लाइव न्यूज़ :

जम्मू कश्मीर में भीषण हादसा: खाई में पलटी बस, 13 लोगों की मौत, 36 घायल

By भाषा | Updated: December 8, 2018 23:36 IST

जम्मू-कश्मीर के एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि पुंछ जिले के मांडी क्षेत्र के पलेरा में हुई पहली दुर्घटना में, एक बस (42 सीट वाली) के सड़क से फिसलकर सौ मीटर गहरे खड्ड में गिरने से 13 लोगों की मौत हो गई और 17 अन्य लोग घायल हो गये। 

Open in App
ठळक मुद्देअधिकारी ने बताया कि छह लोगों की मौत मौके पर ही हो गई और पांच अन्य ने घटनास्थल से निकालते समय दम तोड़ दिया।जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्य पाल मलिक ने पुंछ में हुए हादसे पर दुख व्यक्त किया है।जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस समिति (जेकेपीसीसी) ने पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रहे हादसों की जांच की मांग की है।

जम्मू-कश्मीर के पुंछ और सांबा जिलों में शनिवार को दो सड़क दुर्घटनाओं में चार महिलाओं और एक नाबालिग सहित 13 लोगों की मौत हो गई जबकि 36 अन्य घायल हो गये।एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि पुंछ जिले के मांडी क्षेत्र के पलेरा में हुई पहली दुर्घटना में, एक बस (42 सीट वाली) के सड़क से फिसलकर सौ मीटर गहरे खड्ड में गिरने से 13 लोगों की मौत हो गई और 17 अन्य लोग घायल हो गये। अधिकारी ने बताया कि हादसा पलेरा में उस समय हुआ जब लोरान से पुंछ जा रही बस के चालक ने एक मोड़ पर वाहन से नियंत्रण खो दिया और बस गहरे खड्ड में जा गिरी।अधिकारी ने बताया कि छह लोगों की मौत मौके पर ही हो गई और पांच अन्य ने घटनास्थल से निकालते समय दम तोड़ दिया। वहीं दो अन्य लोगों की एक स्थानीय अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई।उन्होंने बताया कि घायलों में से चार की हालत गंभीर बताई जा रही है जिन्हें उपचार के लिए जम्मू के सरकारी मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल ले जाया जा रहा है।अधिकारी ने कहा कि सांबा जिले के चिल्ला डांगा में हुई अन्य दुर्घटना में, एक बस के खड्ड में गिर जाने से 19 यात्री घायल हो गये जिसमें से छह की हालत गंभीर है।उन्होंने कहा कि घायलों को जीएमसी अस्पताल जम्मू भेजा गया है। जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्य पाल मलिक ने पुंछ में हुए हादसे पर दुख व्यक्त किया है। राज्यपाल ने अपने संदेश में मृतकों की आत्मा की शांति की कामना करते हुए उनके परिवार वालों के प्रति संवदेना व्यक्त की। उन्होंने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की।इस बीच, जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस समिति (जेकेपीसीसी) ने पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रहे हादसों की जांच की मांग की है।जेकेपीसीसी ने अपने एक बयान में कहा कि सड़कों पर, विशेषकर पहाड़ी और दूर-दराज इलाकों में पुराने वाहनों की हालत जांचने के लिए अधिकारियों के एक विशेष दल का गठन किया जाना चाहिए।उसने मृतकों के परिजन और घायलों को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग भी की है। 

टॅग्स :जम्मू कश्मीर
Open in App

संबंधित खबरें

कारोबारदर्द कोई समझे, रील्स से बर्बादी तक?, कैसे पर्यटक और कंटेंट क्रिएटर्स पंपोर सरसों खेतों को पहुंचा रहे हैं नुकसान?

कारोबारईरान में फिर से फंसे सैकड़ों कश्मीरी छात्र?, 7 दिन के लिए बंद अजरबैजान सीमा

भारतगंदरबल एनकाउंटर: 7 दिन में रिपोर्ट पेश करो?, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर लिखा

भारतअमरनाथ यात्रा पर पहलगाम नरसंहार की परछाई?, सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता, 29 जून को पूजा और 17 जुलाई से शुरू?

भारतJammu-Kashmir: पाक की ओर से जम्मू सीमा पर गोलीबारी, भारतीय रिमोटली पायलटेड एयरक्राफ्ट पर हमले की कोशिश नाकाम

भारत अधिक खबरें

भारतपाकिस्तान के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ के कोलकाता पर हमले की धमकी वाले बयान पर सोशल मीडिया पर 'धुरंधर' अंदाज़ में आई प्रतिक्रिया

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह

भारतयूपी में स्थापना दिवस के जरिए लोगों के घर-घर पहुंचेगी भाजपा, लोगों को PM मोदी और योगी सरकार की उपलब्धियां बताएँगे पार्टी पदाधिकारी

भारतWATCH: बिहार के सारण जिले में जदयू के प्रखंड अध्यक्ष का एक लड़की के साथ अश्लील वीडियो वायरल, दोनों आपत्तिजनक अवस्था में थे खेत में एक लड़की नेता के पीछे भाग रही है

भारतबिहार में सत्ता हस्तांतरण को लेकर सियासी हलचल हुई तेज, 12 अप्रैल को नीतीश कुमार दे सकते हैं मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा, भाजपा में मुख्यमंत्री को लेकर जारी है मंथन