हाथरस रेप कांडः पुलिस ने कहा- जब तक SIT काम कर रही है तब तक मीडिया को गांव में जाने की अनुमति नहीं
By रामदीप मिश्रा | Updated: October 2, 2020 16:59 IST2020-10-02T16:59:55+5:302020-10-02T16:59:55+5:30
हाथरस गैंगरेप केस की जांच करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया। एसआईटी को सात दिन में रिपोर्ट पेश करनी है।

फोटोः एएनआई
लखनऊः हाथरस सामूहिक बलात्कार घटना की शिकार 19 वर्षीय लड़की की मौत हो जाने के बाद उसके शव का रातोंरात अंतिम संस्कार कर दिया गया। उसके परिवार आरोप लगाया है कि पुलिस ने जबरन उनसे आनन-फानन में शव का अंतिम संस्कार करवाया। इस मामले की जांच एसआईटी कर रही है और गांव में मीडिया के जाने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
इस बीच हाथरस के एडिशनल एसपी ने कहा, 'जब तक एसआईटी काम कर रही है तब तक मीडिया को गांव में जाने की अनुमति नहीं होगी, जांच प्रभावित न हो इसलिए रोक लगाई गई है। मौजूदा कानून-व्यवस्था को देखते हुए राजनीतिक प्रतिनिधिमंडल पर रोक लगी रहेगी, जब तक प्रशासन तय न कर ले कि अब गांव का माहौल मुफीद है।' बुल्गद्दी गांव के प्रवेश द्वार पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
दरअसल, हाथरस गैंगरेप केस की जांच करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया। एसआईटी को सात दिन में रिपोर्ट पेश करनी है। गत 14 सितंबर को प्रदेश के हाथरस जिले के चंदपा थाना क्षेत्र स्थित एक गांव में 19 साल की एक दलित लड़की के साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म की वारदात हुई थी। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
Hathras: Police deployed at the entrance of Bulgaddhi village, as a Special Investigation Team continues its probe in the alleged gangrape case https://t.co/MbZeBiaXmlpic.twitter.com/F0825fbusx
— ANI UP (@ANINewsUP) October 2, 2020
बीते दिन राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को पुलिस ने कथित सामूहिक बलात्कार की पीड़िता के परिवार से मुलाकात के लिए हाथरस जाने से रोक दिया और हिरासत में ले लिया था। दूसरी तरफ, कांग्रेस ने दावा किया कि राहुल और प्रियंका को उत्तर प्रदेश की पुलिस ने गिरफ्तार किया।
राहुल गांधी और महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा को हाथरस जाने से पुलिस द्वारा रोके जाने और कथित तौर पर धक्का-मुक्की किए जाने के विरोध में पार्टी के कई कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा के आवास के निकट प्रदर्शन किया। हालांकि कुछ देर बाद ही पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया। कांग्रेस के किसान प्रकोष्ठ के उपाध्यक्ष सुरेंद्र सोलंकी की अगुवाई में पार्टी के कई कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया।
इस मामले में पुलिस का दावा है कि लड़की ने अपने साथ बलात्कार की वारदात के बारे में पुलिस को पहले कुछ नहीं बताया था मगर बाद में मजिस्ट्रेट को दिए गए बयान में उसने आरोप लगाया कि संदीप, रामू, लव कुश और रवि नामक युवकों ने उसे अपनी हवस का शिकार बनाया था। विरोध करने पर जान से मारने की कोशिश करते हुए उसका गला दबाया था। चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।