लाइव न्यूज़ :

Lockdown: रेलवे ने लेटर जारी कर घर जा रहे प्रवासी मजदूरों से किराया वसूलने का दिया था आदेश

By अनुराग आनंद | Updated: May 4, 2020 16:50 IST

रेलवे द्वारा जारी लेटर में कहा गया है कि स्थानीय प्रशासन यात्रियों को देकर उनसे किराया वसूलेंगे और पैसा रेलवे को सौंपा जायेगा।

Open in App
ठळक मुद्देरेलवे बोर्ड ने अपने सर्कुलर में कहीं भी 85 फीसदी रियायत का उल्लेख नहीं किया है।भाजपा के प्रवक्ता संबित पात्रा ने दावा किया है कि रेलवे श्रमिक एक्सप्रेस के 85 फीसदी रियायत वाले टिकट राज्यों को दे रही है।

नई दिल्ली: लॉकडाउन में फंसे मजदूरों को घर पहुंचाने के बदले उनसे जब न्यूनतम ट्रेन किराया वसूलने की बात सामने आई तो विपक्षी दलों नें केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर सवाल खड़ा किया। वहीं, सोमवार को कांग्रेस पार्टी की तरफ से सोनिया गांधी ने पत्र जारी कर मजदूरों के किराये का खर्च कांग्रेस पार्टी द्वारा वहन करने की बात कही जिसके बाद से तो इस मामले पर घमासान ही छिड़ गया।

टीओआई के मुताबिक, 2 मई को रेलवे ने एक पत्र जारी किया है। अपने इस लेटर में रेलवे मंत्रालय ने प्रवासी मजदूरों, श्रद्धालुओं, यात्रियों, छात्रों और अलग-अलग जगह लॉकडाउन में फंसे लोगों के लिये विशेष ट्रेन की व्यवस्था की बात की है। लेटर में कहा गया है कि जिस राज्य से भी ये विशेष ट्रेन छूटेंगी, राज्य सरकार की तरफ से उपलब्ध कराई गई लिस्ट के हिसाब से रेलवे टिकट छापेगा और राज्य सरकार को देगा। इसके बाद ये टिकट स्थानीय प्रशासन यात्रियों को देकर उनसे किराया वसूलेंगे और पैसा रेलवे को सौंपा जायेगा। इस तरह साफ हो जाता है कि रेलवे ने मजदूरों से किराया वसूलने की बात कही है।

बता दें कि रेलवे बोर्ड और केंद्रीय गृह मंत्रालय के सर्कुलर टिकट चार्ज के बारे में अलग ही बात करते हैं। रेलवे बोर्ड ने अपने सर्कुलर में कहीं भी 85 फीसदी रियायत का उल्लेख नहीं किया है। उसने कहा है कि राज्य सरकार के अधिकारियों को टिकटें दी जाएंगी। वे यात्रियों से किराया वसूलेंगे और पूरी रकम रेलवे को जमा करवाएंगे। गृह मंत्रालय ने भी एक मई के अपने सर्कुलर में रियायत का कोई उल्लेख नहीं किया है, बल्कि उसने टिकट की बिक्री की बात कही है। उसका कहना है कि टिकट बिक्री के बारे में गाइडलाइन रेल मंत्रालय जारी करेगा।

इस मामले में भाजपा के प्रवक्ता संबित पात्रा ने दावा किया है कि रेलवे श्रमिक एक्सप्रेस के 85 फीसदी रियायत वाले टिकट राज्यों को दे रही है। राज्यों को मात्र 15 फीसदी किराया अदा करना है। पात्रा ने ट्वीट करके कहा कि संबंधित राज्य भी टिकट का यह किराया अदा कर सकते हैं। मध्य प्रदेश सरकार ऐसा ही कर रही है। उन्होंने राहुल गांधी से कहा है कि कांग्रेसशासित राज्यों को भी यही करना चाहिए।

कांग्रेस ने आज केंद्र की भाजपा सरकार को घेरते हुए कहा कि उसकी राज्य इकाइयां लॉकडाउन के कारण फंसे जरूरतमंद श्रमिकों और मजदूरों के रेल टिकट का खर्च वहन करेंगी। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने एक बयान जारी करके घोषणा की कि पार्टी ने इसके संबंध में फैसला किया है। कांग्रेस संकट के इस दौर में योगदान करने के लिए श्रमिकों के साथ खड़ी है। 

टॅग्स :कोरोना वायरस लॉकडाउनसोनिया गाँधीभारतीय रेलनरेंद्र मोदी
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारअमेरिका-इजराइल और ईरान जंगः मरघट के चौकीदारों की नकेल कसिए!

ज़रा हटकेबनारस में सीएम यादव श्री राम भंडार में रुके और कचौड़ी, पूरी राम भाजी और जलेबी का स्वाद लिया?, वीडियो

ज़रा हटकेVIRAL VIDEO: जब ट्रेन में जवानों के लिए 'देवदूत' बना टीटीई, सोशल मीडिया पर वायरल हुआ दिल जीतने वाला पल

कारोबार‘युवा आबादी’ के लाभ को भुनाने की चुनौती?, 20 से 29 वर्ष के 6.3 करोड़ स्नातकों में से 1.1 करोड़ बेरोजगार?

भारतVIDEO: चाय बागान से चुनावी हुंकार! पीएम मोदी ने श्रमिकों संग तोड़ी पत्तियां, बोले- असम में NDA हैट्रिक को तैयार

भारत अधिक खबरें

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं