लाइव न्यूज़ :

गृह मंत्रालय का पत्र: अमरिंदर ने पंजाब के किसानों के बारे में दुष्प्रचार के लिए केंद्र की आलोचना की

By भाषा | Updated: April 4, 2021 21:17 IST

Open in App

चंडीगढ़, चार अप्रैल पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने ‘‘बंधुआ मजदूरों’’ की खराब स्थिति पर हाल में एक पत्र में राज्य के किसानों के बारे में कथित रूप से ‘दुष्प्रचार’ फैलाने को लेकर रविवार को केंद्र की आलोचना की।

उन्होंने कहा कि नये केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के आंदोलन को पटरी से उतारने के लिए यह ‘‘पंजाब के कृषकों को बदनाम करने की एक और साजिश है’’, जिन्हें केंद्र सरकार और भाजपा ‘आतंकवादी, शहरी नक्सली और गुंडे करार देकर बदनाम करने की लगातार कोशिश’ कर रही है।

मुख्यमंत्री पंजाब में मुक्त कराये गये 58 ‘बंधुआ मजदूरों’ की खराब स्थिति पर केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा राज्य सरकार को भेजे गये पत्र पर प्रतिक्रिया दे रहे थे।

उन्होंने पंजाब में किसानों पर लोगों का बंधुआ मजदूरों के रूप में इस्तेमाल करने का ‘गैर जरूरी आरोप’ लगाने को लेकर केंद्र की आलोचना की और इस पत्र को ‘‘झूठ का पुलिंदा’’ करार दिया।

सिंह ने एक बयान में कहा, ‘‘ पूरी घटना का विश्लेषण बताता है कि अशांत भारत -पाकिस्तान सीमा के पास से सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) द्वारा पकड़े गये संदिग्ध व्यक्तियों की गिरफ्तारी के बारे में राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी अहम संवेदनशील जानकारी को किसानों को बदनाम करने के वास्ते बेबुनियाद अटकलों के आधार पर गलत सोच के साथ तोड़मरोड़ कर पेश किया गया। ’’

उन्हेांने कहा, ‘‘इस सच्चाई की इस तथ्य से पुष्टि हो गयी कि गृह मंत्रालय के पत्र की सामग्री राज्य सरकार से उपयुक्त जवाब का इंतजार किये बगैर ही कुछ प्रमुख अखबारों एवं मीडिया घरानों को चुनिंदा ढंग से पहुंचा दी गयी।’’

उन्होंने कहा कि उनकी सरकार और पुलिस गरीबों एवं वंचितों के मानवाधिकारों की रक्षा के लिए सक्षम है और हर मामले में उपयुक्त कार्रवाई शुरू भी की जा चुकी है एवं ज्यादातर लेाग परिवारों के साथ रह रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘यदि किसी भी चरण में कुछ सामने आता है तो अपराधियों के विरूद्ध उपयुक्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।’’

पंजाब के मुख्य सचिव को 17 मार्च को भेजे पत्र में गृह मंत्रालय ने कहा था कि बीएसएफ ने पाया कि कम से कम 58 लोग, जो अच्छे वेतन का वादा करके पंजाब लाये गये थे, परंतु शोषण का शिकार बन गये। उन्हें राज्य में पहुंचने पर मादक पदार्थ दिया गया और अमानवीय दशा में काम करने के लिए बाध्य किया गया।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

क्रिकेटRR vs MI: राजस्थान रॉयल्स का IPL 2026 में अजेय अभियान जारी, मुंबई इंडियंस को 27 रनों से हराया, शीर्ष पर पहुंची

क्रिकेटयशस्वी जायसवाल ने MI के गेंदबाजों की उखेड़ी बखिया, छक्के लगाकर 'सेंचुरी ऑफ़ मैक्सिमम्स' क्लब में हुए शामिल

क्रिकेटRR vs MI: वैभव सूर्यवंशी ने बुमराह को भी नहीं बख़्शा, एमआई पेसर को जड़े 2 छक्के | VIDEO

विश्व'अगले 48 घंटों तक घर के अंदर ही रहें' : ईरान में मौजूद नागरिकों के लिए भारतीय दूतावास तत्काल सुरक्षा एडवाइज़री जारी की

ज़रा हटकेक्या है नंदगोपाल गुप्ता नंदी और यूपी के उन्नाव में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी का नाता?

भारत अधिक खबरें

भारतNagpur: पवनी सफारी में दिखा दुर्लभ ‘काला चीतल’, पर्यटकों में बढ़ा रोमांच

भारत‘अपने स्तर को नीचे न गिराएं’: मल्लिकार्जुन खड़गे के ‘गुजरात के लोग अनपढ़ हैं’ वाले बयान पर शशि थरूर की सलाह

भारत'इस बार पाकिस्तान के कितने टुकड़े होंगे ये तो सिर्फ ऊपरवाला जानता है', राजनाथ सिंह ने PAK के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ की धमकी का दिया करारा जवाब

भारत403 करोड़ रुपए खर्च?, योगी सरकार का सियासी दांव, बीआर अंबेडकर की मूर्ति पर लगेगा छत्र

भारतमहाराष्ट्र सरकार ने ऑटो और टैक्सी चालकों के लिए मराठी भाषा टेस्ट अनिवार्य रूप से किया शुरू