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शीर्ष अदालत ने विमान वाहक पोत 'विराट' की यथा स्थिति बनाए रखने का आदेश दिया

By भाषा | Updated: February 10, 2021 13:00 IST

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नयी दिल्ली, 10 फरवरी उच्चतम न्यायालय ने भारत के विमान वाहक पोत 'विराट' की यथास्थिति बनाए रखने का बुधवार को आदेश दिया। इस विमान वाहक पोत ने भारतीय नौसेना में करीब तीन दशक तक सेवा दी है और इसे अब सेवा से बाहर कर दिया गया है।

पोत को अब तोड़ा जाना है लेकिन एक कंपनी ने इसपर रोक लगाने के लिए याचिका दायर की।

प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने कंपनी की याचिका पर केंद्र सरकार और अन्य को नोटिस जारी कर उनका जवाब मांगा है। कंपनी इसे संग्रहालय बनाना चाहती है।

सेंटूर वर्ग का विमान वाहक पोत आईएनएस विराट 29 साल तक भारतीय नौसेना में रहा और मार्च 2017 में इसे सेवा से हटा दिया गया।

केंद्र ने जुलाई 2019 को संसद को सूचित किया था कि भारतीय नौसेना के साथ सलाह मशविरा के बाद 'विराट' को कबाड़ में देने का फैसला किया गया।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

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