राष्ट्रपति भवन में राहुल गांधी के पटका पहनने से इनकार करने पर हिमंत ने बिना शर्त माफी की मांग की
By लोकमत न्यूज़ डेस्क | Updated: January 26, 2026 22:21 IST2026-01-26T22:21:40+5:302026-01-26T22:21:45+5:30
हिमंत विश्व शर्मा ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में दावा किया कि पूर्वोत्तर भारत के लोगों के प्रति घोर असंवेदनशील और अपमानजनक व्यवहार करते हुए, राहुल गांधी ने आज शाम राष्ट्रपति द्वारा आयोजित जलपान कार्यक्रम में क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक पारंपरिक पटका को नहीं पहना। पटका, मणिपुर का पारंपरिक ‘स्कार्फ’ है।

राष्ट्रपति भवन में राहुल गांधी के पटका पहनने से इनकार करने पर हिमंत ने बिना शर्त माफी की मांग की
गुवाहाटी: असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने सोमवार को राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक कार्यक्रम में, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के पारंपरिक पटका पहनने से कथित तौर पर इनकार करने को लेकर ‘बिना शर्त’ माफी की मांग की। शर्मा ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में दावा किया कि पूर्वोत्तर भारत के लोगों के प्रति घोर असंवेदनशील और अपमानजनक व्यवहार करते हुए, राहुल गांधी ने आज शाम राष्ट्रपति द्वारा आयोजित जलपान कार्यक्रम में क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के प्रतीक पारंपरिक पटका को नहीं पहना। पटका, मणिपुर का पारंपरिक ‘स्कार्फ’ है।
शर्मा ने कहा, ‘‘समय बदल सकता है, लेकिन कांग्रेस पार्टी के सर्वोच्च नेता राहुल गांधी का रवैया अफसोसजनक रूप से अपरिवर्तित नजर आ रहा है... राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री से लेकर विदेशी गणमान्य व्यक्तियों तक, सभी ने सम्मान और गर्व के साथ पटका पहना। केवल राहुल गांधी ने ही इससे दूरी बनाई, जिससे पूर्वोत्तर के प्रति उपेक्षा की भावना और मजबूत हुई।’’
Times may change, but the attitude of the de facto supremo of the Congress party, Mr. Rahul Gandhi, regrettably appears unchanged.
— Himanta Biswa Sarma (@himantabiswa) January 26, 2026
In an act that was deeply insensitive and insulting to the people of the entire North East, Mr. Gandhi chose not to wear the traditional Patka, a…
असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह के आचरण से ही उनकी पार्टी (कांग्रेस) का 'क्षेत्र और देश के बड़े हिस्से का विश्वास खो जाने' की बात स्पष्ट होती है। उन्होंने कहा, ‘‘फिर भी, यह बार-बार होने वाली असंवेदनशीलता जारी है।’’ मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘राहुल गांधी को इसके लिए पूर्वोत्तर के लोगों से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए। क्षेत्र के लोग सम्मान के पात्र हैं।’’