लाइव न्यूज़ :

आपराधिक मामलों में साक्ष्य की विशेषता प्रासंगिक है, मात्रा नहीं: उच्चतम न्यायालय

By भाषा | Updated: February 25, 2021 20:59 IST

Open in App

नयी दिल्ली, 25 फरवरी उच्चतम न्यायालय ने बृहस्पतिवार को कहा कि आपराधिक मामलों की सुनवाई के दौरान साक्ष्य की विशेषता प्रासंगिक है, मात्रा नहीं।

अदालत ने 30 वर्ष पुराने हत्या के मामले में आरोपी द्वारा दायर याचिका खारिज करते हुए यह टिप्पणी की।

न्यायमूर्ति आर एफ नरीमन, न्यायमूर्ति हेमंत गुप्ता और न्यायमूर्ति बीआर गवई की पीठ ने कहा कि केवल इसलिए कि अभियोजन के गवाह को अन्य आरोपी के संदर्भ में विश्वास नहीं है, उसकी गवाही की अवहेलना नहीं की जा सकती।

शीर्ष अदालत ने कहा कि गवाह के बयान के एक हिस्सा पर भी भरोसा किया जा सकता है जबकि बयान के कुछ हिस्सों पर अदालत को पूरी तरह विश्वास नहीं भी हो सकता है।

उन्होंने कहा कि भारत की अदालतों द्वारा ''एक बात में असत्य, हर बात में असत्य'' का नियम लागू नहीं किया जाता है।

पीठ ने कहा, '' अभियोजन के लिए यह जरूरी नहीं है कि वह घटना के सभी गवाहों की जांच कर सके। आपराधिक मामलों की सुनवाई के दौरान साक्ष्य की विशेषता प्रासंगिक है, मात्रा नहीं।''

उत्तर प्रदेश निवासी राम विजय सिंह ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय द्वारा उसे हत्या के मामले में दोषी ठहराए जाने को उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी थी।

Disclaimer: लोकमत हिन्दी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।

Open in App

संबंधित खबरें

क्राइम अलर्टTamil Nadu: 6 साल बाद मिला न्याय! पिता-पुत्र की हिरासत में मौत केस में 9 पुलिसकर्मियों को मृत्युदंड

विश्वVIDEO: पनामा नहर के पास ब्लास्ट, आसमान में दिखा धुएं का गुबार, कई घायल

कारोबारPetrol, Diesel Price Today: ईंधन की कीमतों ने बढ़ाई टेंशन! क्या भारत में महंगा हो गया पेट्रोल और डीजल? जानें

क्राइम अलर्टकोई इतना अमानवीय और क्रूर कैसे हो सकता है?

विश्व‘एलिमेंट्‌स’ को बचानेवाले फारसी विद्वान और यूक्लिड से प्रेरित शरलॉक 

भारत अधिक खबरें

भारतWest Bengal: विधानसभा चुनावों से पहले बंगाल की वोटर लिस्ट से करीब 90 लाख नाम हटाए गए

भारतAssam Opinion Poll 2026: बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए और भी बड़े बहुमत के साथ सत्ता में बना रहेगा, Matrize का अनुमान

भारतयूपी में सरकारी वकीलों की फीस 50% तक बढ़ाएगी सरकार, सरकारी खजाने पर बढ़ेगा 120 करोड़ रुपए का बोझ

भारत'मेरे पति 40 साल के हैं, मैं 19 की': मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में महिला ने अपने प्रेमी के साथ रहने का अधिकार जीता

भारत'IIT बाबा' अभय सिंह ने कर्नाटक की इंजीनियर से शादी की, पत्नी के साथ हरियाणा में अपने पैतृक गांव पहुंचे