लाइव न्यूज़ :

कोविड टीके के लिए उम्र सीमा घटाने की मांग पर सरकार ने कहा-जोखिम वालों को सुरक्षित करना है मकसद

By भाषा | Updated: April 6, 2021 22:41 IST

Open in App

नयी दिल्ली, छह अप्रैल कोविड-19 के मामलों में तेज वृद्धि के कारण टीकाकरण के लिए उम्र सीमा में ढील देने को लेकर विभिन्न हलकों से की जा रही मांग के बीच केंद्र ने मंगलवार को कहा कि लक्ष्य सबसे जोखिम वाले लोगों को सुरक्षित करना है।

साप्ताहिक संवाददाता सम्मेलन के दौरान केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने कहा कि कई लोग पूछ रहे हैं कि सरकार 18 साल से ज्यादा उम्र वालों के लिए टीकाकरण क्यों नहीं खोल रही है।

उन्होंने कहा कि पश्चिमी देशों में भी चरणबद्ध तरीके से टीकाकरण अभियान चलाया गया है।

भूषण ने कहा, ‘‘बुनियादी लक्ष्य टीकाकरण के जरिए मृत्यु को घटाना है। दूसरा लक्ष्य हमारे स्वास्थ्य तंत्र की सुरक्षा करना है। अगर स्वास्थ्यकर्मी, डॉक्टर, नर्स, पारामेडिकल कर्मी और अन्य कर्मी बीमार हो गए तो अस्पतालों में कौन काम करेगा? इसलिए किसी भी देश में सबसे मुख्य लक्ष्य सबसे जोखिम वालों को सुरक्षित करना है। टीका जो लेना चाहते हैं उनके टीकाकरण का नहीं, बल्कि जिन्हें ज्यादा जरूरत है उन्हें टीका देने का लक्ष्य है।’’

नीति आयोग के सदस्य (स्वास्थ्य) डॉ. वी के पॉल ने कहा कि विमर्श को वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखना चाहिए।

उन्होंने कहा कि टीके पर अनुसंधान से अब तक यह साबित नहीं हुआ है कि यदि इतने बड़े पैमाने पर टीकाकरण हो तो ‘हर्ड इम्युनिटी’ विकसित हो जाएगी। पॉल ने कहा कि अब तक वैज्ञानिक तरीके से यह प्रमाणित नहीं हुआ है।

उन्होंने कहा, ‘‘अब तक बस इतना पता है कि टीके से मृत्यु दर में कमी आती है, संक्रमण की गंभीरता घटती है, लोगों की जान बचती है और इसी को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकता समूह बनाए गए हैं।’’

पॉल ने कहा कि टीकाकरण के लिए प्राथमिकता समूह में फैसला किया गया कि मृत्यु के लिहाज से किन्हें ज्यादा जोखिम है। उन्होंने कहा, ‘‘ऐसा इसलिए कि इतिहास केवल इतना याद रखेगा कि कितनी मौतें हुई।’’

भूषण ने कहा कि अमेरिका में रोजाना टीके दिए जाने का औसत 30,53,566 है, भारत में 26,53,533, ब्राजील में 6,23,445, ब्रिटेन में 4,13,521 और जर्मनी में 3,00,380 है।

उन्होंने कहा, ‘‘इस परिप्रेक्ष्य में हमारी स्थिति ज्यादा अच्छी है। अगर हम देखें कि किस देश ने कितनी रफ्तार से टीकाकरण को आगे बढ़ाया है तो देखेंगे कि भारत ने टीकाकरण अभियान को तेजी से आगे बढ़ाया है।’’

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर सुझाव दिया कि 18 साल से ज्यादा उम्र के सभी लोगों को टीका लेने की अनुमति देनी चाहिए।

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी टीकाकरण के लिए उम्र सीमा में ढील देने का अनुरोध किया है।

केजरीवाल ने टीकाकरण केंद्रों को खोलने के नियमों में भी ढील देने का अनुरोध करते हुए कहा है कि अगर केंद्र सरकार जरूरी अनुमति दे तो तीन महीने में दिल्ली के सभी लोगों का टीकाकरण हो सकता है।

ठाकरे ने 25 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को टीके की खुराक देने की अनुमति मांगी है। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने कहा है कि इससे तेजी से फैल रहे संक्रमण से युवाओं का बचाव होगा।

ठाकरे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे एक पत्र में महाराष्ट्र के लिए कोविड-19 टीके की 1.5 करोड़ अतिरिक्त खुराकें भी मांगी है।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारत‘अपने स्तर को नीचे न गिराएं’: मल्लिकार्जुन खड़गे के ‘गुजरात के लोग अनपढ़ हैं’ वाले बयान पर शशि थरूर की सलाह

विश्वआज रात एक पूरी सभ्यता का अंत होगा?, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ट्रुथ पर पोस्ट किया, फिर कभी जीवित नहीं?

भारत'इस बार पाकिस्तान के कितने टुकड़े होंगे ये तो सिर्फ ऊपरवाला जानता है', राजनाथ सिंह ने PAK के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ की धमकी का दिया करारा जवाब

ज़रा हटकेVIDEO: ऋषिकेश में गंगा पर उतरा सी-प्लेन, टूरिज्म को मिलेगा जबरदस्त बूस्ट, देखें वीडियो

कारोबार16,720 करोड़ रुपये, पीएमश्री स्कूल योजना के लिए 940 करोड़, छात्र-छात्राओं को निःशुल्क पुस्तकों के लिए 693 करोड़ की स्वीकृति?

भारत अधिक खबरें

भारत403 करोड़ रुपए खर्च?, योगी सरकार का सियासी दांव, बीआर अंबेडकर की मूर्ति पर लगेगा छत्र

भारतमहाराष्ट्र सरकार ने ऑटो और टैक्सी चालकों के लिए मराठी भाषा टेस्ट अनिवार्य रूप से किया शुरू

भारतअसम का चुनाव अच्छा चल रहा, पवन खेड़ा के बड़बोलेपन की वजह से कांग्रेस की छवि को नुकसान?, उद्धव ठाकरे के प्रवक्ता आनंद दुबे बरसे, वीडियो

भारतहैदराबाद में हैं कांग्रेस नेता पवन खेड़ा, दिल्ली घर पर असम पुलिस ने की छापेमारी?, दिल्ली पुलिस की टीम कर रही मदद, वीडियो

भारतNBEMS GPAT 2026: आ गया जीपैट का रिजल्ट, डायरेक्ट लिंक से चेक करें अपना स्कोर