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सुशांत सिंह राजपूत मामले में हो रही है MDMA ड्रग, CBD Oil की चर्चा, क्या है यह दोनों चीजें, क्यों किया जाता है इनका इस्तेमाल

By उस्मान | Updated: August 26, 2020 18:17 IST

रिया चक्रवर्ती के वॉट्सऐप चैट ने सुशांत सिंह राजपूत मामले को 'ड्रग ऐंगल' दे दिया है

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ठळक मुद्देरिया के वॉट्सऐप चैट से यह खबर सामने आई थी कि वो ड्रग्स डीलरों के संपर्क में थींचैट से ये भी पता चलता है कि सुशांत सिंह राजपूत ड्रग्स की चपेट में थे

सुशांत सिंह राजपूत मौत मामले में लगातार कई खुलासे हो रहे हैं। केस में अब ड्रग्स के एंगल ने नया मोड़ ले लिया है। रिया चक्रवर्ती के वॉट्सऐप चैट से यह खबर सामने आई थी कि रिया चक्रवर्ती ड्रग्स डीलरों के संपर्क में थीं। इस चैट को हालांकि रिया ने तो डिलीट कर दिया था लेकिन अधिकारियों के इसे रीट्रीव किया तो इसमें 'ड्रग ऐंगल' भी सामने आया है। 

चैट से ये भी पता चलता है कि सुशांत सिंह राजपूत ड्रग्स की चपेट में थे और उन्होंने इसे छोड़ने का वादा किया था। दरअसल, इस चैट में एक प्रतिबंधित ड्रग्स MDMA और गांजा का तेल (Cannabidiol oil) का बार-बार जिक्र हो रहा है। चलिए जानते हैं यह दोनों चीजें क्या होती हैं और इनका इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया जाता है। 

MDMA drug क्या है?

ड्रग एब्यूज ओर्ग के अनुसार, मिथाइलेंडीऑक्सी-मेथम्फेटामाइन (एमडीएमए) एक सिंथेटिक दवा है जो मूड और धारणा (आसपास की वस्तुओं और स्थितियों के बारे में जागरूकता) को बदल देती है। यह रासायनिक रूप से उत्तेजक होती है यानी इसे खाने से एनर्जी, प्लेजर, इमोशन बढ़ जाते हैं। एमडीएमए ड्रग्स का पहले नाइट क्लब और ऑल-नाइट डांस पार्टियों जिन्हें रेव पार्टी भी कहते में किया जाता था लेकिन अब इस दवा पर बैन है।

MDMA drug का उपयोग कैसे किया जाता है?

एमडीएमए ड्रग्स का उपयोग करने वाले लोग आमतौर पर इसे कैप्सूल या टैबलेट के रूप में लेते हैं। कुछ इसे तरल रूप में निगलते हैं या पाउडर को सूंघते हैं। इस दवा का लोकप्रिय उपनाम मौली है और आमतौर पर इसे कैप्सूल के रूप में बेचा जाता है। 

रिसर्चरों का कहना है कि MDMA के साथ कई ड्रग्स का काम्बिनेशन खतरनाक होता है। जब कोई शख्स इसे टैबलेट या कैप्सूल के रूप में लेता है तो औसतन इसका असर आने में 45 मिनट तक का वक्त लगता है। 

इस ड्रग का असर कई बार 15-30 मिनट में पीक पर होता है यह औसतन 3 घंटे तक रहता है। हालांकि कुछ दिनों बाद इसका साइडइफेक्ट भी आता है। आम तौर पर लोग एक या दो टैबलेट एकसाथ लेते हैं। एक टैबलेट में आमतौर पर 50-150 मिलीग्राम MDMA होता है।

MDMA ब्रेन को कैसे प्रभावित करता है?

MDMA ब्रेन में तीन रसायनों की गतिविधि को बढ़ाता है1) डोपामाइन-इसके बढ़ने से व्यवहार में बदलाव आता है और ऊर्जा बढ़ने लगती है। 2) Norepinephrine- हृदय गति और रक्तचाप बढ़ाता है, जो विशेष रूप से हृदय और रक्त वाहिका की समस्याओं वाले लोगों के लिए जोखिम भरा है। 3) सेरोटोनिन- मूड, भूख, नींद और अन्य कार्यों को प्रभावित करता है। यह हार्मोन को भी बढ़ाता है जो यौन उत्तेजना और विश्वास को प्रभावित करता है।

CBD Oil क्या है ?

वेबएमडी के अनुसार, गांजा एक ऐसा पौधा है, जिसे नशे के लिए इस्तेमाल किया जाता है। गांजे के बीज से ही तेल निकाला जाता है। गांजा के तेल को सीबीडी ऑयल (CBD Oil) भी कहते हैं। सीबीडी ऑयल पिछले कुछ समय में अपने औषधीय गुणों के कारण काफी पॉपुलर हुआ है।

CBD Oil के फायदे

ऐसा माना जाता है कि इसके इस्तेमाल से तनाव दूर करने, अनिद्रा का इलाज करने, जोड़ों के दर्द से राहत पाने, डिप्रेशन से बचने और कैंसर से बचने में मदद मिल सकती है। 

CBD Oil के नुकसान

इसके इस्तेमाल से माउथ ड्राईनेस, लो ब्लड प्रेशर और उनींदापन शामिल हैं। कुछ रोगियों में लीवर में गड़बड़ी के लक्षण भी सामने आए हैं, लेकिन यह कम आम है।

लीवर की बीमारी: लीवर की बीमारी से पीड़ित लोगों में को स्वस्थ रोगियों की तुलना में गांजा तेल की कम खुराक का उपयोग करने की आवश्यकता हो सकती है।

पार्किंसंस रोग: कुछ शुरुआती शोध से पता चलता है कि गांजा ऑयल की ज्यादा खुराक लेने से मसल्स की बीमारी वाले लोगों में मांसपेशियों की गति और कंपकंपी हो सकती है।

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