सीएम योगी संघ के साथ मिलकर सरकार के कामकाज का फीडबैक लेने में जुटे, क्षेत्रीय स्तर की बैठकों में भाजपा की चुनौतियों और उनके निदान का हो रहा मंथन

By राजेंद्र कुमार | Updated: March 8, 2026 16:35 IST2026-03-08T16:35:19+5:302026-03-08T16:35:30+5:30

मुख्यमंत्री योगी ने यह कवायद आगामी चुनावों में विपक्ष की तरफ से खड़ी की जाने वाली मुश्किलों को दूर करने के लिए शुरू की है. इसके लिए बीते नौ वर्षों में पहली बार मुख्यमंत्री योगी क्षेत्रीय स्तर की समन्वय बैठकों में संघ और पार्टी पदाधिकारियों के साथ शामिल हो रहे हैं. 

CM Yogi, along with the Sangh, is engaged in gathering feedback on the government's performance. Regional-level meetings are discussing the BJP's challenges and their solutions | सीएम योगी संघ के साथ मिलकर सरकार के कामकाज का फीडबैक लेने में जुटे, क्षेत्रीय स्तर की बैठकों में भाजपा की चुनौतियों और उनके निदान का हो रहा मंथन

सीएम योगी संघ के साथ मिलकर सरकार के कामकाज का फीडबैक लेने में जुटे, क्षेत्रीय स्तर की बैठकों में भाजपा की चुनौतियों और उनके निदान का हो रहा मंथन

लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव में 'सत्ता की हैट्रिक' लगाने के लिए पार्टी संगठन और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (संघ) के साथ मिलकर सरकार के कामकाज का फीडबैक लेने में जुट गए हैं. मुख्यमंत्री योगी ने यह कवायद आगामी चुनावों में विपक्ष की तरफ से खड़ी की जाने वाली मुश्किलों को दूर करने के लिए शुरू की है. इसके लिए बीते नौ वर्षों में पहली बार मुख्यमंत्री योगी क्षेत्रीय स्तर की समन्वय बैठकों में संघ और पार्टी पदाधिकारियों के साथ शामिल हो रहे हैं. 

इस बैठकों में सरकार और पार्टी के प्रति जनता की नाराजगी और सरकार के कामकाज की टोह ली जा रही है. इसके साथ ही पार्टी कार्यकर्ताओं की मुश्किलों का भी फीडबैक लिया जा रहा है. बताया जा रहा है कि इन सभी मुद्दों की जानकारी जुटाकर आगामी विधानसभा चुनाव की योजना तैयार की जाएगी. ताकि राज्य में बीते लोकसभा चुनाव जैसा झटका आगामी विधानसभा के चुनाव में झेलना न पड़े. 

बैठकों में इस मुद्दों पर हो रही चर्चा : 

पार्टी के सीनियर नेताओं के अनुसार, बीते लोकसभा के चुनावों के नतीजों का सबक लेते हुए ही मुख्यमंत्री योगी ने होली के बाद से विधानसभा चुनावों को लेकर अपनी तैयारी शुरू की है. बताया जा रहा है कि इसके बारे में मुख्यमंत्री योगी ने सर संघचालक मोहन भागवत से भी चर्चा की थी.इसी के बाद पार्टी और संघ के पदाधिकारियों के साथ क्षेत्रीय स्तर पर बैठकों के आयोजन का कार्यक्रम बना. इस बैठकों में मुख्यमंत्री योगी ने खुद शामिल होने का फैसला किया, जबकि पहले ऐसे बैठकों में पार्टी और संघ के क्षेत्रीय पदाधिकारी ही शामिल होते थे. 

भाजपा ने संगठन को मजबूत करने के लिए प्रदेश को छह क्षेत्रों अवध, काशी, गोरखपुर, कानपुर, ब्रज और पश्चिम में बांटा हुआ है. ब्रज क्षेत्र की समन्वय बैठक आगरा में शुक्रवार को हुई. इस बैठक में पार्टी के कमजोर और मजबूत पक्ष दोनों पर खुलकर पार्टी और संघ के पदाधिकारियों के विचार जाने गए. यूजीसी के नए नियमों पर सवर्ण, दलित और ओबीसी समाज के रुख को लेकर चर्चा हुई. पार्टी में कई मुद्दों पर जातिगत मतभेदों के सामने आने और सूबे में चल रहे एसआईआर को लेकर जनता का रुख क्या है, इस पर पार्टी तथा संघ के पदाधिकारियों की राय को खुद मुख्यमंत्री ने नोट किया. 

इसके अलावा संघ के साथ घर-घर तक पहुंच कर सभी वर्गों को अपने साथ लेने की रणनीति पर भी इस बैठक में चर्चा ही गई. बैठक में मौजूद भाजपा के सीनियर पदाधिकारियों के अनुसार, बैठक में सरकार के मंत्रियों, विधायकों तथा सांसदों के कामकाज की बारे में फीडबैक लेने के साथ ही पार्टी के कार्यकर्ताओं तथा आमजन की शिकायतों को न सुने जाने के बारे में भी चर्चा की गई. तय हुआ पार्टी कार्यकर्ताओं और जनता की शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर ध्यान दिया जाए. ताकि पार्टी के भीतर  किसी तरह असंतोष न पनपने और जनता भी नाराज न हो. 

योगी की पाती का घर-घर किया जाएगा प्रचार
 
इस बैठक में संघ के साथ मिलकर पार्टी के पक्ष में सामाजिक समीकरणों (जातिगत संतुलन) को साधने और बूथ स्तर पर पार्टी को और अधिक सक्रिय करने में जुटने का फैसला किया गया हैं. इसके साथ ही प्रदेश की डबल इंजन सरकार की उपलब्धियों खास कर 'दंगा मुक्त प्रदेश' बनाने और बुनियादी ढांचे के विकास को प्रमुखता से प्रचारित करने का फैसला भी किया गया. इसके साथ ही मुख्यमंत्री योगी द्वारा लिखी जा रही 'योगी की पाती' का प्रचार भी जनता के बीच करने किया जाए, यह भी तय हुआ. मुख्यमंत्री योगी जनता से सीधा संवाद बनाने के लिए पत्र लिख रहे हैं, इन पत्रों को अखबारों में 'योगी की पाती' के नाम से प्रकाशित किया जा रहा है. 

बीते 120 दिनों में 16 से अधिक पत्र लिखकर सीएम योगी ने कानून-व्यवस्था, प्रदेश के विकास और जनहित के मुद्दों को सीधे लोगों तक पहुँचाया है, जो अगले विधानसभा चुनावों के लिए एक बड़ा संदेश है. इस संदेश को अब संघ और भाजपा के पदाधिकारी घर-घर पहुंचाएंगे. यह सब करते हुए आगामी विधानसभा चुनावों में संभावित प्रत्याशियों और दावेदारों का फीडबैक भी लिया जाएगा. ताकि यह पता किया जा सके किस सीट पर कौन मजबूत प्रत्याशी हो सकता है. 

Web Title: CM Yogi, along with the Sangh, is engaged in gathering feedback on the government's performance. Regional-level meetings are discussing the BJP's challenges and their solutions

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