लाइव न्यूज़ :

बेल्ट्रॉन परीक्षा पास करने वाले छात्रों ने किया हंगामा, लाठीचार्ज, कई घायल, चार साल से भटक रहे हैं अभ्यर्थी

By एस पी सिन्हा | Updated: January 8, 2021 19:42 IST

बिहार के पटना में छात्रों ने प्रदर्शन किया. कई अभिभावकों को भी चोटें आईं. जख्मी कुछ छात्रों को पीएमसीएच में भर्ती कराया गया है.

Open in App
ठळक मुद्देदो छात्रों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया था, जिन्हें बाद में छोड़ दिया गया.ज्‍वाइन कराने की मांग को लेकर उन्‍होंने बेल्‍ट्रॉन भवन पर घेरा डालो-डेरा डालो आंदोलन शुरू किया था. विभाग की ओर से जारी फाइनल सूची में नाम होने के बावजूद अभ्‍यर्थियों को ज्‍वाइन नहीं कराया जा रहा है.

पटनाः बिहार की राजधानी पटना में उस वक्त पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा, जब नियुक्ति की मांग को लेकर बेल्ट्रॉन की परीक्षा पास कर चुके छात्रों ने आज शास्त्रीनगर स्थित बेल्ट्रॉन मुख्यालय पर प्रदर्शन कर रहे थे.

शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने आए छात्रों पर अचानक पुलिस की कार्रवाई से अफरातफरी का माहौल बन गया. इसमें कई छात्र घायल हो गए. इस दौरान कई अभिभावकों को भी चोटें आईं. जख्मी कुछ छात्रों को पीएमसीएच में भर्ती कराया गया है. इस दौरान दो छात्रों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया था, जिन्हें बाद में छोड़ दिया गया.

प्राप्त जानकारी के अनुसार कम्‍प्‍यूटर ऑपरेटर पक्‍की नौकरी के लिए आंदोलन कर रहे थे. इसके साथ ही 7311 अभ्‍यर्थियों को तत्‍काल ज्‍वाइन कराने की मांग को लेकर उन्‍होंने बेल्‍ट्रॉन भवन पर घेरा डालो-डेरा डालो आंदोलन शुरू किया था. उन्‍होंने अनिश्चितकालीन धरना की चेतावनी दी थी.

इस दौरान अभ्‍यर्थियों को मनाने के लिए मजिस्‍ट्रेट मौके पर पहुंचे थे, लेकिन जब काफी देर बातचीत के बाद भी बात नहीं बनी तो उन्‍होंने पुलिस को लाठीचार्ज का आदेश दे दिया. इसके बाद धरना दे रहे अभ्‍यर्थियों पर पुलिस ने जमकर लाठियां चटकाईं. उन्‍हें मौके से खदेड़ दिया. वहीं, अभ्‍यर्थियों ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार दमन कर उनकी आवाज दबाने का प्रयास कर रही है.

प्रदर्शनकारियों का कहना है कि, वे दो साल से ज्‍वाइनिंग के लिए संघर्ष कर रहे है. विभाग की ओर से जारी फाइनल सूची में नाम होने के बावजूद अभ्‍यर्थियों को ज्‍वाइन नहीं कराया जा रहा है. बेल्ट्रॉन के जीएम एचएस द्विवेदी से छात्रों का प्रतिनिधिमंडल मिला. छात्रों के अनुसार अधिकारी ने कहा कि नियुक्ति में चार साल भी लग सकते हैं.

पैनल प्रकाशित करने की बात पर उन्होंने कहा कि अभी हमलोग दूसरे काम में लगे हैं. अधिकारी द्वारा कही गई इस बात से छात्रों में रोष है. एक दिव्‍यांग अभ्‍यर्थी ने पत्रकारों से कहा कि वह दो साल से ज्‍वाइनिंग के लिए संघर्ष कर रहा है. जबकि एक महिला अभ्‍यर्थी ने कहा कि नौकरी के नाम पर बार-बार गुमराह किया जा रहा है.

अभ्‍यर्थियों ने जिलावार पैनल गठन की बात उठाते हुए सभी 7311 उम्‍मीदवारों को तत्‍काल ज्‍वाइन कराने की मांग की. शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्र राधे गोविंद ने बताया कि बेल्ट्रॉन की परीक्षा पास कर चुके अभ्यर्थियों की मांग है कि रोस्टर के अनुसार नियुक्ति की जाए और नियुक्ति पैनल का प्रकाशन किया जाए. लेकिन अब तक इन दोनों में से कोई भी चीज नहीं की गई. पहले भी जनवरी माह में पैनल प्रकाशित करने की बात कही गई थी जो अब एक नहीं की गई.

टॅग्स :बिहारपटनाक्राइम न्यूज हिंदी
Open in App

संबंधित खबरें

ज़रा हटकेबिहार के बक्सर जिले से सामने आई है एक दिलचस्प प्रेम कहानी, दो महिलाओं ने कर ली आपस में शादी, एक पहले से थी विवाहित, दूसरी कुंवारी

क्राइम अलर्टबिहार के मुजफ्फरपुर में इश्क, फरेब और साजिश के घिनौना खेल में सुहाग को ही रास्ते से हटाने का फरमान, गोलियों की तड़तड़ाहट के बीच थम गई पति का सांस

भारतबिहार में शराबबंदी कानून को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने उठाया सवाल, कहा- बिहार में 40 हजार करोड़ रुपये की एक समानांतर अवैध अर्थव्यवस्था खड़ी हो गई है

भारतमुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सामने जदयू नेताओं ने लगाया निशांत कुमार जिंदाबाद, CM भी मुस्कुराए

भारतबिहार में मुख्यमंत्री चुनना भाजपा के लिए बनी बड़ी सिरदर्दी, सम्राट चौधरी के नाम पर दल में टूट की संभावना, संघ बैकग्राउंड के नेता की हो रही है मांग

भारत अधिक खबरें

भारतWest Bengal: विधानसभा चुनावों से पहले बंगाल की वोटर लिस्ट से करीब 90 लाख नाम हटाए गए

भारतAssam Opinion Poll 2026: बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में बना रहेगा, Matrize का अनुमान

भारतयूपी में सरकारी वकीलों की फीस 50% तक बढ़ाएगी सरकार, सरकारी खजाने पर बढ़ेगा 120 करोड़ रुपए का बोझ

भारत'मेरे पति 40 साल के हैं, मैं 19 की': मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में महिला ने अपने प्रेमी के साथ रहने का अधिकार जीता

भारत'IIT बाबा' अभय सिंह ने कर्नाटक की इंजीनियर से शादी की, पत्नी के साथ हरियाणा में अपने पैतृक गांव पहुंचे