लाइव न्यूज़ :

Surya Grahan 2024: साल का पहला सूर्य ग्रहण कल, समय, सूतक एवं प्रभाव से लेकर जानिए सबकुछ

By रुस्तम राणा | Updated: April 7, 2024 15:39 IST

Surya Grahan 2024: वैदिक ज्योतिष गणना के अनुसार यह सूर्य ग्रहण रेवती नक्षत्र और मीन राशि में घटित होगा। यह 4 साल बाद पड़ने वाला पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा।

Open in App

Surya Grahan 2024: इस साल का पहला सूर्य ग्रहण 8 अप्रैल सोमवार को लगने जा रहा है। चैत्र अमावस्या के दिन लगने जा रहा सूर्य ग्रहण पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा, जो भारत में दिखाई नहीं देगा। पूर्ण सूर्य ग्रहण उत्तरी अमेरिका, मैक्सिको, संयुक्त राज्य अमेरिका और कनाडा से होकर गुजरेगा। इसलिए इस सूर्य ग्रहण का असर भारत में नहीं पड़ेगा यानी सूतक काल नहीं लगेगा। नवरात्रि से पहले लगने वाले ग्रहण के कारण कुछ राशियों पर इसका प्रभाव पड़ सकता है।

साल के पहले सूर्य ग्रहण का समय

भारतीय मानक समय के अनुसार, ग्रहण 8 अप्रैल को रात 9:12 बजे शुरू होगा और 9 अप्रैल को 2:22 बजे तक रहेगा। यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा यानी सूतक काल नहीं लगेगा। 

कहां दिखाई देगा ग्रहण?

यह सूर्य ग्रहण कनाडा, मैक्सिको, संयुक्त राज्य अमेरिका, अरूबा, बरमूडा, कैरेबियन नीदरलैंड, कोलंबिया, कोस्टा रिका, क्यूबा, ​​डोमिनिका, ग्रीनलैंड, आयरलैंड, आइसलैंड, जमैका, नॉर्वे, पनामा, निकारागुआ, रूस, प्यूर्टो रिको, सेंट मार्टिन, स्पेन, बहामास, यूनाइटेड किंगडम और वेनेजुएला सहित दुनिया के विभिन्न हिस्सों में देखा जा सकता है।

राशियों पर प्रभाव

वैदिक ज्योतिष गणना के अनुसार यह सूर्य ग्रहण रेवती नक्षत्र और मीन राशि में घटित होगा। यह 4 साल बाद पड़ने वाला पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा। इस सूर्य ग्रहण का प्रभाव वृष, मिथुन, कर्क, तुला और कुंभ राशि वाले लोगों पर पड़ सकता है।

ग्रहण के दौरान क्या करें और क्या न करें

ग्रहण के दौरान सूतक काल ग्रहण लगने से पहले ही शुरू हो जाता है। सूर्य ग्रहण में 12 घंटे पहले सूतक काल शुरू हो जाता है। चूंकि सूतक काल को अशुभ माना जाता है इसलिए पूजा-पाठ, धार्मिक अनुष्ठान और शुभ कार्य जैसे कार्यों से परहेज किया जाता है। इस दौरान मंदिर बंद रहते हैं और खाना पकाने या खाने से भी परहेज किया जाता है। ग्रहण के दौरान मंत्रों का जाप किया जाता है और ग्रहण समाप्त होने के बाद लोग गंगा जल से स्नान करते हैं और दान-पुण्य करते हैं। ग्रहण समाप्त होने के बाद पूरे घर को गंगा जल से शुद्ध किया जाता है।

ग्रहण के दौरान परहेज करने योग्य बातें

ग्रहण के दौरान कोई भी शुभ कार्य या पूजा-पाठ करने से बचें। ग्रहण के दौरान न तो खाना पकाएं और न ही कुछ खाएं। गर्भवती महिलाओं को ग्रहण नहीं देखना चाहिए और बाहर जाने से बचना चाहिए। ग्रहण के दौरान तुलसी या अन्य पौधों को न छुएं।

ग्रहण के दौरान करने योग्य बातें

ग्रहण शुरू होने से पहले सूतक काल के प्रभाव को कम करने के लिए खाने-पीने की चीजों में तुलसी के पत्ते डाल दें। ग्रहण के दौरान अपने इष्ट देवी-देवताओं के नाम याद रखें। ग्रहण के प्रभाव को कम करने के लिए मंत्रों का जाप करें। जब ग्रहण समाप्त हो जाए तो पूरे घर में गंगा जल का छिड़काव करें। 

टॅग्स :सूर्य ग्रहणसूर्यज्योतिष शास्त्र
Open in App

संबंधित खबरें

पूजा पाठPanchang 05 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 05 April 2026: आज शत्रुओं की चाल से बचें वृषभ राशि के लोग, कर्क राशिवालों के जीवन में खुशियां

पूजा पाठGuru Nakshatra Parivartan 2026: अप्रैल में इन 5 राशिवालों का शुरू होगा गोल्डन पीरियड, मोटी कमाई की उम्मीद

पूजा पाठPanchang 04 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 04 April 2026: कुंभ राशिवालों को अचानक धनलाभ मिलने की संभावना, जानें सभी राशियों का फल

पूजा पाठ अधिक खबरें

पूजा पाठGrah Gochar April 2026: अप्रैल में 4 राशिवालों के लिए बनेंगे कई राजयोग, ये ग्रह गोचर दे रहे हैं शुभ संकेत

पूजा पाठPanchang 03 April 2026: आज कब से कब तक है राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त का समय, देखें पंचांग

पूजा पाठRashifal 03 April 2026: आज अवसर का लाभ उठाएंगे कर्क राशि के लोग, जानें अन्य सभी राशियों का भविष्य

पूजा पाठगुड फ्राइडे : क्रूस पर इंसानियत का देवता

पूजा पाठBaisakhi 2026: सिर्फ पंजाब ही क्यों? भारत के इन 5 शहरों में भी दिखती है बैसाखी की रौनक, चेक करें बेस्ट स्पॉट्स