लाइव न्यूज़ :

बलात्कार केवल शारीरिक हमला नहीं बल्कि यह पीड़िता के व्यक्तित्व को नष्ट कर देता है: न्यायालय

By भाषा | Updated: October 22, 2021 19:19 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 22 अक्टूबर दिल्ली उच्च न्यायालय ने बहू से दुष्कर्म के आरोपी 65 वर्षीय एक व्यक्ति को जमानत देने से इनकार करते हुए कहा कि बलात्कार केवल एक शारीरिक हमला नहीं है बल्कि यह पीड़िता के मानस को खराब करने के साथ उसके पूरे व्यक्तित्व को नष्ट कर सकता है।

न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद ने यह भी कहा कि बलात्कार एक अत्यंत जघन्य अपराध है और इसका आघात पीड़िता को वर्षों तक सहन करना पड़ सकता है।

अदालत ने 21 अक्टूबर को जमानत याचिका खारिज करते हुए पारित आदेश में कहा कि याचिकाकर्ता पर बहू के साथ बलात्कार करने का आरोप लगाया गया है, और इस समय उसके द्वारा पीड़िता को धमकी देने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता ।

अदालत ने यह भी कहा कि मौजूदा मामले में दो महीने के अंतराल के बाद प्राथमिकी दर्ज की गई, इसका मतलब यह नहीं है कि बहू ने झूठा मामला दर्ज कराया है।

न्यायाधीश ने कहा, “बलात्कार एक अत्यंत जघन्य अपराध है जिसमें न्यूनतम 7 साल की सजा का प्रावधान है और यह उम्रकैद तक जा सकती है। प्राथमिकी में कहा गया है कि पीड़िता (बहू) डरी हुई थी और अपने माता-पिता को घटना के बारे में बताने से हिचक रही थी, लेकिन जब याचिकाकर्ता द्वारा उसे बार-बार प्रताड़ित किया गया और बलात्कार किया गया, तो उसने हिम्मत जुटाई और अपने माता-पिता को घटना के बारे में सूचित किया।''

न्यायाधीश ने कहा, “बलात्कार केवल शारीरिक हमला नहीं है; यह अक्सर पीड़िता के संपूर्ण व्यक्तित्व के लिए विनाशकारी होता है। बलात्कार के कृत्य में पीड़िता के मानस को डराने की क्षमता है और यह आघात वर्षों तक बना रह सकता है।''

अदालत ने यह देखते हुए कि याचिकाकर्ता पिछले साल अगस्त से हिरासत में है, निचली अदालत को जितनी जल्दी हो सके आरोपों के बारे में बहू की दलीलें सुनने और उनकी पड़ताल करने का निर्देश दिया।

याचिकाकर्ता ने इस आधार पर जमानत मांगी कि मामला एक वैवाहिक विवाद से उत्पन्न हुआ है और बहू परिवार में सभी को फंसाने की कोशिश कर रही है।

अदालत को बताया गया कि याचिकाकर्ता की आयु 65 वर्ष है और वह बीमार है। उसके खिलाफ निचली अदालत के समक्ष आरोप पत्र दाखिल किया जा चुका है। अभियोजन और बहू ने जमानत देने का विरोध किया था।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारत3 दिन के भारत दौरे पर बांग्लादेशी विदेश मंत्री, क्या सुलझेंगे पुराने मुद्दे? जानें क्या मुद्दे शामिल

क्राइम अलर्टTamil Nadu: 6 साल बाद मिला न्याय! पिता-पुत्र की हिरासत में मौत केस में 9 पुलिसकर्मियों को मृत्युदंड

विश्वVIDEO: पनामा नहर के पास ब्लास्ट, आसमान में दिखा धुएं का गुबार, कई घायल

कारोबारPetrol, Diesel Price Today: ईंधन की कीमतों ने बढ़ाई टेंशन! क्या भारत में महंगा हो गया पेट्रोल और डीजल? जानें

क्राइम अलर्टकोई इतना अमानवीय और क्रूर कैसे हो सकता है?

भारत अधिक खबरें

भारतWest Bengal: विधानसभा चुनावों से पहले बंगाल की वोटर लिस्ट से करीब 90 लाख नाम हटाए गए

भारतAssam Opinion Poll 2026: बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में बना रहेगा, Matrize का अनुमान

भारतयूपी में सरकारी वकीलों की फीस 50% तक बढ़ाएगी सरकार, सरकारी खजाने पर बढ़ेगा 120 करोड़ रुपए का बोझ

भारत'मेरे पति 40 साल के हैं, मैं 19 की': मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में महिला ने अपने प्रेमी के साथ रहने का अधिकार जीता

भारत'IIT बाबा' अभय सिंह ने कर्नाटक की इंजीनियर से शादी की, पत्नी के साथ हरियाणा में अपने पैतृक गांव पहुंचे