लाइव न्यूज़ :

हिप्र के पूर्व मंत्री गुरुमुख सिंह बाली का निधन,राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने जताया शोक

By भाषा | Updated: October 30, 2021 19:34 IST

Open in App

शिमला, 30 अक्टूबर हिमाचल प्रदेश के पूर्व मंत्री गुरुमुख सिंह बाली का शुक्रवार की रात नयी दिल्ली में निधन हो गया। वह 67 वर्ष के थे।

कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि बाली ने नयी दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में शुक्रवार रात को अंतिम सांस ली। बाली के निधन की खबर उनके बेटे रघुबीर सिंह बाली ने शनिवार सुबह फेसबुक पर एक पोस्ट के जरिए दी।

एक आधिकारिक प्रवक्ता के बताया कि हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल राजेन्द्र विश्वनाथ अर्लेकर और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बाली के निधन पर शोक व्यक्त किया।

उन्होंने बताया कि अर्लेकर और ठाकुर ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और परिजन को यह दुख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की।

मुख्यमंत्री ने बाली को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि राज्य और खासतौर पर नगरोटा-बगवां इलाके के विकास में उनके योगदान को लोग याद रखेंगे।

कांग्रेस की हिमाचल प्रदेश इकाई के प्रभारी सचिव संजय सुत, राज्य कांग्रेस प्रमुख कुलदीप सिंह राठौर,पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह और विप्लव ठाकुर ने बाली के निधन पर शोक व्यक्त किया।

राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता मुकेश अग्निहोत्री ने बाली के निधन पर दुख जताया। उन्होंने फेसबुक पर पोस्ट कर बताया कि बाली के पार्थिव शरीर को हिमाचल लाया जाएगा, जहां जनता उनके अंतिम दर्शन कर सकेगी।

बाली का जन्म 27 जुलाई 1954 को कांगड़ा में हुआ था। उन्होंने मेकैनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया था।

वह नगरोटा बगवां सीट से 1998, 2003, 2007 और 2012 में लगातार चार बार विधायक चुने गए। वह प्रदेश के खाद्य आपूर्ति, परिवहन एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री रह चुके थे।

बाली हिमाचल नागरिक सुधार सभा के अध्यक्ष भी रहे। वह 1995 से 1998 तक कांग्रेस सेवा दल के अध्यक्ष और 1993 से 1998 तक हिमाचल प्रदेश कांग्रेस समिति के संयुक्त सचिव रहे।

पारिवारिक सूत्रों ने बताया कि बाली का पार्थिव शरीर शनिवार शाम को धर्मशाला लाया जाएगा और अंत्येष्टि रविवार को चामुंडा धाम में की जाएगी।

बाली के बेटे एवं अखिल भारतीय कांग्रेस समिति के सचिव आर एस बाली ने कहा, ‘‘बहुत ही दुखी मन से मुझे आपको यह सूचित करना पड़ रहा है कि मेरे पिता और आपके प्रिय जी एस बाली जी नहीं रहे। बीती रात दिल्ली के एम्स में उन्होंने अंतिम सांस ली। मेरे पिता हमेशा कहते थे कि जी एस बाली दुनिया में रहें या नहीं ,वह हमेशा अपने समर्थकों के दिलों में रहेंगे। उनके विचार हमेशा हमारे दिलों में रहेंगे।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

भारतNBEMS GPAT 2026: आ गया जीपैट का रिजल्ट, डायरेक्ट लिंक से चेक करें अपना स्कोर

क्राइम अलर्टचमत्कार या वशीकरण करके नहीं, छल-कपट से महिलाओं का यौन शोषण किया?, अशोक खरात ने किया स्वीकार

बॉलीवुड चुस्कीVirat Kohli ने देखी 'Dhurandhar 2', बोले- ऐसी फिल्म आज तक नहीं देखी!

स्वास्थ्यबांग्लादेश खसरा प्रकोपः 100 से अधिक बच्चों की मौत?, मार्च से अब तक 900 से अधिक केस, खसरा-रूबेला का आपातकालीन टीकाकरण अभियान चलाया?

विश्वमेरे दिमाग से कभी नहीं जाएगा ईरान युद्ध, नाटो ने मुझे गम दिया?, राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा-नाटो एक कागजी शेर, व्लादिमीर पुतिन भी नहीं डरते

भारत अधिक खबरें

भारतMBOSE SSLC 10th Result 2026: कक्षा 10 का परिणाम घोषित?, परिणाम देखने के लिए इस लिंक पर जाइये

भारतKarnataka 2nd PUC Result 2026: रोल नंबर तैयार रखें, कभी भी आ सकता है रिजल्ट

भारत3 दिन के भारत दौरे पर बांग्लादेशी विदेश मंत्री, क्या सुलझेंगे पुराने मुद्दे? जानें क्या मुद्दे शामिल

भारतWest Bengal: विधानसभा चुनावों से पहले बंगाल की वोटर लिस्ट से करीब 90 लाख नाम हटाए गए

भारतAssam Opinion Poll 2026: बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में बना रहेगा, Matrize का अनुमान