नई दिल्ली: पंजाब में लोकसभा चुनाव के मतदान से पहले एक और कांग्रेस नेता ने पार्टी का साथ छोड़ दिया है। भाजपा महासचिव विनोद तावड़े और केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव की मौजूदगी में कांग्रेस नेता तजिंदर पाल सिंह बिट्टू भाजपा में शामिल हुए। कांग्रेस पार्टी के ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के मेंबर और हिमाचल के सह प्रभारी तेजिंदर सिंह बिट्टू ने कांग्रेस से इस्तीफा देने के बाद बीजेपी ज्वाइन कर ली।
भाजपा में शामिल होने के बाद तजिंदर पाल सिंह बिट्टू ने कहा, "मैंने कांग्रेस पार्टी में 35 साल लगाए हैं और आज मुझे लगता है कि कांग्रेस मुद्दों से भटक चुकी है...मैंने पंजाब के भले के लिए सोचा और भाजपा ज्वाइन की...आज पंजाब में अगर कोई सही विकल्प है, जो वहां के लोगों के लिए, पंजाब की तरक्की के लिए काम कर सकता है तो वो भाजपा है..."
तजिंदर पाल सिंह बिट्टू के इस्तीफे पर हिमाचल प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह की प्रतिक्रिया भी आई। उन्होंने कहा, "हाईकमान को तय करना है कि वे किस कारण से बाहर गए हैं, उनकी क्या नाराजगी थी। कोई दूसरा सह प्रभारी लगाया जाएगा। जो पार्टी की मज़बूती के लिए काम करेंगे..."
जालंधर सहित कई सीटों पर तजिंदर पाल सिंह बिट्टू का प्रभाव माना जाता है। पंजाब में बीजेपी अपनी जड़ें जमाने की कोशिशों में लगी है। ऐसे में बिट्टू का पार्टी में आना बीजेपी के लिए फायदे वाला हो सकता है। तेजिंदर पाल सिंह बिट्टू ने नगर निगम शिमला के चुनाव में कांग्रेस की जीत में अहम भूमिका निभाई थी।
तजिंदर पाल सिंह बिट्टू के कांग्रेस छोड़ने का असर हिमाचल में भी दिखा और हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एक बैठक बुलाई। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा, "...आज हमारी शिमला लोकसभा क्षेत्र के प्रत्याशी, शिमला ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, ज़िला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, ज़िला परिषद के सदस्य, पूर्व विधायक, वर्तमान विधायक और मंत्रियों की बैठक बुलाई है। बैठक में चर्चा करके शिमला के लिए रणनीति बनाएंगे। इस सिलसिले में बैठकों का दौर चल रहा है..."