Suryakumar Yadav: साल 2025, 21 मैच, औसत 13.62, स्ट्राइक रेट 123.16 और 218 रन?, न्यूजीलैंड के खिलाफ कमाल, 5 मैच, औसत  80.66, स्ट्राइक रेट 196.74 और रन 242

Suryakumar Yadav: दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चार पारियों में वह केवल 34 रन बनाए थे, जिसमें उनका उच्चतम स्कोर 12 रन था।

By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: February 1, 2026 13:00 IST2026-02-01T12:58:42+5:302026-02-01T13:00:22+5:30

Suryakumar Yadav Year 2025, 21 matches, average 13-62 strike rate 123-16 and 218 runs amazing against New Zealand, 5 matches average 80-66, strike rate 196-74 and runs 242 | Suryakumar Yadav: साल 2025, 21 मैच, औसत 13.62, स्ट्राइक रेट 123.16 और 218 रन?, न्यूजीलैंड के खिलाफ कमाल, 5 मैच, औसत  80.66, स्ट्राइक रेट 196.74 और रन 242

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HighlightsSuryakumar Yadav: मेरा स्ट्राइक रेट 200-250 रहता था।Suryakumar Yadav: अपना स्ट्राइक रेट दोगुना कर लेता हूं।Suryakumar Yadav: अच्छा प्रदर्शन करने में संघर्ष करना पड़ा था।

तिरुवनंतपुरमः भारत की टी20 टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव ने कहा कि पिछले साल दक्षिण अफ्रीका श्रृंखला के बाद मिले ब्रेक और बल्लेबाजी में किए गए कुछ बदलाव से उन्हें अपनी फॉर्म में वापसी करने में मदद मिली। सूर्यकुमार ने शनिवार से शुरू होने वाले टी20 विश्व कप से ठीक पहले न्यूजीलैंड पर भारत की 4-1 से जीत में आगे बढ़कर नेतृत्व करते हुए कुछ उम्दा पारियां खेली। सूर्यकुमार पिछले साल रन बनाने के लिए जूझ रहे थे। वह इस दौरान एक भी अर्धशतक नहीं बना पाए थे लेकिन उन्होंने शानदार वापसी करके न्यूजीलैंड के खिलाफ श्रृंखला में सर्वाधिक रन बनाए और उन्हें श्रृंखला का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया। दिसंबर में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ श्रृंखला के बाद सूर्यकुमार ने आत्मचिंतन किया और अपने खेल में कुछ बदलाव किए।

दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चार पारियों में वह केवल 34 रन बनाए थे, जिसमें उनका उच्चतम स्कोर 12 रन था। सूर्यकुमार ने न्यूजीलैंड के खिलाफ पांचवें और अंतिम टी20 क्रिकेट मैच में भारत की 46 रन से जीत के बाद कहा, ‘‘दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ श्रृंखला के बाद मुझे ब्रेक मिला। मैंने घर लौटने पर अपना किट बैग एक तरफ रखा और नौ-दस दिन तक आराम किया।’’

उन्होंने कहा, ‘‘नए साल की शुरुआत से ही मैंने फिर से अभ्यास करना शुरू कर दिया और पिछले साल की कमियों पर विचार किया। विशेष रूप से शुरुआती ओवरों में मेरे स्ट्राइक रेट पर मैंने चिंतन किया।’’ सूर्यकुमार ने कहा,‘‘मैं 2021-23 में शुरुआती पांच-दस गेंदों पर आक्रामक बल्लेबाजी करता था और मेरा स्ट्राइक रेट 200-250 रहता था।

अब मैं शुरुआती पांच-सात गेंदों पर संभलकर खेलता हूं और उसके बाद अपना स्ट्राइक रेट दोगुना कर लेता हूं। नागपुर में खेले गए पहले ही मैच से यह रणनीति कारगर साबित हुई, जिससे मुझे लय मिली और मेरी फॉर्म में सुधार हुआ।‘‘ भारत के सर्वश्रेष्ठ टी20 बल्लेबाजों में से एक सूर्यकुमार को कप्तानी संभालने के बाद से लगातार अच्छा प्रदर्शन करने में संघर्ष करना पड़ा था।

उन्होंने 2025 में 21 मैचों में केवल 218 रन बनाए। उनका औसत 13.62 और स्ट्राइक रेट 123.16 रहा। लेकिन न्यूजीलैंड के खिलाफ उन्होंने पांच मैचों में 80.66 के औसत और 196.74 के स्ट्राइक रेट से 242 रन बनाए। भारत की निगाहें अब लगातार दूसरी बार टी20 विश्व कप जीतने पर टिकी हैं। भारत इस टूर्नामेंट की मेजबानी करेगा।

सूर्यकुमार ने कहा, ‘‘घरेलू मैच हमेशा दबाव लाते हैं, लेकिन इसके बिना खेल में कोई रोमांच नहीं होता। अब तक कोई भी टीम लगातार दूसरा विश्व कप नहीं जीत पाई है। यह संतोषजनक जिम्मेदारी और सकारात्मक दबाव जैसा लगता है। सभी स्टेडियमों में भारी संख्या में दर्शकों के समर्थन को लेकर मैं उत्साहित हूं।’’

सूर्यकुमार ने कहा कि गेंदबाजी से समझौता किए बिना बल्लेबाजी को मजबूत करने के लिए टीम संयोजन को भी बेहतर बनाया गया है। उन्होंने अपने बल्लेबाजों को खुलकर खेलने के लिए भी प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा, ‘‘हर खिलाड़ी अपनी अनूठी पहचान लेकर आता है। अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, संजू सैमसन, सभी राज्य और फ्रेंचाइजी स्तर पर अपनी शैली के अनुरूप बल्लेबाजी करते हैं।

मैंने उन्हें अपनी शैली पर बने रहने के लिए प्रोत्साहित किया है। उनके निडर रवैये ने कप्तान के रूप में मेरे काम को आसान बना दिया है।’’ किशन ने लंबे समय तक टीम से बाहर रहने के बाद शानदार वापसी करते हुए अपनी दावेदारी मजबूत की है। सूर्यकुमार ने कहा कि सलामी बल्लेबाज के तौर पर विकेटकीपर-बल्लेबाज को लेकर अंतिम फैसला शनिवार को वानखेड़े स्टेडियम में अमेरिका के खिलाफ विश्व कप के पहले मैच से पहले लिया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘तिलक वर्मा की स्थिति अभी अनिश्चित है।

मुझे पता चला है कि वह अच्छी बल्लेबाजी कर रहा है और फॉर्म में दिख रहा है। उसकी वापसी से अंतिम एकादश का चयन करना आसान नहीं होगा, क्योंकि टीम के सभी 15 सदस्य अंतिम एकादश में जगह बनाने के दावेदार हैं। सलामी बल्लेबाज के रूप में ईशान किशन और संजू सैमसन में से किसे खिलाया जाएगा, इस पर अंतिम फैसला सात फरवरी को किया जाएगा।’’

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