लाइव न्यूज़ :

बिहार: गोपालगंज में जहरीली शराब से मौत पर अदालत के फैसले के बाद सीएम नीतीश कुमार ने कही ये बात

By एस पी सिन्हा | Updated: March 6, 2021 19:21 IST

गोपालगंज के चर्चित खजूरबानी जहरीली शराबकांड मामले में कोर्ट के फैसले के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमारा की प्रतिक्रिया आई है. उन्होंने कहा कि ये फैसला गलत करने वाले लोगों के लिए सबक है.

Open in App
ठळक मुद्देगोपालगंज जिले के खजूरबानी में जहरीली शराब पीने से 19 लोगों की मौत पर कोर्ट ने सुनाया है फैसलामामले में 9 लोगों को फांसी की सजा पर सीएम नीतीश कुमार ने कहा- ये गड़बड़ी करने वालों के लिए सबकखजूरबानी जहरीली शराबकांड की सुनवाई करीब साढे चार वर्षों तक चली, इसके बाद आया है फैसला

पटना: बिहार के गोपालगंज जिले के खजूरबानी में जहरीली शराब पीने से 19 लोगों की मौत मामले में 9 लोगों को फांसी की सजा पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यह गड़बड़ करने वालों के लिए एक सबक होगा. 

राजधानी पटना स्थित टीपीएस कॉलेज के कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शराबबंदी कानून को लेकर पुलिस और उत्पाद विभाग के आला अधिकारी प्रतिदिन इसकी मॉनिटरिंग कर रहे हैं.

नीतीश कुमार ने कहा कि जो भी गड़बड़ करता है उस पर कार्रवाई होती है. नीतीश कुमार के अनुसार, 'शराबबंदी का असर आदमी में देखा जा रहा है. महिलाएं आज सरकार के इस कदम की तारीफ कर रही हैं. इसके बावजूद देखा जा रहा है कि शराब में जहर मिलाकर बेचा जा रहा है. इसमें लोग मरे हैं. हम आरंभ से ही कह रहे हैं कि शराब खतरनाक है. इसके लिए किसी पर विश्वास करने की जरूरत नहीं है.' 

उन्होंने कहा कि बिहार के युवा और युवती और महिलाओं की मांग पर ही शराबबंदी की गई है. बकौल नीतीश कुमार, 'जहरीले शराब से कितने लोगों को मौत मिली है. इसमें सभी को सजा हुई. पहले जिस घर में लोग शराब पीते थे उस घर में कितने महिलाओं और बच्चों के साथ परेशानी होती थी. काफी लोग शिकायत भी करते थे.'

बता दें कि गोपालगंज जिले के चर्चित खजूरबानी जहरीली शराबकांड में शुक्रवार को 13 में से नौ दोषियों को फांसी और चार महिलाओं को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी. एडीजे-2 सह स्पेशल जज (उत्पाद) लवकुश कुमार की कोर्ट ने चारों महिलाओं को आजीवन कारावास के साथ दस-दस लाख रुपये के अर्थदंड की भी सजा सुनाई थी. 

इस मामले में करीब साढे चार वर्षों तक चले मुकदमे में अभियोजन पक्ष से सात और बचाव पक्ष की ओर से एक की गवाही हुई. 26 फरवरी को 14 में से 13 लोगों को दोषी ठहराया गया था. एक आरोपित ग्रहण पासी की पहले ही मौत हो चुकी है. 

जहरीली शराब कांड में बिहार में पहली बार किसी कोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई है. इसके पूर्व अलग-अलग जिलों में शराब की बरामदगी के मामले में आरोपितों को अधिकतम आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है.

टॅग्स :नीतीश कुमारबिहारशराब
Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टबिहार के मोतिहारी जिले में जहरीली शराब कांड में मरने वालों की संख्या हुई 10, कई लोगों की स्थिति अभी भी गंभीर

भारतबिहार में CM नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग को लेकर महिलाओं ने शुरू किया सत्याग्रह

क्राइम अलर्टबिहार की राजधानी पटना से सटे खगौल में अपराधियों ने खुद को कस्टम अधिकारी बताकर स्वर्ण व्यापारियों से लूटा 16 किग्रा सोना

भारतWATCH: बिहार के सारण जिले में जदयू के प्रखंड अध्यक्ष का एक लड़की के साथ अश्लील वीडियो वायरल, दोनों आपत्तिजनक अवस्था में थे खेत में एक लड़की नेता के पीछे भाग रही है

भारतबिहार में सत्ता हस्तांतरण को लेकर सियासी हलचल हुई तेज, 12 अप्रैल को नीतीश कुमार दे सकते हैं मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा, भाजपा में मुख्यमंत्री को लेकर जारी है मंथन 

भारत अधिक खबरें

भारतगोदामों से सीधे एलपीजी सिलेंडर की बिक्री पर सख्त प्रतिबंध, सीएम रेखा गुप्ता ने कहा-भंडारण केंद्रों पर न जाएं और न ही भीड़ में इकट्ठा हों

भारतउच्च शिक्षा और अनुसंधान की चुनौतियां

भारतआदिवासी खेल: नई प्रतिभाओं की तलाश में एक सार्थक पहल

भारतबारामती विधानसभा उपचुनावः सीएम फडणवीस की बात नहीं मानी?, कांग्रेस ने उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के खिलाफ आकाश मोरे को चुनाव मैदान में उतारा

भारतUP की महिला ने रचा इतिहास! 14 दिनों में साइकिल से एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बनीं