कुनो राष्ट्रीय उद्यानः नामीबियाई चीता 'आशा' ने 5 शावकों को दिया जन्म, वीडियो वायरल
By सतीश कुमार सिंह | Updated: February 7, 2026 16:11 IST2026-02-07T16:10:30+5:302026-02-07T16:11:54+5:30
भारत में पैदा हुए जीवित शावकों की संख्या बढ़कर 24 हो गई है, जो भारतीय धरती पर चीतों का आठवां सफल जन्म है।

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नई दिल्लीः मध्य प्रदेश के कुनो राष्ट्रीय उद्यान में शनिवार को नामीबियाई चीता आशा ने पांच शावकों को जन्म दिया। केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने ट्विटर पर एक पोस्ट के जरिए यह खबर साझा की। यादव ने ट्वीट किया कि कूनो में पांच शावकों के जन्म का स्वागत है। आशा की विरासत आगे बढ़ रही है। भारत उसके पांच प्यारे शावकों का स्वागत करता है! प्रोजेक्ट चीता के लिए यह बहुत गर्व और खुशी का पल है, क्योंकि नामीबियाई चीता और दूसरी बार माँ बनी आशा ने 7 फरवरी 2026 को कूनो नेशनल पार्क में पांच शावकों को जन्म दिया।
Union Cabinet Minister for Environment, Forest & Climate Change, Bhupender Yadav tweets, "Kuno Welcomes the Birth of FIVE Cubs. Aasha’s legacy leaps forward—India welcomes her five adorable cubs! A moment of immense pride and joy for Project Cheetah as Aasha, the Namibian… pic.twitter.com/PlE4zOkI9k
— ANI (@ANI) February 7, 2026
इसके साथ ही भारत में पैदा हुए जीवित शावकों की संख्या बढ़कर 24 हो गई है, जो भारतीय धरती पर चीतों का आठवां सफल जन्म है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पर्यावरण के प्रति जागरूक नेतृत्व में शुरू की गई और पोषित भारत की चीता संरक्षण यात्रा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2022 में शुरू की गई 'प्रोजेक्ट चीता' की सराहना की।
Kuno Welcomes the Birth of FIVE Cubs 🐆✨
— Bhupender Yadav (@byadavbjp) February 7, 2026
Aasha’s legacy leaps forward—India welcomes her five adorable cubs!
A moment of immense pride and joy for Project Cheetah as Aasha, the Namibian cheetah and a proud second-time mother, gave birth to five cubs on 7th February 2026 at… pic.twitter.com/vTXFkZJoso
यादव ने कहा कि अलवर में बर्ड फेस्टिवल का आयोजन किया गया है...यह प्रवासी पक्षियों के लिए भी एक अच्छी जगह है। कल हम अलवर टाइगर मैराथन का भी आयोजन कर रहे हैं...जब अलवर में लोग टाइगर रिजर्व के लिए आते हैं तो बर्ड वॉचिंग भी यहां एक बड़ा विषय है...हम जागरूकता बढ़ाने के लिए इस फेस्टिवल का आयोजन कर रहे हैं...प्रकृति के इस स्थल को हम आगे बढ़ाने का काम करेंगे।