लाइव न्यूज़ :

न्यूयॉर्क में अब लिंग बताने के स्थान पर होगा ‘एक्स’ का विकल्प

By भाषा | Updated: June 25, 2021 14:48 IST

Open in App

अल्बानी (अमेरिका), 25 जनवरी (एपी) न्यूयॉर्क में ट्रांजेंडर द्वारा लंबे समय से की जा रही मांग को आखिरकार स्वीकार कर लिया गया है और अब चालकों के ‘लाइसेंस’ तथा जन्म प्रमाणपत्र पर ‘महिला’, ‘पुरुष’ के अलावा लिंग बताने के स्थान पर ‘एक्स’ का विकल्प भी होगा।

न्यूयॉर्क के गवर्नर एंड्रयू कुओमो ने बृहस्पतिवार को इस संबंध में एक कानून पर हस्ताक्षर किए थे, जिसके बाद यह कदम उठाया गया। यह नया कानून 180 दिन में अमल में आएगा।

‘नॉनबाइनरी न्यू यॉर्कर्स’ ने मार्च में यह तर्क देते हुए एक मुकदमा दायर किया था कि राज्य नॉन-बाइनरी, इंटरसेक्स को इंगित करने के लिए ‘‘एक्स’’ विकल्प प्रदान करने में विफल रहा है जो कि एक तरह का भेदभाव है।

‘नॉन बाइनरी’ शब्द का इस्तेमाल उन लोगों के लिए किया जाता है, जो न तो पुरुष और न ही महिला लिंग से नाता रखते हैं, जो लिंग बाइनरी के बाहर हैं।

नए कानून के तहत न्यूयॉर्क वासियों को अब नाम बदलने की जानकारी, पता, जन्म स्थान और जन्म तिथि किसी समाचार पत्र में प्रकाशित नहीं करनी होगी। पुराने कानून के तहत नाम परिवर्तन के 60 दिनों के भीतर इसे समाचार पत्र में प्रक्राशित कराना होता था। वे हिंसा या भेदभाव के भय के कारण लिंग उजागर ना करने की मांग भी कर सकते हैं। लिंग संबंधी पहचान में बदलाव की जानकारी व्यक्तिगत रूप से संघीय आव्रजन अधिकारी को देने की आवश्यकता भी नहीं होगी।

न्यूयॉर्क के दो-तिहाई ट्रांसजेंडर का कहना है कि ‘नेशनल सेंटर फॉर ट्रांसजेंडर इक्वेलिटी’ द्वारा 2015 में किए गए लगभग 1,800 न्यूयॉर्क निवासियों के सर्वेक्षण में उनके द्वारा बताए गए लिंग और नाम किसी की भी आईडी (पहचान पत्र) में नहीं हैं।

‘न्यूयॉर्क सिविल लिबर्टीज यूनियन’ की कार्यकारी निदेशक डोना लिबरमैन ने एक बयान में कहा, ‘‘ ‘जेंडर रिकग्निशन एक्ट’ सिर्फ लोगों की उचित दस्तावेजों तक ही पहुंच सुनिश्चित नहीं करेगा, बल्कि सरकार द्वारा स्वीकृत कलंक, लालफीताशाही, और भेदभाव को समाप्त करेगा जो न्यूयॉर्क वासियों के लिए उन पहचान दस्तावेजों को हासिल करने में बाधा उत्पन्न कर रहा था, जो दर्शातें हैं कि वे कौन हैं।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारतJammu-Kashmir: आतंकियों से सांठ-गांठ के चलते गई नौकरी, 2 सरकारी कर्मचारी बर्खास्त; अब तक 90 अधिकारी

भारतWest Bengal Polls 2026: ममता बनर्जी ने भवानीपुर सीट से नामांकन दाखिल किया, जानें चुनावी समीकरण

स्वास्थ्यसन फार्मा ने लॉन्च किया ‘हार्ट के लिए 8- मेकिंग इंडिया हार्ट स्ट्रॉन्ग’ कैंपेन, दिल के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए भारतीयों से रोजाना में अच्छी आदतें अपनाने का आग्रह

क्रिकेटDC vs GT, IPL 2026: दिल्ली में बादलों का डेरा, जानें DC vs GT मैच में बारिश खेल बिगाड़ेगी या नहीं?

कारोबारRBI MPC Meeting: रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं, आरबीआई ने 5.25% को रखा बरकरार; नहीं बढ़ेगी आपकी ईएमआई

विश्व अधिक खबरें

विश्वइजरायल ने किया अमेरिका के सीजफायर का समर्थन, मगर हिजबुल्लाह के खिलाफ जंग रहेगी जारी

विश्वझुके ट्रंप? अमेरिका के 2 हफ्तों के युद्धविराम को ईरान ने बताया ऐतिहासिक जीत, कही ये बात

विश्वइस ड्रोन और उस ड्रोन में कितना फर्क है...!

विश्वहोर्मुज जलडमरूमध्य खोलने पर सहमत ईरान?, 14 दिन बमबारी और हमले रोकने को तैयार राष्ट्रपति ट्रंप?, पाकिस्तान के पीएम शरीफ क्या बोले?

विश्व'हम नए लॉन्च प्लेटफॉर्म्स के साथ अपने हमले दोगुने कर देंगे': ट्रंप की धमकी के बाद ईरान का जवाब