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11 अगस्त को होगा साल का आखिरी सूर्य ग्रहण, कतई ना करें ये 5 काम वरना होगा भारी नुकसान

By मेघना वर्मा | Updated: August 10, 2018 08:38 IST

Surya Grahan 2018 Date & Time ,Importance ,Significance, Do's and Don'ts during Surya Grahan: सूर्य ग्रहण को भारत समेत कई देशों में बुरा माना जाता है।  इतना ही नहीं सूर्य ग्रहण से कुछ समय पूर्व शुरू होने वाले सूतक काल को भी बुरा समय माना जाता है।

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11 अगस्त को इस साल का आखिरी सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है। ज्योतिष परिणामों के अनुसार साल 2018 में कुल तीन सूर्य ग्रहण हैं, जिसमें से साल का तीसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण 11 अगस्त को पड़ने वाला है। यह आंशिक सूर्य ग्रहण होगा। 3 घंटे 28 मिनट तक चलने वाला यह सूर्य ग्रहण कई मायनों में खास है, क्योंकि कुछ दिनों पहले ही दुनिया ने सदी के सबसे लंबे चंद्रग्रहण और ब्लड मून को देखा गया था। इस ग्रहण के समय में कई चीजों की सावधानी रखनी पड़ी थी। 

उत्तरी गोलार्द्ध में दिखेगा सूर्य ग्रहण

इस बार का सूर्य ग्रहण आंशिक है, जो कि पृथ्वी के उत्तरी गोलार्द्ध में दिखाई देगा। वैज्ञानिकों के मुताबिक, इस बार सूर्य ग्रहण पूर्वी एशिया, रूस में देखा जाएगा। हालांकि भारत में साल के आखिरी सूर्य ग्रहण का दीदार लोग नहीं कर सकेंगे। 

क्या होता है सूर्य ग्रहण

जब सूर्य और पृथ्‍वी की कक्षा के बीच में चंद्रमा आ जाता है तो सूर्य पर इसकी छाया पड़ती है। आंशिक सूर्यग्रहण में चंद्रमा, सूर्य और पृथ्‍वी एक सीधी रेखा में नहीं आते और चंद्रमा की कुछ छाया सूर्य की सतह पर पड़ती है। पूर्ण सूर्यग्रहण में यह सीधी रेखा में आ जाते हैं।

लिहाजा चंद्रमा की वजह से सूर्य की किरणें पृथ्‍वी तक नहीं पहुंच पातीं। नतीजतन कुछ पलों के लिए पूरी तरह से अंधेरा होने की स्थिति उत्‍पन्‍न हो जाती है। इसी घटना का सूर्य ग्रहण कहा जाता है।

इन कामों को करने से बचें

सूर्य ग्रहण को भारत समेत कई देशों में बुरा माना जाता है।  इतना ही नहीं सूर्य ग्रहण से कुछ समय पूर्व शुरू होने वाले सूतक काल को भी बुरा समय माना जाता है। कहा जाता है कि इस दौरान कुछ काम नहीं करने चाहिए।

1. सूर्य ग्रहण के समय मंत्र जाप, ध्यान लगाना, प्रार्थना करना और हवन करना अच्छा फल देते हैं लेकिन इस दौरान मूर्ती पूजा बिल्कुल नहीं करना चाहिए। ग्रहण के बाद भगवान की मूर्तियों पर गंगाजल छिड़कर उन्हें शुद्ध करना चाहिए।

2. ग्रहण काल के दौरान तुलसी के पौधे को नहीं छूना चाहिए। ग्रहण के बाद इसपर भी गंगाजल छिड़कर ही पूजा करना चाहिए। 

3. ग्रहण में भोजन करना, खाना पकाना, नहाना, शौच के लिए जाना और सोना आदि कामों को करने से बचना चाहिए।  

4. सूर्य ग्रहण लगने से पहले घर में रखे दूध, दही व अन्य खाने की वस्तुओं में तुलसी के पत्ते डालें। मान्यता है कि खाने पीने की वस्तुओं में तुलसी के पत्ते डालने से इन पर ग्रहण का असर नहीं पड़ता है।

5. अगर आप आराम करना चाहते हैं तो सूर्य ग्रहण से पूर्व ही कर लें। क्योंकि सूर्य ग्रहण के दौरान आराम करने की मनाही होती है. हालांकि कहा जाता है कि ग्रहण बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों पर लागू नहीं होता है। 

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