लाइव न्यूज़ :

Coronavirus : कोरोना वायरस पर काबू पाने के लिए चीन की तरह भारत को भी करना चाहिए ये काम

By भाषा | Updated: March 28, 2020 17:32 IST

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि सर्वाधिक प्रभावित वुहान शहर में इस वैश्विक महामारी को फैलने से रोकने तथा बेहद कम समय में बड़े पैमाने पर संसाधन जुटा लेने की दिशा में बीजिंग की ओर से उठाए गए सख्त कदम भारत के लिए सबक हैं। 

Open in App

चीन ने, कोरोना वायरस के प्रकोप की जानकारी शुरुआत में छिपाने को लेकर हो रही अंतरराष्ट्रीय आलोचना के बीच, अब काफी हद तक इस पर काबू पा लिया है और स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि सर्वाधिक प्रभावित वुहान शहर में इस वैश्विक महामारी को फैलने से रोकने तथा बेहद कम समय में बड़े पैमाने पर संसाधन जुटा लेने की दिशा में बीजिंग की ओर से उठाए गए सख्त कदम भारत के लिए सबक हैं। 

यह वायरस भले ही चीन में सबसे पहले सामने आया लेकिन कोविड-19 के मामले और इससे मरने वालों की संख्या के लिहाज से इटली, स्पेन और अमेरिका ने चीन को पीछे छोड़ दिया है। यहां अब इस बात को लेकर जिज्ञासा बढ़ गई है कि भारत इस वैश्विक महामारी से कैसे निपटने वाला है और क्या देश में जारी 21 दिन के राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन (बंद) से वायरस के प्रकोप को रोकने में मदद मिलेगी। 

भारत के राष्ट्रव्यापी बंद की मोटे तौर पर तुलना चीन की उस बेरहम कार्रवाई से की जा रही है जिसमें उसने हुबेई प्रांत और उसकी राजधानी के 5.6 करोड़ लोगों की आवाजाही पर 23 जनवरी के बाद से पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया था। 

विशेषज्ञों ने बताया कि वुहान में लॉकडाउन लागू करने के पीछे चीन का मकसद बीमारी को प्रांत तक ही सीमित रखना था जबकि भारत के बंद का लक्ष्य वुहान जैसे केंद्र बनने से रोकना है। 

संपूर्ण भारत बंद यहां स्वास्थ्य विशेषज्ञों के लिए चौंकाने वाला कदम था क्योंकि चीन ने वायरस के प्रसार को रोकने के लिए सिर्फ हुबेई प्रांत को बंद किया था। पूरे देश की रफ्तार भले ही थम गई हो लेकिन वहां बंद जैसा कोई कदम प्रभावी नहीं था। लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना वायरस विश्व के लिए इतनी बड़ी चुनौती इसलिए बन गया है क्योंकि बीजिंग ने देर से कार्रवाई की। 

चीन ने 23 जनवरी को हुबेई प्रांत और उसकी राजधानी वुहान में बंद लागू किया था लेकिन भारत और पूरे विश्व ने काफी पहले ही चिंता जतानी शुरू कर दी थी। इस बीच, चीन ने कहा कि बंद से राहत देने की उसकी योजना के तहत वह वायरस के केंद्र हुबेई प्रांत से घरेलू यात्री उड़ान सेवाएं रविवार से शुरू करेगा। हालांकि वुहान इस सेवा के दायरे में नहीं आएगा। 

टॅग्स :कोरोना वायरससीओवीआईडी-19 इंडियाचीनवुहान
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारअमेरिका-इजराइल ईरान युद्ध के बीच रूस का खामोश खेल

विश्वक्या जख्म पर मरहम लगाएंगे बालेन शाह?

विश्वईरान के साथ युद्ध और यात्रा स्थगित?, 14 और 15 मई को चीन जाएंगे अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, देखिए शेयडूल

कारोबारईरानी निशाने पर इजराइल नहीं, खाड़ी के देश!

कारोबारपश्चिम एशिया संकटः यूरिया का उत्पादन 50 प्रतिशत कम, गैस आपूर्ति घटकर 60-65 प्रतिशत, एक्शन में मोदी सरकार?

स्वास्थ्य अधिक खबरें

स्वास्थ्यसन फार्मा ने लॉन्च किया ‘हार्ट के लिए 8- मेकिंग इंडिया हार्ट स्ट्रॉन्ग’ कैंपेन, दिल के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए भारतीयों से रोजाना में अच्छी आदतें अपनाने का आग्रह

स्वास्थ्यऑटिज्म : समझ और स्वीकार्यता की जरूरत

स्वास्थ्यफोर्टिफाइड चावल : पोषण या स्वास्थ्य पर संकट ?

स्वास्थ्यचीनी का सेवन कम कीजिए और खाना बनाते समय तेल का प्रयोग 10 प्रतिशत तक घटाएं?, प्रधानमंत्री मोदी बोले-छोटे प्रयास करिए और मोटापे को दूर भगाएं?

स्वास्थ्यरात में सिर्फ़ 11 मिनट ज़्यादा सोने से हार्ट अटैक का खतरा हो सकता है कम