लाइव न्यूज़ :

कोरोना वायरस: महिला अधिकार समूहों ने मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को छोड़ने की मांग की

By भाषा | Updated: April 15, 2020 05:05 IST

ऑल इंडिया डेमोक्रेटिक विमन्स एसोसिएशन, नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन वुमन और ऑल इंडिया प्रोग्रेसिव विमन एसोसिएशन (एप्वा) की ओर से मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को छोड़ने की मांग की गई है।

Open in App
ठळक मुद्देसरकार से मांग की गई है कि वह असहमति रखने वाले लोगों को निशाना बनाना बंद करे। एप्वा की सचिव कविता कृष्णन ने कहा कि उन्होंने मांग की है कि कोरोना वायरस के प्रकोप के मद्देनजर सभी मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को तत्काल छोड़ा जाए।

नयी दिल्ली: कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए महिला अधिकार समूहों ने मांग की है कि संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले लोगों, मानवाधिकार कार्यकर्ताओं और पत्रकारों को जेल से रिहा किया जाए और तत्काल उनके खिलाफ मुकदमे बंद किए जाएं।

ऑल इंडिया डेमोक्रेटिक विमन्स एसोसिएशन, नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन वुमन और ऑल इंडिया प्रोग्रेसिव विमन एसोसिएशन (एप्वा) की ओर से हस्ताक्षरित एक बयान आया है जिसमें सरकार से मांग की गई है कि वह असहमति रखने वाले लोगों को निशाना बनाना बंद करे।

महिला अधिकार कार्यकर्ता और एप्वा की सचिव कविता कृष्णन ने कहा कि उन्होंने मांग की है कि कोरोना वायरस के प्रकोप के मद्देनजर सभी मानवाधिकार कार्यकर्ताओं, सीएए के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले लोगों और पत्रकारों को तत्काल छोड़ा जाए।  

टॅग्स :कोरोना वायरसइंडिया
Open in App

संबंधित खबरें

भारतपाकिस्तान के रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ के कोलकाता पर हमले की धमकी वाले बयान पर सोशल मीडिया पर 'धुरंधर' अंदाज़ में आई प्रतिक्रिया

भारतWest Asia Conflict: युद्धग्रस्त ईरान में फंसे 345 भारतीय, आर्मेनिया के रास्ते वतन लौटे; भारत की कूटनीतिक जीत

भारतPAN Card Update: घर बैठे सुधारें पैन कार्ड में मोबाइल नंबर या नाम, बस 5 मिनट में होगा पूरा काम; देखें प्रोसेस

भारतदेश के लिए समर्पित ‘एक भारतीय आत्मा’

विश्वअबू धाबी में रोकी गई ईरानी मिसाइलों के मलबे की चपेट में आने से घायल 12 लोगों में 5 भारतीय शामिल

भारत अधिक खबरें

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं

भारतLadki Bahin Yojana Row: महाराष्ट्र में 71 लाख महिलाएं अयोग्य घोषित, विपक्ष ने किया दावा, सरकार की जवाबदेही पर उठाए सवाल

भारतयूपी बोर्ड ने 2026-27 के लिए कक्षा 9 से 12 तक NCERT और अधिकृत पुस्तकें अनिवार्य कीं

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह