाने और हर जिले में एयरपोर्ट बनाने की बातें कर रही है। महिलाओं की भागीदारी को लेकर भी उन्होंने सरकार को घेरा और पूछा कि क्या कैबिनेट में 33 प्रतिशत महिलाओं को जगह दी गई है।
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि जिन महिलाओं को मौका मिला भी है, वे भी राजनीतिक परिवारों से जुड़ी हुई हैं। अपने संगठनात्मक कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि राजद अब संगठन को और मजबूत करने की तैयारी में जुटी है। पार्टी हर जिले और प्रखंड स्तर पर कैडर को मजबूत करेगी और जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाएगी। उन्होंने बताया कि उनकी आगामी यात्रा का कार्यक्रम जल्द जारी किया जाएगा।