लाइव न्यूज़ :

ग्रह को सुरक्षित रखने के लिये पर्यावरण नंत्री ने नवाचार, वैज्ञानिक कदमों का आह्वान किया

By भाषा | Updated: December 14, 2021 17:05 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 14 दिसंबर केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने ग्रह को सुरक्षित करने के लिए अभिनव और वैज्ञानिक कदम उठाने का आह्वान करते हुए कहा कि केवल सामूहिक वैश्विक कार्रवाई ही जलवायु परिवर्तन और इसकी चुनौतियों का मुकाबला कर सकती है।

मुंबई में ‘बॉम्बे चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री’ द्वारा आयोजित दो दिवसीय कार्यक्रम ‘सस्टेनेबिलिटी कॉन्क्लेव: टारगेट नेट जीरो’ में अपने मुख्य भाषण में यादव ने कहा कि भारत ने जलवायु परिवर्तन में योगदान नहीं दिया है।

उन्होंने कहा, “हमें भविष्य की पीढ़ियों के लिए अपने ग्रह को सुरक्षित करने के लिए अभिनव, वैज्ञानिक और तत्काल कदमों की आवश्यकता है। सीओपी 26 में भारत की घोषणा 2070 तक नेट जीरो तक पहुंचने के लिए एक महान कदम है क्योंकि हमारा देश जलवायु परिवर्तन का कारण नहीं है और ग्रीनहाउस उत्सर्जन में बहुत अधिक योगदानकर्ता नहीं रहा है।”

यादव ने कहा, “ऐसा कहकर, भारत एक जिम्मेदार वैश्विक शक्ति के रूप में महसूस करता है कि केवल सामूहिक वैश्विक कार्रवाई ही जलवायु परिवर्तन और इसकी चुनौतियों का मुकाबला कर सकती है।”

उन्होंने कहा कि यह बताते हुए कि भारत पारिस्थितिकी, आर्थिक विकास और स्थिरता के बीच संतुलन साधते हुए ‘नेट ज़ीरो’ की दिशा में क्रमिक रूप से बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि निजी क्षेत्र ‘नेट जीरो’ की यात्रा में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

मंत्री ने कहा, “मैं बॉम्बे चैंबर से अपील करता हूं कि आपके कार्य, संसाधन, नवाचार करने की क्षमता और अधिक पहुंच क्षेत्र बुनियादी ढांचे, मूल्य श्रृंखलाओं और उनके द्वारा प्रदान किए जाने वाले उत्पादों और सेवाओं के तेजी से विकार्बनन (डीकार्बोनाइज) के लिए महत्वपूर्ण हैं।”

अपने डिजिटल संबोधन में उन्होंने कहा, “निजी क्षेत्र पहले से ही इस जलवायु लड़ाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है, 64 भारतीय कंपनियों ने पिछले साल ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन को कम करने का संकल्प लिया था।”

निवेश के बारे में उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के मामले में अग्रणी कंपनियों के लिए उच्च पूंजी को स्थानांतरित किए जाने की उम्मीद है, जो पीछे छूट रही कंपनियों के लिए भारी वित्तपोषण के साथ हैं।

यादव ने कहा, “भारतीय सीमेंट उद्योग पहले ही दुनिया भर में सबसे ज्यादा निम्न कार्बन के लक्ष्य में से एक हासिल कर चुका है। हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि टिकाऊ जीवन शैली और जलवायु न्याय इस यात्रा के मूल में हों।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

क्रिकेट3 मैच में 6-7 और 9 रन?, आरआर से सीएसके में लौटे सैमसन का बल्ला नहीं चला, कोच स्टीफन फ्लेमिंग ने कहा- माहौल में ढल रहे और जल्द रन बरसाएंगे?

क्राइम अलर्टइंस्टाग्राम पर दोस्ती, 25 साल की महिला ने 16 वर्षीय लड़के को होटल बुलाया और सेक्स करने से कहा, मना किया तो आरोपी महिला ने बलात्कार किया?

भारतरामअवतार जग्गी हत्याः अमित जोगी को आजीवन कारावास की सजा

क्रिकेटचेन्नई सुपर किंग्सः 7500000 रुपये बनाम 28.4 करोड़?, सरफराज खान के सामने ढेर कार्तिक शर्मा-प्रशांत वीर, 3 मैच के बाद देखिए आंकड़े?

भारतबीजेपी 47वां स्थापना दिवस समारोहः करोड़ों कार्यकर्ता को बधाई, हम पार्टी को अपनी मां मानते हैं?, पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा-भावुक पोस्ट, वीडियो

भारत अधिक खबरें

भारतBaramati Bypoll 2026: कौन हैं आकाश मोरे? बारामती उपचुनाव में महाराष्ट्र की उप मुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार से टक्कर?

भारतअसम की जनता ने इस बार दो काम पक्के किए?, पीएम मोदी बोले- एनडीए की हैट्रिक और कांग्रेस के शाही परिवार के नामदार की हार की सेंचुरी का रिकॉर्ड?

भारतपाकिस्तानी सोशल मीडिया की झूठी जानकारी का इस्तेमाल कर पत्नी पर आरोप, सीएम सरमा ने कहा-फर्जी डॉक्यूमेंट्स के साथ जनता के सामने बात?

भारतमुंबई में IIMCAA कनेक्शन्स मीट, फिल्म निर्माता मनोज मौर्य की सिल्वर जुबली सम्मान से सम्मानित

भारतकौन थे डॉ. मणि छेत्री?, 106 वर्ष की आयु में निधन